नई दिल्ली। संसद में 1 फरवरी 2021 को पेश बजट के दौरान वित्त मंत्र निर्मला सीतारमण ने पीएफ पर एक सीमा से ज्यादा पैसा जमा करने पर मिलने वाले ब्याज पर टैक्स लगा दिया है। जैसे ही यह बात सामने आई, लोगों ने इसे उनकी मेहनत की कमाई पर डाका जैसा बताना शुरू कर दिया है। लेकिन अब जो सच्चाई सामने आ रही है, यह कुछ और ही निकल रही है। सवा सौ करोड़ लोगों के देश में कैसे कुछ सैकड़ा लोग पीएफ खाते में करोड़ों-अरबों रुपये जमा कर टैक्स फ्री कमा रहे थे। वित्त मंत्री के इस दावं से अब यह अमीर भारी टैक्स चुकाएंगे। यानी पीएम में योगदान करने वाले 99.99 फीसदी लोगों पर इसका असर नहीं पड़ेगा, वहीं हर माह करोड़ों रुपये का टैक्स फ्री ब्याज कमाने वालों पर यह नियम भारी पड़ेगा। ध्यान रहे कि पीएम में पैसा पूरी तरह से सेफ होता है और यहां पर सबसे ज्यादा ब्याज भी मिलता है।

इस समय पीएफ पर 8.5 फीसदी का ब्याज दिया जा रहा है। वहीं अगर बैंक में एफडी कराई जाए तो 5 फीसदी के आसपास ही ब्याज मिल रहा है। यानी अमीर करीब 3 फीसदी ज्यादा ब्याज भी पा रहे हैं, और करोड़ों रुपये का टैक्स भी बचा रहे हैं।
चौंकाने वाले हैं आंकड़े
पीएफ में टैक्स लगने के बाद जैसे ही यह बात चर्चा में आई, इससे संबंधित आंकड़े भी मिलने लगे हैं। रेवेन्यू विभाग के सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार प्रोविडेंट फंड (पीएफ) में सबसे ज्यादा कॉन्ट्रिब्यूट करने वालों में शामिल एक व्यक्ति के पीएफ खाते में 103 करोड़ रुपये जमा हैं। इसके अलावा दो हाई नेटवर्थ इंडिविजुअल्स के पीएफ खातों में 86 करोड़ और 86 करोड़ रुपये जमा हैं।
जानिए 20 अमीरों का हाल
रेवेन्यू विभाग के सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार प्रोविडेंट फंड में पैसा जमा कराने वाले टॉप 20 अमीरों (हाई नेटवर्थ इंडिविजुअल्स) के पीएफ खातों में कुल मिलाकर 825 करोड़ रुपये जमा है। वहीं टॉप 100 अमीरों के पीएफ खातों में कुल 2000 करोड़ रुपये से ज्यादा पैसा जमा है। इन आंकड़ों से पता चलता है कि देश के कुछ अमीर पीएफ खातों का कैसे इस्तेमाल कर करोड़ों रुपये का टैक्स फ्री ब्याज पा रहे हैं।
हर साल 5 करोड़ पीएफ खातों में जमाकर 50 लाख रुपये का ब्याज कमा रहे
आंकड़ों के अनुसार पीएफ के 4.5 करोड़ खाताधारक हैं। इनमें से 0.27 फीसदी यानी करीब 1.23 लाख खाते हाई नेटवर्थ इंडिविजुअल्स (एचएनआई) के हैं। इन लोगों का पीएफ में टोटल कॉन्ट्रिब्यूशन 62,500 करोड़ रुपये का है। इस प्रकार से प्रति व्यक्ति औसतन 5 से 6 करोड़ रुपये पीएफ खाते में हर साल जमा हो रहा है। अगर हर एक का औसतन सालाना ब्याज जोड़ा जाए तो यह रह साल करीब 50 लाख रुपये होता है। यानी हर अमीर रह साल 50 लाख रुपये की टैक्स फ्री आमदनी कर रहा है।
अब होने वाले हैं यह नियम
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 1 फरवरी को पेश बजट में प्रस्ताव किया है कि अगर किसी का प्रोविडेंट फंड में सालाना 2.5 लाख रुपये से ज्यादा जमा होता है, उस पर मिलने वाला ब्याज टैक्सेबल आमदनी माना जाएगा और उस पर टैक्स लिया जाएगा। यह नियम 1 अप्रैल 2021 से पीएम में जमा पैसे पर लागू होगा। सरकार का कहना था कि इससे 2 लाख रुपये महीने से कम की कमाई करने वालों को कोई नुकसान नहीं होगा। इससे ज्यादा की हर महीने कमाई करने वालों को जरूर अब टैक्स देना होगा।
More From GoodReturns

ITR फाइलिंग की डेडलाइन: 31 जुलाई से पहले निपटा लें ये जरूरी काम, वरना होगा नुकसान

ITR फाइलिंग की डेडलाइन नजदीक: पोर्टल पर आ रही है दिक्कत? अपनाएं ये 5 स्मार्ट टिप्स

ITR डेडलाइन 31 जुलाई: ओल्ड या न्यू टैक्स रिजीम? जानें आपके लिए कौन सा है सही

EPF ब्याज क्रेडिट: खाते में पैसा नहीं दिखा? घबराएं नहीं, अपनाएं ये आसान स्टेप्स

ITR डेडलाइन: रिफंड अटकने से बचाना है तो अभी चेक करें AIS और TIS, वरना होगी परेशानी

Redington Share Price: शानदार नतीजों के दम पर 10% उछला शेयर, खरीदारी का सही समय?

अदाणी एंटरप्राइजेज ने एयरलाइन लॉन्च की अटकलों को किया खारिज, कहा- रिपोर्ट्स निराधार

भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें

Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?

US Fed का फैसला आज रात: क्या भारतीय बाजार में आएगी बड़ी हलचल? जानें ट्रेडर्स के लिए खास रणनीति

GST QRMP स्कीम: PMT-06 पेमेंट में 35% चालान चुनें या सेल्फ-असेसमेंट? ब्याज से बचने का पूरा गणित



Click it and Unblock the Notifications