For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS  
For Daily Alerts

करते हैं Credit Card का इस्तेमाल, तो जान लें बिलिंग का नियम

|

नयी दिल्ली। पिछले कुछ सालों में क्रेडिट कार्ड के इस्तेमाल में भारी वृद्धि हुई है। बेहतर ऑफर्स, सुरक्षा और सुविधा के कारण दुनिया भर में लोगों ने क्रेडिट कार्ड को चुना है। भारत में भी क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल करने वालों की संख्या बढ़ी है। एक रिपोर्ट से पता चलता है कि 2019 तक भारत में क्रेडिट कार्ड उपयोगकर्ताओं की संख्या लगभग 5.2 करोड़ तक पहुंच गई है। साथ ही क्रेडिट कार्ड इस्तेमाल करने वालों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी भी हो रही है। मगर क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल करने के साथ-साथ इससे संबंधित नियमों को जानना भी जरूरी है। इन्हीं में से एक नियम है 'क्रेडिट कार्ड बिलिंग साइकिल' का। क्रेडिट कार्ड से जुड़ी शर्तों की बेहतर समझ से आप अपनी फाइनेंशियल जरूरतों के लिए अच्छे ढंग से योजना बना सकते हैं। आइये जानते हैं क्रेडिट कार्ड बिलिंग साइकिल और इसकी जरूरत के बारे में।

क्या होता है बिलिंग साइकिल
 

क्या होता है बिलिंग साइकिल

बिलिंग साइकिल एक इनवॉइस या बिलिंग स्टेटमेंट तारीख के अंत से अगले एक समय तक के अंतराल को कहते हैं। यह बिलिंग साइकिल या चक्र उन वस्तुओं या सेवाओं से जुड़ा है जो एक फर्म अपने उपयोगकर्ताओं को नियमित रूप से प्रदान करती है। आमतौर पर बिलिंग चक्र हर महीने तैयार किया जाता है लेकिन उत्पाद या सेवाओं के आधार पर तारीख में बदलाव हो सकता है।

क्या होता है क्रेडिट कार्ड बिलिंग साइकिल

क्या होता है क्रेडिट कार्ड बिलिंग साइकिल

क्रेडिट कार्ड बिलिंग साइकिल को स्टेटमेंट साइकिल के नाम से भी जाना जाता है। जिस अवधि के लिए क्रेडिट कार्ड बिल जनरेट होता है क्रेडिट कार्ड बिलिंग साइकिल उसी अवधि को उल्लेख करता है। बिलिंग साइकिल के दौरान होने वाली सभी लेन-देन महीने के क्रेडिट कार्ड स्टेटमेंट मौजूद होंगी। इस दौरान कार्डधारक से कार्ड के इस्तेमाल के लिए एक शुल्क भी लिया जाता है। बिलिंग स्टेटमेंट में अकाउंट चार्ज का भी जिक्र किया जाएगा और बिलिंग साइकिल पूरा होने के बाद इसे आपके पास भेज दिया जाएगा। बिलिंग साइकिल की अवधि 28 से 32 दिन की हो सकती है। वहीं बिलिंग स्टेटमेंट में आपका बैलेंस, बिलिंग साइकिल के दौरान किए गए भुगतानों की लिस्ट, न्यूनतम शुल्क, बकाया शेष ब्याज, देय तिथि और स्टेटमेंट अवधि के लिए नया बैलेंस बताया जाता है।

कैसे काम करता है क्रेडिट कार्ड बिलिंग साइकिल
 

कैसे काम करता है क्रेडिट कार्ड बिलिंग साइकिल

क्रेडिट कार्ड के लिए बिलिंग साइकिल आपके क्रेडिट कार्ड के एक्टिव होने वाले दिन से शुरू हो जायेगा। आपके क्रेडिट कार्ड में बैलेंस शून्य होगा, मगर इसमें एक एडवांस शुल्क दिया जा सकता है, जो कार्ड जारीकर्ता द्वारा आपके क्रेडिट कार्ड पर वसूला जाएगा। इसमें अपने बैलेंस को नए क्रेडिट कार्ड में ट्रांसफर करने की भी सुविधा मिलती है, मगर इसके लिए बैलेंस ट्रांसफर चार्ज देना होता है। क्रेडिट कार्ड एक्टिव होने के दिन से शुरू होकर आपके सभी लेन-देन आपके क्रेडिट कार्ड बिल में शामिल होंगे। वहीं बिलिंग साइकिल के बाद होने वाली कोई भी लेन-देन अगले स्टेटमेंट में शामिल की जाएगी।

भुगतान देय तिथी (Payment Due Date)

भुगतान देय तिथी (Payment Due Date)

भुगतान देय तिथि उस तारीख को दर्शाती है जिसके अंदर आपको क्रेडिट कार्ड की बकाया राशि का भुगतान हर महीने करना होता है। आमतौर पर पिछला बिल जनरेट होने के बाद भुगतान की तारीख 21 से 25 दिनों के बीच निर्धारित की जाती है। आप भुगतान देय तिथि से पहले भी अपने क्रेडिट कार्ड बकाया बिल का भुगतान कर सकते हैं। मगर इसके बाद भुगतान करने आपको लेट फीस और अन्य संबंधित शुल्क चुकाने पड़ेंगे।

क्या होता है न्यूनतम भुगतान

क्या होता है न्यूनतम भुगतान

यहां न्यूनतम भुगतान का मतलब उस भुगतान से जो आपको अपना क्रेडिट कार्ड चालू रखने के लिए पेमेंट की तारीख या उससे पहले करना ही होता है। आमतौर पर यह कुल बकाया देय राशि की एक छोटी राशि होती है। न्यूनतम भुगतान करने प, कार्डधारक लेट पेमेंट पेनल्टी से बच सकते हैं, जो क्रेडिट कार्ड पर लगाया जाएगा। वैसे ध्यान रहे कि न्यूनतम भुगतान करने के बजाय पूरी राशि का भुगतान करना बेहतर है, क्योंकि बैंक शेष राशि पर ब्याज लगायेगा और ब्याज दर 48 फीसदी (सालाना) तक हो सकती है।

Virtual Credit Card : फ्रॉड से बचने के लिए शानदार ऑप्शन, और भी हैं फायदे

English summary

if you Use credit card then know the rules of billing

By 2019, the number of credit card users in India has reached nearly 5.2 crore. Also, the number of credit card users is increasing continuously.
Story first published: Wednesday, April 8, 2020, 18:12 [IST]
Company Search
Thousands of Goodreturn readers receive our evening newsletter.
Have you subscribed?
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Goodreturns sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Goodreturns website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more