उत्तर प्रदेश की योगी सरकार वाराणसी और बरेली में आईटी पार्क की स्थापना करेगी। वाराणसी में आईटी पार्क बनाने के लिए जिला प्रशासन को आवश्यक भूमि उपलब्ध कराए जाने के निर्देश दिए गए हैं।
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार वाराणसी और बरेली में आईटी पार्क की स्थापना करेगी। वाराणसी में आईटी पार्क बनाने के लिए जिला प्रशासन को आवश्यक भूमि उपलब्ध कराए जाने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं बरेली में आईटी पार्क के लिए जिला कारागार को स्थानांतरित किया जाएगा, जिसके लिए बुधवार को सूबे के मुख्य सचिव राजीव कुमार ने अधिकारियों को निर्देश दिए। मुख्य सचिव ने कहा कि वाराणसी और बरेली में आईटी पार्क्स की स्थापना हो जाने से दोनों जनपदों के लगभग 2,500 युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे। उन्होंने वाराणसी में आईटी पार्क की स्थापना को जल्द से जल्द आवश्यक भूमि उपलब्ध कराने के लिए जिला प्रशासन को निर्देश दिए कि प्रमुख स्थल का चयन प्राथमिकता के आधार पर किया जाए।
मुख्य सचिव ने बुलाई बैठक
मुख्य सचिव बुधवार को संबंधित विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों संग बैठक कर रहे थे। उन्होंने बरेली में कारागार अन्यत्र स्थानांतरित हो जाने की स्थिति में जिला कारागार की रिक्त हुई लगभग 84 एकड़ भूमि की उपयोगिता के संबंध में एक समग्र प्रस्ताव आगामी 17 जुलाई तक संबंधित विभाग को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस भूमि में से अधिकतम पांच एकड़ भूमि सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क की स्थापना हेतु आईटी एवं इलेक्ट्रानिक्स विभाग, उप्र शासन को आवंटित किए जाने के निर्देश दिए।
आईटी पार्क की स्थापना से होगा क्षेत्रीय विकास
राजीव ने कहा, "प्रदेश के टियर-2 व टियर-3 के नगरों में विकसित आईटी पार्क की स्थापना होने से क्षेत्रीय विकास के साथ-साथ नए उद्यमियों को व्यवसाय प्रारंभ करने के लिए पर्याप्त अवसर प्राप्त होंगे। युवाओं को रोजगार के नए अवसर प्राप्त होने के साथ-साथ क्षेत्र विकसित हो जाने से निर्यात और सकल घरेलू उत्पादन में भी वृद्धि होगी।"
बन रही है कार्य योजना
आईटी पार्क व सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क की स्थापना के लिए लगभग दो से पांच एकड़ तक भूमि राज्य सरकार की ओर से भारत सरकार के उपक्रम सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क्स ऑफ इंडिया (एसटीपीआई) को उपलब्ध कराई जाती है। इस पर एसटीपीआई द्वारा 20-25 करोड़ रुपये से न्यूनतम 15,000 वर्गमीटर क्षेत्र का निर्माण कर सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क की स्थापना की जाती है और उन्हें सॉफ्टवेयर कंपनियों/उद्यमियों को उपलब्ध कराया जाता है।
कई योजनाओं पर चल रहा है काम
लखनऊ में यूपीडीपीएल की 40 एकड़ भूमि आईटी एवं इलेक्ट्रानिक्स विभाग को उपलब्ध कराया जाना प्रस्तावित है, जिस पर विभाग द्वारा वर्तमान सरकार के लोक संकल्प पत्र में निहित, देश के सबसे बड़े इन्क्यूबेटर की स्थापना के साथ-साथ आईटी पार्क/सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क, स्टेट डाटा सेंटर-2 की स्थापना की परिकल्पना की गई है।


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