नयी दिल्ली। किसी भी कमर्शियल बैंक में वित्तीय दिक्कतें आने पर आरबीआई उस पर प्रतिबंध लगा देता है। ऐसा ही हुआ है लक्ष्मी विलास बैंक के साथ, जिस पर केंद्रीय बैंक की तरफ से कई प्रतिबंध लगाए गए हैं। अब इस बैंक को डीबीएस बैंक इंडिया के साथ विलय करने की तैयारी है। इस समय लक्ष्मी विलास बैंक (एलवीबी) के खाताधारकों के लिए अधिकतम 25 हजार रु निकालने की लिमिट तय कर दी गई है। खाताधारकों के साथ एलवीबी के शेयरधारकों के लिए भी बुरी खबर है। विलय योजना के अनुसार इसकी टोटल पेड-अप शेयर कैपिटल को पूरी तरह खत्म (Write Off) कर दिया जाएगा। इससे विलय के बाद शेयरधारकों को कुछ भी नहीं मिलेगा। इस बात का खुलासा आरबीआई की वेबसाइट पर प्रकाशित ड्राफ्ट स्कीम से हुआ है। आम तौर पर किसी भी विलय योजना में शेयरधारकों के लिए नये शेयरों का अनुपात तय होता है।
क्या है पूरा मामला
एलवीबी की हालत पिछले 3 सालों में काफी खराब हुई है। इस दौरान बैंक को लगातार घाटा हुआ है और ये अपने दम पर कोई भी रिवाइवल प्लान पेश करने में नाकामयाब रहा है। इसी को देखते हुए आरबीआई ने एलवीबी पर 1 महीने के लिए प्रतिबंध का ऐलान किया है। इसके बाद आरबीआई की तरफ से 2 और अधिसूचना जारी की गईं। इनमें पहली है बैंक के बोर्ड को बर्खास्त करना और दूसरी है डीबीएस बैंक के साथ विलय की। बैंक मैनेजमेंट ने रिजर्व बैंक को संकेत दिए था कि ये कुछ निवेशकों के साथ बातचीत कर रहा है। हालांकि यह रिज़र्व बैंक को कोई ठोस प्रस्ताव देने में विफल रहा।
जमाकर्ता हो जाएंगे सेफ
डीबीएस के साथ विलय से बैंक के जमाकर्ताओं की सुरक्षा होगी, लेकिन इक्विटी निवेशकों का भाग्य अधर में लटक जाएगा। साल भर में बैंक का कारोबार सिकुड़ गया है। सितंबर 2020 के अंत में बैंक का कुल कारोबार 37,595 करोड़ रुपये था, जबकि पिछले साल सितंबर के अंत में 47,115 करोड़ रुपये था। 30 सितंबर, 2020 को समाप्त तिमाही के लिए टैक्स के बाद शुद्ध घाटा 396.99 करोड़ रुपये रहा, जबकि एक साल पहले की इसी तिमाही में इसे 357.18 करोड़ रुपये का शुद्ध घाटा हुआ था। यानी बैंक का कारोबार घटा है और घाटा बढ़ा है।
पहले भी हुई विलय की कोशिश
पिछले साल भी एलवीबी ने इंडियाबुल्स के साथ विलय के लिए प्रयास किया था, मगर आरबीआई की अनुमति नहीं मिली थी। इसके अलावा बैंक ने एक अन्य एनबीएफसी के साथ अनौपचारिक बातचीत भी की थी, मगर वो भी कामयाब नहीं रही। क्लिक्स ग्रुप के मामले में दोनों तरफ से बड़े पैमाने पर काम किया गया। लेकिन दोनों ही पार्टियां विलय को आगे नहीं बढ़ा सकीं। एक तरफ से इसके विलय पर अनिश्चितता जारी थी तो दूसरी तरफ बैंक की वित्तीय स्थिति बिगड़ रही थी। दूसरी तिमाही में इसकी सकल एनपीए 24.45 प्रतिशत पर पहुंच गईं, जबकि इसका शुद्ध एनपीए अनुपात 7.01 प्रतिशत था।
More From GoodReturns

Gold Rate Today: 6 मार्च को सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी! जानिए 24K, 22K और 18K गोल्ड रेट

Silver Price Today: शनिवार को बाजार में हड़कंप! फिर चांदी के दाम धड़ाम, जानें 1 किलो चांदी का रेट क्या है?

PNB का बड़ा फैसला! 13 डेबिट कार्ड से ATM कैश निकासी सीमा आधी, जानें किन कार्डधारकों पर पड़ेगा असर

Ladli Behna Yojana 34th Installment: 1500 या 3000 रुपये? जानें कब आएगी 34वीं किस्त और ऐसे करें स्टेटस चेक

Gold Rate Today: सराफा बाजार में सोने के दामों में लगातार कमी, जानें आज कितना सस्ता हुआ 22K और 24K गोल्ड

CM Kisan Samman Yojana: राजस्थान किसानों के लिए अपडेट! कब आएगी 6वीं किस्त, ऐसे चेक करें पेमेंट स्टेटस

Silver Price Today: 6 मार्च को भी चांदी में उतार-चढ़ाव! 30,100 रुपये टूटा भाव, जानिए प्रति किलो चांदी का रेट

Gold Rate Today: होली पर सस्ता हुआ सोना-चांदी का भाव, जानिए 24K, 22K और 18K गोल्ड रेट

Gold Rate Today: 10 मार्च को कई दिनों बाद सोने की कीमतों में फिर आई तेजी, जानिए 24k, 22k 18k गोल्ड रेट

Gold Price Today: मिडिल ईस्ट जंग के बीच सोने की कीमतों में बड़ी गिरावट! जानिए 24k, 22k, 18k गोल्ड रेट

PM Kisan Yojana: किसानों के लिए सुनहरा मौका! PM Kisan योजना से पाएं 3000 रुपए महीना, ऐसे भरें फॉर्म



Click it and Unblock the Notifications