नई दिल्ली, 4 नवंबर। हम में से बहुत से लोगों को अपने ऑफिस से दिवाली के मौके पर बोनस मिलता है। कुछ लोगों को दिवाली पर अपने करीबी रिश्तेदारों से उपहार के रूप में भी पैसे मिलते हैं। ये पैसा आम तौर पर पटाखे या मिठाई खरीदने जैसी चीजों पर खर्च हो जाता है। इस तरह की चीजों पर भारी मात्रा में पैसा खर्च करने के बजाय, त्योहारी सीजन में निवेश के कई ऐसे अवसर होते हैं जिनका आप लाभ उठा सकते हैं। आप पैसे से पैसा बना सकते हैं। यहां पांच निवेश ऑप्शन दिए गए हैं जो सभी निवेशकों की फाइनेंशियल प्लानिंग के लिए बढ़िया हो सकते हैं।
सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (एसआईपी) म्यूचुअल फंड में निवेश करने का सबसे बेहतर तरीका है। इसमें हर महीने या तिमाही में पहले से तय एक निर्धारित तिथि पर निश्चित राशि का निवेश किया जाता है। ये राशि आपको इक्विटी, डेट, हाइब्रिड आदि जैसे फंड में यूनिट खरीदने की सुविधा देती है। एसआईपी के साथ, निवेशक लंबे समय में बड़ी बचत कर सकते हैं। निवेशकों के बैंक खाते से सीधे चुने हुए म्यूचुअल फंड में एसआईपी के जरिए राशि ट्रांसफर हो जाती है।
इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (आईपीओ) में कंपनियों द्वारा निवेशकों को शेयर इश्यू किए जाते हैं। जब कोई कंपनी शुरुआत में पब्लिक होने और एक्सचेंजों पर अपने शेयरों को लिस्ट कराने आती है तो निवेशकों को उसके स्टॉक्स की पेशकश की जाती है। मगर ध्यान रहे कि उचित शोध के बाद ही आईपीओ को चुनना होगा। अब तक, 2021 में बीएसई पर 64 आईपीओ लिस्ट किए गए हैं, जिनमें से अधिकांश लिस्टिंग के दिन पॉजिटिव रिटर्न के साथ खुले। इसके अलावा कई कंपनियों के आईपीओ आने की तैयारी में हैं।
दिवाली के करीब धनतेरस जैसे त्योहारों पर सोना खरीदना आम बात है। इस बीच सोने की बढ़ती कीमतों के साथ सोने की मांग बढ़ी है। शादी और त्योहारी सीजन के चलते सोने की मांग में तेजी आई है। प्रमुख आभूषण कंपनियों में से एक, टाइटन ने पुष्टि की है कि पिछले तीन महीनों में सोने की मांग में जोरदार वापसी हुई है। इसलिए आप डिजिटल सोना खरीद सकते हैं और गूगल पे, पेटीएम जैसे निवेश प्लेटफार्म के जरिए सोने में निवेश कर सकते हैं।
पीपीएफ सबसे सुरक्षित निवेश विकल्पों में से एक है, जिससे आप अपने रिटायरमेंट को सुरक्षित कर सकते हैं। पीपीएफ की न्यूनतम मैच्योरिटी अवधि 15 वर्ष है। आप डाकघर या किसी भी राष्ट्रीयकृत बैंक में पीपीएफ खाता खोल सकते हैं। इसके अलावा, पीपीएफ खाते में निवेश की गई मूल राशि पर आयकर छूट लागू होती है। पीपीएफ के लिए ब्याज दर सरकार द्वारा प्रत्येक तिमाही के लिए निर्धारित की जाती है। वर्तमान में पीपीएफ पर ब्याज दर 7.1% है।
जीवन में बढ़ती अनिश्चितताओं के बीच बीमा पॉलिसी लेना बहुत जरूरी हो गया है। यदि आपने अभी तक बीमा नहीं खरीदा है, तो यही सही समय है। जीवन बीमा एक्सीडेंट, मृत्यु, विकलांगता, दुर्घटना आदि के लिए वित्तीय कवर प्रदान करते हैं। बीमा कंपनियां यात्रा, मोटर वाहन और घर को सुरक्षित करने के लिए भी बीमा पॉलिसी ऑफर करती हैं।
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