Madhya Pradesh: मध्य प्रदेश में सीएम मोहन यादव की नेतृत्व वाली सरकार ने युवाओं को आत्म निर्भर बनाने के लिए एक नई योजना की शुरूआत की है। जिसका नाम "मुख्यमंत्री सीखो कमाओ योजना" रखा गया है। इसके तहत युवाओं को पंजीकृत औद्योगिक एवं व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में On-the-Job-Training (OJT) की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
मुख्यमंत्री सीखो-कमाओ योजना (MMSKY) के तहत विभिन्न प्रतिष्ठानों में प्रशिक्षणरत 10 हजार 522 ट्रेनीज को 8 करोड़ 70 लाख रूपये का स्टाइपेण्ड भुगतान सिंगल क्लिक से किया। इस मौके पर कौशल विकास एवं रोजगार राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम टेटवाल ने कहा कि बेहतर ट्रेनिंग के लिए कंपनियों से बात की जा रही है। जिससे युवाओं की दक्षता बंढ़ाई जा सके। उन्होंने बताया कि योजना के तहत अब तक कुल 21 हजार 660 प्रतिष्ठान पंजीकृत हैं। जबकि अभी करीब 80 हजार वैकेंसी है।

योजना के तहत प्रदेश सरकर ने एक लाख युवाओं को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य रखा है। बाद में इसे बढ़ाया भी जा सकता है। एमपी सरकार की इस योजना को देश की सबसे बड़ी और व्यापक OJT योजना माना जा रहा है।
किसे मिलेगा MMSKY का लाभ?
मुख्यमंत्री सीखो कमाओ योजना में 18 से 29 वर्ष के युवा पात्र होंगे, जो मध्यप्रदेश के स्थानीय निवासी हैं तथा जिनकी शैक्षणिक योग्यता 12वीं अथवा आईटीआई या उच्च है। योजना के तहत चयनित युवा को "छात्र-प्रशिक्षणार्थी" कहा जाएगा। प्रशिक्षण के दौरान 8000 से 10000 रुपये प्रतिमाह स्टाइपेंड प्राप्त होगा। 12वीं पास को 8000 रूपये, आईटीआई पास को 8500 रूपये, डिप्लोमा पास को 9000 रूपये तथा स्नातक एवं उच्च योग्यता धारक को 10000 रूपये प्रतिमाह स्टाइपेंड दिया जा रहा है। प्रशिक्षण उपरान्त इन्हें प्रमाण-पत्र दिया जायेगा।


Click it and Unblock the Notifications