किसी व्यक्तिगत वकील और अधिवक्ताओं की फर्म में से किसी के भी द्वारा प्रदान की जाने वाली वैधानिक सेवाओं पर रिवर्स चार्ज व्यवस्था के तहत जीएसटी का भुगतान करना होगा।
सरकार ने शनिवार को स्पष्ट किया कि अधिवक्ताओं द्वारा प्रदान की जाने वाली कानूनी सेवा जिसमें वरिष्ठ अधिवक्ता और अधिवक्ताओं की कंपनियां भी शामिल हैं, उन्हें किसी अदालत में सुनवाई करने के लिए वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) नहीं देना होगा, लेकिन उनकी सेवाएं लेने वाली कंपनियों को जीएसटी चुकाना होगा। वित्त मंत्रालय द्वारा जारी बयान में कहा गया कि अधिवक्ताओं द्वारा प्रदान की जाने वाली कानूनी सेवाओं पर चाहे वह अग्रेषित प्रभार (फॉरवर्ड चार्ज) से जुड़ा हो या रिवर्स चार्ज से संबंधित हो। यह उल्लेख किया जाता है कि जीएसटी युग में कानूनी सेवाओं के कराधान में कोई बदलाव नहीं किया गया है।

मंत्रालय ने कहा कि आगे स्पष्ट किया जाता है कि कानूनी सेवा को इस तरह से परिभाषित किया गया है कि किसी भी तरह से दी जाने वाली सलाह, परामर्श या कानून की किसी भी शाखा में बतौर सहायता प्रदान की जाने वाली कोई भी सेवा इसके दायरे में आएगी और किसी भी अदालत, ट्रिब्यूनल या प्राधिकरण के समक्ष दी जाने वाली प्रतिनिधित्व सेवाएं भी इसमें शामिल हैं।
इसमें कहा गया कि कर योग्य क्षेत्र में स्थित किसी भी कारोबारी इकाई को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से किसी भी अदालत, न्यायाधिकरण या प्राधिकरण के समक्ष प्रतिनिधित्व सेवाओं के जरिए किसी भी वरिष्ठ अधिवक्ता सहित किसी व्यक्तिगत वकील द्वारा प्रदान की जाने वाली सेवाएं। इनमें इस तरह की सेवा के प्रावधान के लिए अनुबंध भी शामिल है जो किसी अन्य वकील या अधिवक्ताओं की फर्म के जरिए, या अधिवक्ताओं की फर्म द्वारा और किसी कारोबारी इकाई को कानूनी सेवाओं के जरिए किया गया है।
सरकार ने कहा कि वरिष्ठ अधिवक्ता सहित किसी व्यक्तिगत वकील और अधिवक्ताओं की फर्म में से किसी के भी द्वारा प्रदान की जाने वाली वैधानिक सेवाओं पर रिवर्स चार्ज व्यवस्था के तहत जीएसटी का भुगतान करना होगा, जो कारोबारी इकाई द्वारा देय होगा। इसके साथ ही यह भी स्पष्ट है कि प्रतिनिधित्व सेवाओं सहित अधिवक्ताओं द्वारा प्रदान की जाने वाली कानूनी सेवाओं पर रिवर्स चार्ज लगेगा।
More From GoodReturns

इंडिपेंडेंस डे स्पेशल FD: आज रात खत्म हो रहा है निवेश का मौका, पैसा लगाने से पहले जान लें ये जरूरी बातें

नया मल्टी-एसेट NFO: SIP या एकमुश्त, निवेश से पहले ये 5 बातें जरूर जानें

Sugar Stocks: चीनी की कीमतों में आग, इन 7 शेयरों में इंट्राडे ट्रेडिंग की दमदार रणनीति

EMI और क्रेडिट कार्ड बिल: सोमवार को बैंक अकाउंट में रखें बैलेंस, वरना कटेगा भारी जुर्माना

Tempsens Instruments IPO: आज से खुला निवेश का मौका, जानें प्राइस बैंड और लॉट साइज की पूरी डिटेल

Airtel का बड़ा झटका: अचानक बंद हुए कई लोकप्रिय प्रीपेड प्लान, रिचार्ज से पहले जानें ये जरूरी बात

जियो नेटफ्लिक्स बिलिंग में अचानक बदलाव! कहीं आपका प्लान तो नहीं हुआ डाउनग्रेड? चेक करें तुरंत

₹399 से कम में अनलिमिटेड 5G और OTT का तड़का, Jio, Airtel और Vi के बेस्ट प्लान्स की पूरी सच्चाई

भारत बनाम श्रीलंका मैच: लाइव स्ट्रीमिंग में बफरिंग? ₹22 से शुरू हैं ये बेस्ट डेटा प्लान्स

Kotak Diversified Equity All Cap NFO: आज बंद हो रहा है निवेश का मौका, क्या आपको दांव लगाना चाहिए?

PMFBY खरीफ 2026: आज है रजिस्ट्रेशन की डेडलाइन, बैंक बंद होने पर भी ऐसे करें आवेदन



Click it and Unblock the Notifications