यहां पर आपको बताएंगे कि घर खरीदने के आरबीआई के तहत कितना सस्ता लोन प्रदान किया जा रहा है।
भारतीय रिजर्व बैंक ने बुधवार को रेपो रेट और रिवर्स रेपो रेट में 0.25 फ़ीसदी की बढ़ोतरी करने की घोषणा की, इससे लोन की ईएमआई बढ़ जाएग। फिलहाल इसके साथ ही आरबीआई ने PSL के तहत लोन लेने की सीमा बढ़ा दी है जिससे अफोर्डेबल हाउसिंग सेगमेंट को बढ़ावा मिलेगा। सरकार ऐसे आवासीय भवनों के निर्माण के लिए खस्ताहाल चल रहे पीएसयू के पास अतिरिक्त पड़ी जमीन का इस्तेमाल कर सकती है।
दिवालिया कानून में हुआ बदलाव
एक अन्य घटनाक्रम के तहत राष्ट्रपति ने घर खरीदारों को फाइनेंशियल क्रेडिट कर्ज के तौर पर मान्यता देने से संबंधित अध्यादेश पर भी मुहर लगा दी है। इसके तहत अगर कोई रियल एस्टेट कंपनी दिवालिया होती है और उसकी संपत्ति नीलाम की जाती है तो नीलामी से मिलने वाली धनराशि का एक हिस्सा उन लोगों को भी मिलेगा जिन्होंने घर खरीदने के लिए कंपनी को बड़ी रकम दी थी।
इतनी बढ़ गई है लोन की सीमा
रिजर्व बैंक ने एक बयान में कहा है कि उसने PSL योग्यता वालों के लिए हाउसिंग लोन की सीमा 2800000 से बढ़ाकर 3500000 मेट्रो शहरों में और दूसरे शहरों में 2000000 से बढ़ाकर 2500000 रुपए करने का फैसला लिया है ऐसे में मेट्रोपॉलिटन सेंटर मैं आवासीय यूनिट की कुल लागत 4500000 और दूसरे सेंटर्स पर 3000000 से अधिक होनी चाहिए।
ट्वीट पर दी है जानकारी
वित्तीय मामलों के सचिव राजीव कुमार ने आरबीआई के इस बयान के बाद ट्वीट कर कहा है कि सभी के लिए घर खरीदने की दिशा में बड़ा कदम है पीएसएल के तहत होम लोन की सीमा 3500000 और दूसरे शहरों में 2500000 बढ़ने से बैंक में लोन सस्ते हो जाएंगे।
लोन में आता है कम खर्चा
आपको बता दें कि पीएसएल के तहत दिए जाने वाले लोन में सामान्य की तुलना में खर्च काफी कम आता है। RBI ने कहा है कि इस महीने के आखिरी में एक सर्कुलर जारी किया जाएगा एक आधिकारिक बयान के अनुसार राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने इंसॉल्वेंसी एंड बैंकरप्सी कोड अध्यादेश 2018 को मंजूरी दे दी है। बयान में कहा गया है कि यह अध्यादेश घर खरीदारों को बड़ी राहत देता है क्योंकि उनका दर्जा फाइनेंशियल क्रेडिट उसका हो जाएगा। अब घर खरीदारी की पूरी प्रक्रिया में खरीदार का रोल बढ़ जाएगा और वह इस प्रक्रिया का हिस्सा बन जाएंगे।


Click it and Unblock the Notifications