अकसर ऐसा होता है आप एटीएम से कैश निकालने जाते है और एटीएम खाली मिलता है। ऐसे में आप या तो दूसरे एटीएम के चक्कर लगाते हैं या बिना कैश के ही लौट आते है।
ई दिल्ली: अकसर ऐसा होता है आप एटीएम से कैश निकालने जाते है और एटीएम खाली मिलता है। ऐसे में आप या तो दूसरे एटीएम के चक्कर लगाते हैं या बिना कैश के ही लौट आते है। ये बात भी सच है कि आज के डिजिटल जमाने में लोगों ने घर में पैसे रखना बंद कर दिया है। इस वजह से पैसे निकालने के लिए एटीएम पर हम लोगों की निर्भरता बढ़ गई है। लेकिन एटीएम से कैश निकालना कई बार लंबी लाइनों के चलते मुश्किल हो जाता है, तो कई बार एटीएम में पैसे नहीं होने की वजह से लोगों को जरूरत के समय परेशानी भी होती है।
ऐसे करें पता एटीएम में कैश है या नहीं
आपका इस बात की जानकारी दें कि इसी असुविधा को दूर करने के लिए यूनियन बैंक ने अपने ग्राहकों की मदद के लिए यू-मोबाइल नाम का एक मोबाइल ऐप लॉन्च किया है। इससे ग्राहकों को पहले ही पता चल जाएगा कि एटीएम में कैश है या नहीं। इस काम के लिए बैंक ने जियो सर्वे की व्यवस्था की है। बता दें कि इसकी मदद से मोबाइल ऐप में देखा जा सकेगा कि बैंक के किस एटीएम में कैश है और कौन सा खाली है। जिस एटीएम में पैसे होंगे उस पर हरा निशान दिखेगा, जबकि खाली वाले एटीएम में लाल निशान।
बैंक ग्राहकों को मिलेगा फायदा
पूरे देश में यूनियन बैंक के करीब 7000 एटीएम हैं। यूनियन बैंक के इस ऐप की खासियत है कि वह 3 अलग-अलग दूरी (0-3km, 3-5km, 5-10km) में मौजूद एटीएम को चिन्हित कर सकते हैं। यूनियन बैंक ऑफ इंडिया के सीएमडी राजकिरण राय के मुताबिक यूनियन बैंक ऑफ इंडिया का यू-मोबाइल नाम का ऐप लॉन्च हो चुका है। इस ऐप से एटीएम में नकदी होने या खाली होने की जानकारी मिलेगी।
इस तरह डाउनलोड कर सकेंगे ये ऐप
इस ऐप को डाउनलोड करने के लिए Google Play Store की मदद ले सकते हैं। बैंक की वेबसाइट पर भी इस मोबाइल ऐप का लिंक मिलेगा।
डिजिटल पेमेंट करने वाले इन बातों का रखें ध्यान
एक तरफ आज के समय में हर को डिजिटल पेमेंट का इस्तेमाल कर रहा। वहीं दूसरी ओर लोगों को ठगने के लिए जालसाज नए-नए तरीके निकाल कर रहे हैं। हाल के कुछ महीनों में डिजिटल पेमेंट से जुड़े कई तरह के फर्जीवाड़े सामने आए हैं। यूं कहें कि पिछले कुछ महीने में पेमेंट से संबंधित कई तरह के फ्रॉड सामने आए हैं। ये बात सच है कि डिजिटल पेमेंट आसान और सुविधाजनक है लेकिन सावधान रहने की भी जरूरत है। आपको बता दें कि कैसे फरेबी डिजिटल पेमेंट को अंजाम देते हैं। इतना ही नहीं इंश्योरेंस पॉलिसी देने के नाम पर फरेब हो रहा है। वहीं जालसाजों के निशाने पर वे लोग आसानी से रहते हैं जो बीमा कराने की हसरत रखते हैं। ऐसे में लोगों को देख जालसाज उन्हें आसानी से अपना शिकार बना लेते हैं।


Click it and Unblock the Notifications