For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS  
For Daily Alerts

Floating Rate Savings Bonds : कमाई का शानदार मौका, जानिए जरूरी बातें

|

नयी दिल्ली। फ्लोटिंग रेट सेविंग बॉन्ड्स (एफआएसबी) 2020 टैक्सेबल स्कीम को भारत सरकार ने 26 जून 2020 को शुरू किया था। इन बॉन्ड्स ने 7.75 प्रतिशत वाले टैक्सेबल सेविंग्स बॉन्ड्स की जगह ली, जिन्हें 28 मई 2020 से बंद कर दिया गया। 1 जुलाई से इन बॉन्ड्स में निवेश की शुरुआत हो चुकी है। इन बॉन्ड्स की मैच्योरिटी अवधि 7 साल की है। गिरती ब्याज दरों के बीच निवेश के लिए ये एक अच्छा ऑप्शन हो सकता है। अगर आप नये साल में निवेश का बढ़िया विकल्प ढूंढ रहे हैं तो ये बॉन्ड सही रहेंगे। आइए जानते हैं इन बॉन्ड्स से जुड़ी जरूरी बातें।

कौन कर सकता है निवेश
 

कौन कर सकता है निवेश

कोई भारतीय नागरिक, नाबालिग या एचयूएफ यानी हिंदू यूनाइटेड फैमिली (एनआरआई को छोड़ कर) इस योजना में निवेश कर सकते हैं। सरकारी प्रतिभूति अधिनियम, 2006 के तहत नामांकन और इसके रद्द करने की दोनों सुविधाएं उपलब्ध हैं।

कितनी है अवधि

कितनी है अवधि

इन बॉन्ड्स की मैच्योरिटी अवधि 7 साल की होगी। हालांकि सीनियर सिटीजेन को समय से पहले निकासी की सुविधा मिलेगी। 60 और 70 की उम्र के बीच के बुजुर्ग लोग समय से पहले छह साल बाद बॉन्ड से पैसा निकाल सकते हैं। वहीं 70 और 80 वर्ष की आयु के बीच के वरिष्ठ नागरिकों के लिए ये अवधि पांच साल है। 80 साल से अधिक उम्र के लोगों के लिए 4 साल पूरे करने के बाद निवेश निकालने की सुविधा होगी।

न्यूनतम और अधिकतम निवेश सीमा

न्यूनतम और अधिकतम निवेश सीमा

इन बॉन्ड्स में न्यूनतम निवेश राशि 1,000 रुपये है। आप इसके बाद 1,000 रुपये के गुणक में जितना चाहे उतना निवेश कर सकते हैं। इन बॉन्ड्स में अधिकतम निवेश सीमा नहीं है।

ब्याज दर
 

ब्याज दर

ऐसे पिछले बॉन्ड्स पर 7.75 प्रतिशत की निश्चित ब्याज दर थी। मगर इन बॉन्ड्स पर राष्ट्रीय बचत पत्र (एनएससी) से 35 आधार अंक अधिक रिटर्न मिलेगा। यानी इन बॉन्ड्स पर रिटर्न स्थिर नहीं है। इसीलिए इनका नाम फ्लोटिंग है। इस समय पांच साल के एनएससी पर 6.80 प्रतिशत रिटर्न मिल रहा है। यानी इन बॉन्ड्स पर 7.15 फीसदी रिटर्न रेट है। बॉन्ड्स पर ब्याज प्रति वर्ष 1 जनवरी और 1 जुलाई को छमाही आधार पर दिया जाता है। मगर ध्यान रहे कि इन बॉन्ड पर मिलने वाले ब्याज पर टैक्स लगता है। इसे आपकी आय या अन्य आय के हिस्से के रूप में काउंट किया जा सकता है और उसी प्रकार आपके टैक्स ब्रैकेट के अनुसार कर लगाया जाता है। मौजूदा समय में एफडी पर मिल रहे 5.5 फीसदी के मुकाबले इन बॉन्ड्स पर 7.15 फीसदी का रिटर्न कहीं बेहतर है।

कैसे करें निवेश

कैसे करें निवेश

आप देश के सबसे बड़े बैंक एसबीआई सहित सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और एक्सिस बैंक, एचडीएफसी बैंक, आईसीआईसीआई बैंक और आईडीबीआई बैंक जैसे प्राइवेट बैंकों की सभी शाखाओं में आवेदन फॉर्म जमा प्राप्त कर सकते हैं और जरूरी केवाईसी दस्तावेजों के साथ अप्लाई कर सकते हैं। आप इन बॉन्ड्स को सब्सक्राइब करने के लिए कैश (केवल 20,000 रुपये तक) / ड्राफ्ट / चेक या किसी भी ऑनलाइन मोड जैसे कि एनईएफटी या आरटीजीएस के जरिए पेमेंट कर सकते हैं। याद रखें कि ये बॉन्ड केवल डिजिटल रूप में प्रदान किए जाएंगे और रिसीविंग ऑफिस के पास बॉन्ड लेजर अकाउंट नामक खाते में आपके क्रेडिट में रखे जाएंगे।

शेयर : इस कंपनी ने एक साल में 1 लाख रु को बना दिया 4.5 लाख रु, निवेशक हो गए मालामाल

English summary

Floating Rate Savings Bonds Great opportunity to earn know important things

The minimum investment amount in these bonds is Rs 1,000. You can then invest as much as you want in multiples of Rs 1,000. These bonds do not have a maximum investment limit.
Company Search
Thousands of Goodreturn readers receive our evening newsletter.
Have you subscribed?