सरकार ने सीनियर सिटीजन सेविंग्स स्कीम (SCSS) की ब्याज दर को फिलहाल 8.2 प्रतिशत पर बरकरार रखा है। यह दर अप्रैल से जून 2026 की तिमाही के लिए लागू होगी। सरकार के इस फैसले से उन रिटायर्ड लोगों को बड़ी राहत मिलेगी जिन्हें अपनी जरूरतों के लिए एक तय और सुरक्षित आय की तलाश रहती है। सरकारी गारंटी के साथ इसमें निवेशकों को बेहतरीन रिटर्न मिलता है। बिना किसी मार्केट रिस्क के रेगुलर इनकम के लिए यह आज भी बुजुर्गों की पहली पसंद बनी हुई है।
इस तिमाही का ब्याज 1 जुलाई को सीधे निवेशकों के खाते में पहुंच जाएगा। बता दें कि इस स्कीम में ब्याज का भुगतान हर तिमाही (क्वार्टरली) के आधार पर ही किया जाता है। इस साइकिल के मुताबिक, खाते में पैसे जुलाई, अक्टूबर, जनवरी और अप्रैल में क्रेडिट होते हैं। यह शेड्यूल बुजुर्गों के रोजमर्रा के खर्चों के लिए कैश फ्लो बनाए रखता है। अपने मंथली बजट और फाइनेंशियल गोल्स को सही रखने के लिए इन तारीखों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है।
तिमाही भुगतान का समय और SCSS पर मिलने वाले टैक्स बेनिफिट्स
इस स्कीम से जुड़े टैक्स के नियम सभी के लिए बहुत स्पष्ट हैं। अगर साल भर में मिलने वाला ब्याज 50,000 रुपये से ज्यादा होता है, तो वह टैक्स के दायरे में आता है। हालांकि, निवेशक इनकम टैक्स की धारा 80C के तहत 1.5 लाख रुपये तक की छूट का दावा कर सकते हैं। अगर आपकी कुल सालाना आय कम है, तो आप फॉर्म 15H जमा कर सकते हैं। ऐसा करने से बैंक आपके ब्याज पर TDS (टैक्स) नहीं काटेंगे।
बैंक FD और RBI बॉन्ड्स के मुकाबले कहां है ज्यादा फायदा?
आजकल कई प्राइवेट बैंक सीनियर सिटीजन्स को फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) पर काफी आकर्षक ब्याज दरें दे रहे हैं। कुछ बैंक तो कम अवधि के लिए 8.5 प्रतिशत तक ब्याज ऑफर कर रहे हैं। इसके बावजूद, सुरक्षा के मामले में इस सरकारी स्कीम का कोई मुकाबला नहीं है। कई निवेशक अपना पैसा इस स्कीम और ज्यादा रिटर्न देने वाले RBI बॉन्ड्स के बीच बांटकर निवेश करते हैं। यह स्ट्रैटेजी महंगाई को मात देने और मार्केट के उतार-चढ़ाव से पूंजी को सुरक्षित रखने में मदद करती है।
| निवेश का विकल्प | ब्याज दर (पहली तिमाही) | लॉक-इन पीरियड |
|---|---|---|
| SCSS सेविंग्स स्कीम | 8.2 प्रतिशत | 5 साल |
| सीनियर सिटीजन FD | 8.5 प्रतिशत तक | अलग-अलग |
| RBI फ्लोटिंग बॉन्ड्स | 8.05 प्रतिशत | 7 साल |
सही विकल्प का चुनाव आपकी नकदी की जरूरत (लिक्विडिटी) पर निर्भर करता है। ज्यादातर निवेशकों के लिए 8.2 प्रतिशत का रिटर्न अभी भी काफी फायदेमंद है। जुलाई के पहले वर्किंग डे पर अपना बैंक बैलेंस जरूर चेक करें। अपनी बचत का सही मैनेजमेंट आपको एक सुकून भरी लाइफस्टाइल दे सकता है। अपने रिटायरमेंट फंड को बढ़ाने और भविष्य सुरक्षित करने के लिए हर तिमाही के अपडेट्स पर नजर जरूर रखें।
More Articles
- अदाणी एंटरप्राइजेज ने एयरलाइन लॉन्च की अटकलों को किया खारिज, कहा- रिपोर्ट्स निराधार
- Gandhar Oil Refinery के शेयर में लगा अपर सर्किट! मुनाफा और रेवेन्यू ने किया कमाल, अब क्या होगा?
- GST QRMP स्कीम: PMT-06 पेमेंट में 35% चालान चुनें या सेल्फ-असेसमेंट? ब्याज से बचने का पूरा गणित
- ITR फाइलिंग की डेडलाइन: 31 जुलाई से पहले निपटा लें ये जरूरी काम, वरना होगा नुकसान
- आज खुले 3 बड़े IPO: Indo-MIM, Xtranet और Lohia Corp में निवेश का मौका, जानें क्या है सही रणनीति
- मुंबई बारिश अलर्ट: बैंकिंग ठप होने पर पैसे की किल्लत से कैसे बचें? जानें स्मार्ट तरीके