नयी दिल्ली। भारत में महंगी लकड़ी की बात आते ही चंदन का जिक्र होता है। मगर चंदन दुनिया की सबसे महंगी लकड़ी नहीं है। दुनिया की सबसे महंगी लकड़ी की कीमत सोने से भी अधिक है। जो चीजें जितनी मुश्किल से मिलती हैं उनकी कीमत भी उतनी ही अधिक होती है। कुछ ऐसा ही दुनिया की सबसे महंगी लकड़ी के मामले में भी है। यहां हम जानेंगे इस खास लकड़ी के बारे में। साथ ही हम आपको बताएंगे कि आखिर ये लकड़ी इतनी महंगी क्यों हैं।
ये है दुनिया की सबसे महंगी लकड़ी
दुनिया की सबसे महंगी लकड़ी का नाम है अफ्रीकी ब्लैकवुड। ये लकड़ी और इसका पेड़ आपको भारत में देखने को नहीं मिलेगा। आपको बता दें कि अफ्रीकी ब्लैकवुड दुनिया की सबसे महंगी लकड़ी तो है ही। साथ में ये पृथ्वी पर मौजूद सबसे महंगी चीजों में से भी एक है। इसी विशेषता से आप अंदाजा लगा सकते हैं कि अफ्रीकी ब्लैकवुड की कीमत कितनी होगी।
छोटा होता है पेड़
अफ्रीकी ब्लैकवुड का पेड़ बहुत बड़ा नही होता। ये 4 से 15 मीटर तक की लंबाई का होता है। भूरे रंग की छाल वाले ये पेड़ अफ्रीका में मिलता है। अफ्रीकी ब्लैकवुड के नाम में ही अफ्रीका है, इसलिए इसका ये नाम पड़ा है। अफ्रीका में सेनेगल पूर्व से इरिट्रिया तक अफ्रीका के सूखे क्षेत्रों में अफ्रीकी ब्लैकवुड मिलता है। बता दें कि ये बहुत दुर्लभ पेड़ है, जो इसकी भारी कीमत की वजह है।
7 लाख रु से अधिक है एक किलो का दाम
अफ्रीकी ब्लैकवुड के रेट की बात करें तो ये सोने से कई गुना महंगी है। इसके एक किलो की कीमत 8,000 पाउंड प्रति किलो है, जो करीब 7 लाख रु से अधिक होते हैं। भारत में इतने रु में खूब सारा सोना या कोई अन्य कीमती चीज, जैसे कि कार, खरीदी जा सकती है। इस समय सोने का रेट प्रति 10 ग्राम 47860 रु के करीब है। इस लिहाज से सोना 4,78,600 रु किलो हुआ। बात करें अफ्रीकी ब्लैकवुड के दुर्लभ होने की तो इसके पेड़ को 60 साल लंबा समय लगता है। यही वजह है इसके दुर्लभ होने की। दूसरी चीज कि तस्कर इसके पेड़ों को नहीं छोड़ते। इसीलिए ये पेड़ अब मिलना मुश्किल होता जा रहा है।
किन देशों में है अधिक तस्करी
जिन देशों में अफ्रीकी ब्लैकवुड की सबसे अधिक तस्करी होती है, उनमें केन्या और तंजानिया शामिल हैं। गौरतलब है कि इस लकड़ी को कुछ खास चीजों को बनाने में उपयोग में लाया जाता है। फर्नीचर के अलावा इससे शहनाई और बांसुरी सहित गिटार बनाये जाते हैं। अफ्रीका में आम आदमी इस लकड़ी का फर्नीचर नहीं खरीद सकता। इसकी वजह अधिक दाम ही है।
और भी हैं अफ्रीकी ब्लैकवुड के नाम
अफ्रीकी ब्लैकवुड को और भी कई नामों से जाना जाता है। इनमें बाबानूस और ग्रिनाडिला जैसे नाम शामिल हैं। अफ्रीकी ब्लैकवुड को बचाने के लिए कई संगठन कोशिश कर रहे हैं। केन्या में तो इस पेड़ पर गंभीर खतरा आ गया है। वहीं तंजानिया और मोजाम्बिक में ध्यान देना बहुत जरूरी हो गया है।
More From GoodReturns

अदाणी एंटरप्राइजेज ने एयरलाइन लॉन्च की अटकलों को किया खारिज, कहा- रिपोर्ट्स निराधार

भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें

Gandhar Oil Refinery के शेयर में लगा अपर सर्किट! मुनाफा और रेवेन्यू ने किया कमाल, अब क्या होगा?

GST QRMP स्कीम: PMT-06 पेमेंट में 35% चालान चुनें या सेल्फ-असेसमेंट? ब्याज से बचने का पूरा गणित

ITR फाइलिंग की डेडलाइन: 31 जुलाई से पहले निपटा लें ये जरूरी काम, वरना होगा नुकसान

चेन्नई रेल अपडेट: आज रात कई ट्रेनें रद्द, सफर से पहले चेक करें अपना रूट और टाइमिंग

आज खुले 3 बड़े IPO: Indo-MIM, Xtranet और Lohia Corp में निवेश का मौका, जानें क्या है सही रणनीति

Russia ने 6 महीने में बेच दिया 44 टन सोना! रूस क्यों घटा रहा है अपना Gold Reserve?

मुंबई बारिश अलर्ट: बैंकिंग ठप होने पर पैसे की किल्लत से कैसे बचें? जानें स्मार्ट तरीके

LIC AGM 2026: डिविडेंड और बोनस पर बड़ा फैसला, निवेशकों के लिए क्या है खास?

Donald Trump की रणनीति से क्यों डरा Share Market? पढ़िए Sharad Kohli का Analysis



Click it and Unblock the Notifications