प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 24 फरवरी को उत्तर प्रदेश के गोरखपुर से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की शुरूआत की।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 24 फरवरी को उत्तर प्रदेश के गोरखपुर से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की शुरूआत की। इस योजना के तहत छोटे किसानों के बैंक अकाउंट में केंद्र सरकार सालाना 6 हजार रुपए की रकम ट्रांसफर करेगी। इस रकम को 3 किश्तों में ट्रांसफर किया जाएगा। योजना की पहली सभी पात्र किसानों के खाते में 31 मार्च 2019 तक आ जाएगी।

बता दें कि 31 मार्च तक केंद्र सरकार के पास सभी पात्र किसानों का डेटा पहुंच जाएगा। किसानों का डेटा मिलने के बाद दूसरी किश्त भी अप्रैल के पहले सप्ताह में ही ट्रांसफर करने की योजना सरकार ने बनाई है। एक बार पूरा डेटा मिलने के बाद आसानी से सभी किसानों के अकाउंट में ये रकम तुरंत ट्रांसफर की जा सकेगी। इस तरह छोटे किसानों को 4 हजार रुपए की मदद मिल जाएगी।
वहीं मॉनसून से पहले ये 4 हजार रुपए की मदद कई छोटे किसानों के लिए मददगार होगी। आमतौर पर किसानों को मॉनसून से पहले ज्यादा रकम की दरकार होती है। वो इस दौरान खाद, बीज और फसल बोने की तैयारी करते हैं।
1 करोड़ से ज्यादा किसानों को रकम ट्रांसफर
हालांकि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के तहत पहले दिन ही 1 करोड़ से ज्यादा किसानों को रकम ट्रांसफर कर दी गई। पश्चिम बंगाल और कुछ कांग्रेस शासित राज्य केंद्र सरकार को छोटे किसानों का डेटा नहीं दे रहे हैं। इस कारण इन राज्यों के किसानों को पीएम किसान योजना का लाभ मिलने में दिक्कत आ सकती है।
इस योजना के दायरे में भारत के कुल 12 करोड़ किसान आएंगे। बीजेपी शासित अधिकतर राज्यों ने अपने किसानों का डेटा भेज दिया है। योजना के तहत केंद्र सरकार पर सालाना 75 हजार करोड़ रुपए का खर्च आएगा। ये पूरा खर्च केंद्र सरकार वहन करेगी।
2 हेक्टेयर तक जमीन वाले किसानों को फायदा
स्कीम का फायदा उन किसानों को मिलेगा जिनके पास 2 हेक्टेयर तक जमीन है। इसका एलान अंतरिम बजट में किया गया था। इस स्कीम के तहत सरकारी कर्मचारी और इनकम टैक्स देने वाले पात्र नहीं होंगे। इसके लिए सरकार ने https://pmkisan.nic.in वेबसाइट भी लॉन्च की है। पीएम किसान योजना के लिए सरकारी पहचान पत्र, आधार कार्ड, बैंक अकाउंट और जमीन का जानकारी जरूरी है।
वहीं पीएम मोदी ने कहा कि ये तो अभी शुरुआत है। इस योजना के तहत हर साल करीब 75 हजार करोड़ रुपए किसानों के खातों में सीधा पहुंचने वाले हैं। देश के वो 12 करोड़ छोटे किसान, जिनके पास 5 एकड़ या उससे कम भूमि है, उन्हें इसका लाभ मिलेगा।
उन्होंने ये भी कहा कि आज का दिन इतिहास में दर्ज होने जा रहा है। लाल बहादुर शास्त्री जी ने जय जवान, जय किसान का नारा दिया था। उसी मंत्र को इतने साल बाद किसान के घर तक, किसान के खेत तक, किसान की जेब तक पहुंचाने का काम हो रहा है। आजादी के बाद किसानों से जुड़ी ये सबसे बड़ी योजना आज उत्तर प्रदेश की पवित्र धरती से मेरे देश के करोड़ों किसानों भाइयों के आशीर्वाद से शुरुआत हो रही है


Click it and Unblock the Notifications