नई दिल्ली, अगस्त 29। रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी ने आज घोषणा की कि जियो प्लेटफॉर्म्स मेड-इन-इंडिया 5जी नेटवर्क मुहैया कराने के लिए यूएस स्थित मोबाइल कम्युनिकेशंस फर्म क्वालकॉम के साथ साझेदारी करेगा। अन्य तकनीकी दिग्गज जिनके साथ जियो ने हाथ मिलाया है, उनमें मेटा (फेसबुक), गूगल, माइक्रोसॉफ्ट, एरिक्सन, नोकिया, सैमसंग, इंटेल और सिस्को शामिल हैं। अंबानी ने ये ऐलान मेटावर्स में आयोजित हो रहे रिलायंस समूह की 45वीं वार्षिक आम बैठक में किया।
अल्ट्रा-किफायती 5G फोन
अंबानी ने कहा कि जियो ने अल्ट्रा-किफायती 5जी सॉल्यूशन डेवलप करने के लिए मेटा के साथ मिलकर काम किया है, वहीं गूगल के साथ इसका सहयोग किफायती 5जी स्मार्टफोन विकसित करने और उपभोक्ता लाभ के लिए गूगल क्लाउड का उपयोग करने पर केंद्रित है। आरआईएल चेयरमैन ने एजीएम के दौरान यह भी कहा कि जियो 5जी नेटवर्क इस साल दिवाली तक भारत के कई प्रमुख शहरों में लॉन्च किया जाएगा।
2 लाख करोड़ रुपये का निवेश
अंबानी ने कहा कि ऑल इंडिया भारतीय 5जी नेटवर्क के लिए हमने 2 लाख करोड़ रुपये के निवेश की प्रतिबद्धता जताई है। जियो ने दुनिया का सबसे तेज 5जी रोलआउट प्लान तैयार किया है। दिवाली तक, हम कई प्रमुख शहरों में जियो 5जी लॉन्च करेंगे। दिसंबर 2023 तक हम भारत के हर शहर में 5जी डिलीवर करेंगे। 5जी को दिल्ली, मुंबई, चेन्नई और कोलकाता जैसे शहरों में रोल आउट किया जाएगा।
क्लाउड-स्केल डेटा केंद्र
जियो ने अपने एज्योर इकोसिस्टम और क्लाउड-इनेबल्ड बिजनेस ऐप्लिकेशनों और सॉल्यूशनों के ईकोसिस्टम के लिए माइक्रोसॉफ्ट के साथ हाथ मिलाया है, जबकि उसने क्लाउड-स्केल डेटा केंद्रों और 5जी एज स्थानों के लिए इंटेल के साथ मिलकर काम किया है। जियो के साथ सहयोग पर टिप्पणी करते हुए, क्वालकॉम के सीईओ क्रिस्टियन अमोन ने कहा कि जैसा कि भारत स्वतंत्रता के 75 साल मना रहा है, रिलायंस जियो के साथ, हम डिजिटल इंफ्रा को विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं जो नागरिकों और व्यवसायों की सफलता को सक्षम बनाता है।
रिलायंस जियो के नए टेक्नोनॉजी क्षेत्र
रिलायंस जियो नई टेक्नोनॉजी क्षेत्र में अपनी ऑफरिंग्स को बिल्ड करने और मजबूत करने के लिए काम कर रही है। फरवरी में, रिलायंस जियो ने यूएस-आधारित डीप टेक स्टार्ट-अप टू प्लेटफॉर्म्स में अपने निवेश के साथ मेटावर्स टेक्नोलॉजीज में अपनी शुरुआत की घोषणा की थी। उस स्टार्टअप में कंपनी ने 15 मिलियन डॉलर में 25 प्रतिशत हिस्सेदारी हासिल की। इस कदम से जियो को नई तकनीकों के एडॉप्शन और एआई, मेटावर्स और मिक्स्ड रियलिटीज के आसपास सॉल्यूशन बनाने में मदद मिलेगी।


Click it and Unblock the Notifications