अब खिलौने भी बेचेगी Reliance, खरीदी China की कंपनी

नई दिल्ली। रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (reliance industries) ग्रुप की कंपनी रिलायंस ब्रांड्स (Reliance Brands) ने ब्रिटेन के खिलौना ब्रांड (Toy Brands) हैमलेज ग्लोबल होल्डिंग्स लिमिटेड (Global Toy Retailer Hamleys) का करीब 620 करोड़ रुपये (6.79 करोड़ पाउंड) में अधिग्रहण करने के लिए एक समझौता किया है। चाथी बार बिक रही यह कंपनी अब चीन की एक कंपनी के पास थी, जिससे इसे खरीदा जा रहा है। रिलायंस (ril) ने एक बयान में कहा है कि रिलायंस ब्रांड्स (Reliance Brands) और सी बैनर इंटरनेशनल होल्डिंग्स (C Banner International Holdings) ने एक स्थायी समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। इस समझौते के तहत रिलायंस ब्रांड्स (Reliance Brands) कंपनी हैमलेज ग्लोबल होल्डिंग्स लिमिटेड (Hamleys) की 100 प्रतिशत हिस्सेदारी का अधिग्रहण करेगी।

Reliance

हैमलेज (Hamleys) के 18 देशों में 167 स्टोर
हैमलेज ग्लोबल होल्डिंग्स लिमिटेड (Hamleys) की मालिकाना कंपनी हांगकांग में सूचीबद्ध सी बैनर इंटरनेशनल होल्डिंग्स है। इसके 18 देशों में 167 स्टोर हैं। भारत में रिलायंस कंपनी हैमलेज (Hamleys) की मास्टर फ्रेंचाइज है और फिलहाल 29 शहरों में 88 स्टोरों में इस कंपनी के खिलौने बेचे जा रहे हैं। रिलायंस ब्रांड्स (Reliance Brands) के अध्यक्ष एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) दर्शन मेहता ने कहा कि ग्लोबल स्तर पर प्रसिद्ध हैमलेज ब्रांड (Hamleys) और उसके कारोबार के अधिग्रहण से रिलायंस दुनिया के खुदरा खिलौना व्यापार (Toy business) बड़ा नाम बन सकेगी।

ढाई सौ साल पहले ब्रिटेन में हुई थी हैमलेज (Hamleys) की शुरुआत

ढाई सौ साल पहले ब्रिटेन में हुई थी हैमलेज (Hamleys) की शुरुआत

मेहता के अनुसार पिछले कुछ साल के दौरान हमने भारत में हैमलेज ब्रांड (Hamleys) के तहत एक उल्लेखनीय और मुनाफे वाला खिलौने का खुदरा कारोबार (Toy business) चलाया है। उन्होंने कहा कि ढाई सौ साल पुरानी इस ब्रिटिश खिलौना रिटेलर (Hamleys) ने खुदरा की अवधारणा को आगे बढ़ाया था, जबकि उसके दशकों के बाद ही परंपरागत स्टोर या दुकानें लोकप्रिय हुईं।

चौथी बार बदला हैमलेज (Hamleys) का मालिकाना हक

चौथी बार बदला हैमलेज (Hamleys) का मालिकाना हक

इस बिक्री के समझौते के बाद चौथी बार हैमलेज (Hamleys) के मालिकाना हक बदल जाएगा। इससे पहले हैमलेज (Hamleys) चीन के सी डॉट बैनर इंटरनेशनल (C Banner International Holdings) के पास थी। उसने कंपनी को 2015 में 10 करोड़ पाउंड में खरीदा था। पिछले साल मीडिया में खबरें थी कि सी डॉट बैनर घाटे में चल रही हैमलेज (Hamleys) को बेचने पर विचार कर रही है।

जानिए हैमलेज (Hamleys) के बारे में रोचक जानकारी (know interesting information about Hamleys)

जानिए हैमलेज (Hamleys) के बारे में रोचक जानकारी (know interesting information about Hamleys)

-हैमलेज (Hamleys) की शुरुआत 1760 में लंदन से हुई थी। सऊदी अरब का शाही परिवार इसके प्रमुख ग्राहकों में शामिल है। ब्रेग्जिट की अनिश्चितताओं और यूके के कंज्यूमर कॉन्फिडेंस में गिरावट की वजह के हैमलेज (Hamleys) की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
-2017 में हैमलेज (Hamleys) को 1.2 करोड़ पाउंड का घाटा हुआ था। हालांकि दुनिया भर में 11 अरब डॉलर की टॉय इंडस्ट्री में अभी भी हैमलेज का दबदबा है। इसके 129 स्टोर हैं। ब्रिटेन के बाहर कंपनी का चीन, जर्मनी, रूस, भारत, दक्षिण अफ्रीका, मध्य-पूर्व और कुछ अन्य क्षेत्रों में कारोबार कर रही है।
-मार्केट रिसर्च फर्म आईएमएआरसी के मुताबिक 2018 में भारत में खिलौनों की इंडस्ट्री (Toy business) का वैल्यूएशन 1.5 अरब डॉलर था। 2011 से 2018 के बीच इसमें सालाना 15.9% (CAGR) ग्रोथ दर्ज की गई।
--बड़ी संख्या में युवा आबादी और मजबूत आर्थिक विकास को देखते हुए 2024 तक देश में खिलौनों का बाजार (Toy business) 3.3 अरब डॉलर तक पहुंचने की उम्मीद है। रिपोर्ट के मुताबिक भारत के टॉय मार्केट में फिलहाल फनस्कूल, लेगो, मेटेल और हेसब्रो प्रमुख ब्रांड हैं।

More From GoodReturns

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+