MP News: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने राज्य की जनता को आने वाले समय में एक बहुत बड़ी खुशबरी देने का संकेत दे दिया है। उन्होंने एक टीवी चैनल से बातचीत में कहा है कि जैसे ही केंद्र सरकार की ओर से हरी झंडी दिखाई जाती ही एमपी सरकार भी नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) प्रदेश में लागू कर देगी।
मोहन यादव ने यह कहकर प्रदेश के लाखों लोगों की भावनाओं को सिर-आंखों से लगाने की कोशिश की है। यह कानून केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार 2019 में ही संसद के दोनों सदनों से पारित करवा चुकी थी और राष्ट्रपति ने भी इसपर अपनी सहमति दे दी थी। लोकसभा चुनावों की तारीखों के ऐलान से ठीक पहले केंद्र ने इसके नियमों को लागू किया है।

सीएम मोहन यादव ने नागरिकों की भावनाएं जीत लीं
मोहन यादव ने जिस चैनल को इंटरव्यू दिया है, उसमें उन्होंने कहा है, 'केंद्र और मध्य प्रदेश सरकार की नीति समान है। हम 100 प्रतिशत तैयार हैं। केंद्र जैसे ही कहता है, सीएए लागू किया जाएगा।'

नागरिकता देने का कानून है सीएए
सीएए तीन मुस्लिम राष्ट्रों बांग्लादेश, पाकिस्तान और अफगानिस्तान से धर्म के आधार पर प्रताड़ित होकर शरणार्थी के रूप में भारत आए 6 धर्मों के लोगों को नागरिकता देने का कानून है। ये धर्म हैं- हिंदू, सिख, जैन, बौद्ध, पारसी और ईसाई। इसके लिए जरूरी है कि जो लोग 31 दिसंबर, 2014 से पहले धार्मिक कट्टरता से पीड़ित होकर भारत आ चुके हैं, उन्हें ही भारतीय नागरिकता मिलेगी।

एमपी सरकार के विचार में सकारात्कमता का संदेश
इस तरह मध्य प्रदेश सरकार ने साफ कर दिया है कि वह भी प्रदेश में रह रहे ऐसे किसी भी शरणार्थी को भारतीय नागरिकता देने के लिए तैयार है। संख्या में भले ही ऐसे शरणार्थी गिनती में हों, लेकिन इससे उन्हें जो हौसला मिलेगा उसे शब्दों में बयां करना मुश्किल है।
यही नहीं, मुख्यमंत्री के इस बयान से प्रदेश के आम नागरिकों में भी एक सकारात्मकता की भावना पैदा होने की उम्मीद तैयार हुई है।

इससे पता चलता है कि हमारी सरकार मानवीय भावनाओं के प्रति कितनी संवेदनशील है और जिस तरह से हम अपने सगे-संबंधियों और मित्रों के लिए चिंतित रहते हैं, उनके कल्याण के बारे में सोचते हैं, प्रार्थना करते रहते हैं, हमारी सरकार भी इन विषयों पर उतनी ही सजग है।

क्योंकि, किसी इंसान का सिर्फ शरणार्थी बनकर रहना भी बहुत पीड़ादायक होता है। भले ही भारत आए ऐसे लोग सुरक्षित हैं और उन्हें किसी तरह की दिक्कत नहीं होने दी जाती। लेकिन, नागरिक बनने में जो सम्मान है, वह शरणार्थी बनकर नहीं मिल सकता।
More From GoodReturns

सोने की कीमतों में बड़ी गिरावट: 1 सितंबर को जानें अपने शहर में 22K और 24K के ताजा रेट

FD की नई दरें: इन 4 बैंकों में सीनियर सिटीजन्स को मिल रहा 8.30% तक ब्याज, जानें निवेश का सही तरीका

आज 31 अगस्त को सोने के दाम स्थिर, खरीदारी से पहले जानें 22 और 24 कैरेट के ताजा रेट

LIC की नई पॉलिसी लॉन्च: 'बीमा प्लेटिनम' और 'जीवन रक्षा' में से कौन सी है आपके लिए बेस्ट?

EPFO Enrollment Campaign 2026: पीएफ से छूटे कर्मचारियों के लिए आखिरी मौका, 31 अक्टूबर तक करें आवेदन

पेट्रोल-डीजल के नए रेट जारी: आज आपके शहर में क्या है कीमत? जानें पूरा गणित

Gold Price 2 सितंबर को सोने-चांदी के भाव में स्थिरता, क्या आज खरीदारी करना है फायदे का सौदा? जानें ताजा रेट

3 सितंबर को सोने के दाम स्थिर: क्या आज खरीदारी करना सही फैसला है? जानें ताजा रेट

श्रीकृष्ण जन्माष्टमी 2026: 4 सितंबर को आपके शहर में बैंक बंद या खुले? चेक करें पूरी लिस्ट

गणेश चतुर्थी 2026: 14 सितंबर को बंद रहेगा शेयर बाजार, NSE-BSE की छुट्टी से ट्रेडर्स पर क्या होगा असर?

GST कलेक्शन का धमाका: ₹2 लाख करोड़ के करीब पहुंचा आंकड़ा, इन सेक्टर्स में मचेगी हलचल!



Click it and Unblock the Notifications
