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Anil Ambani को झटका, RBI ने रिलायंस कैपिटल के बोर्ड को हटाया

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नई दिल्ली, नवंबर 29। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने 29 नवंबर को कहा है कि इसने कई भुगतान दायित्वों को पूरा करने में कंपनी की चूक के कारण रिलायंस कैपिटल के बोर्ड को हटा दिया है। रिज़र्व बैंक ने आज मेसर्स रिलायंस कैपिटल लिमिटेड (आरसीएल) के निदेशक मंडल को अपने लेनदारों को विभिन्न भुगतान दायित्वों को पूरा करने में चूक जाने और गंभीर मैनेजमेंट संबंधी चिंताओं के मद्देनजर हटा दिया है। इन समस्याओं को कंपनी का बोर्ड संबोधित करने में सक्षम नहीं है। इतना ही नहीं आरबीआई ने बैंक ऑफ महाराष्ट्र के पूर्व कार्यकारी निदेशक नागेश्वर राव वाई को कंपनी का एडमिनिस्ट्रेटर नियुक्त किया है।

 

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दिवालिया होगी कंपनी

दिवालिया होगी कंपनी

आरबीआई के अनुसार रिजर्व बैंक जल्द ही दिवाला और दिवालियापन नियम, 2019 के तहत कंपनी के रेजोल्यूशन की प्रक्रिया शुरू करेगा। साथ ही, रिजर्व बैंक एनसीएलटी, मुंबई में एडमिनिस्ट्रेटर को दिवाला सॉल्यूशन प्रोफेश्नल के रूप में नियुक्त करने के लिए आवेदन करेगा। रिलायंस कैपिटल ने हाउसिंग डेवलपमेंट फाइनेंस कॉरपोरेशन और एक्सिस बैंक से लिए गए 624 करोड़ रुपये के लोन पर ब्याज का भुगतान नहीं किया। कंपनी ने 27 नवंबर, 2020 को इस बारे में स्टॉक एक्सचेंजों को सूचित किया था।

एचडीएफसी से लिया लोन

एचडीएफसी से लिया लोन

कंपनी ने 31 अक्टूबर तक ब्याज भुगतान के मामले में एचडीएफसी को 4.77 करोड़ रुपये और एक्सिस बैंक को 0.71 करोड़ रुपये चुकाने में डिफॉल्ट किया। रिलायंस कैपिटल ने एचडीएफसी से छह महीने से सात साल की अवधि के लिए 10.6 प्रतिशत-13 प्रतिशत और एक्सिस बैंक से 3-7 साल की अवधि के लिए 8.25 प्रतिशत पर टर्म लोन लिया था।

क्यों नहीं चुका पाई पैसा
 

क्यों नहीं चुका पाई पैसा

स्टॉक एक्सचेंजों को दिए एक स्पष्टीकरण में, रिलायंस कैपिटल ने कहा कि वह अदालत के आदेशों के बाद किसी भी संपत्ति को बेचने के लिए कंपनी पर लगे प्रतिबंध के कारण एसेट मोनेटाइज करने में असमर्थ थी। इसलिए इसे लोन का पैसा चुकाने में देरी हुई। बाद में अप्रैल 2021 में कंपनी ने कहा था कि यह 22 अप्रैल को देय गैर-परिवर्तनीय डिबेंचर (एनसीडी) के लिए ब्याज भुगतान करने में विफल रही। कंपनी ने कहा था कि वह डिबेंचर ट्रस्टी (विस्ट्रा) और डिबेंचर धारकों के साथ संज्ञान में अपनी संपत्ति के टाइम बाउंड मोनेटाइजेशन के माध्यम से अपने दायित्वों को पूरा करने की प्रक्रिया में थी।

संपत्ति बिकवाली के लिए आवेदन

संपत्ति बिकवाली के लिए आवेदन

पिछले साल इसने कहा था डिबेंचर धारकों की समिति ने कंपनी की कुछ सहायक कंपनियों / निवेशों को बेचने की योजना पेश करने के लिए आवेदन मांगे हैं। इस आवेदन के लिए आमंत्रण 31 अक्टूबर 2020 को जारी किया गया था।

कौन कौन है कंपनी के बोर्ड में शामिल

कौन कौन है कंपनी के बोर्ड में शामिल

कंपनी को कई आवेदन प्राप्त हुए, लेकिन अदालतों में विभिन्न मुकदमों के कारण ऋणदाताओं द्वारा शुरू की गई बिक्री प्रक्रिया में देरी हुई। कंपनी की वेबसाइट के अनुसार, रिलायंस कैपिटल लिमिटेड के बोर्ड में अनिल अंबानी, राहुल सरीन, छाया विरानी, थॉमस मैथ्यू, ए एन सेथुरमन और धनंजय तिवारी शामिल हैं।

English summary

Shock to Anil Ambani RBI removes Reliance Capitals board

Reliance Capital did not pay interest on loans of Rs 624 crore taken from Housing Development Finance Corporation and Axis Bank. The company had informed the stock exchanges in this regard on November 27, 2020.
Story first published: Monday, November 29, 2021, 18:00 [IST]
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