महाराष्ट्र में आज, गुरुवार 23 जुलाई 2026 से किसान कर्ज माफी की रकम खातों में पहुंचनी शुरू हो गई है। बैंकों और ग्राम पंचायतों ने आज लाभार्थियों की पहली लिस्ट जारी कर दी है। 'पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होलकर शेतकरी कर्जमुक्ति योजना 2026' के तहत, 2 लाख रुपये तक का कर्ज सीधे डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के जरिए लोन अकाउंट में जमा किया जा रहा है। सरकार ने इस भारी-भरकम योजना के लिए 36,585 करोड़ रुपये का बजट तय किया है, जिससे करीब 56 लाख किसानों को राहत मिलने की उम्मीद है।
योजना की पात्रता के मुताबिक, यह लाभ उन अल्पकालिक फसल ऋणों पर मिलेगा जो 1 अप्रैल 2019 से 31 मार्च 2025 के बीच लिए गए थे, और जो 30 सितंबर 2025 तक बकाया होने के साथ 31 मार्च 2026 तक चुकाए नहीं गए। वहीं, समय पर कर्ज चुकाने वाले ईमानदार किसानों को 50,000 रुपये का प्रोत्साहन (इंसेंटिव) दिया जा रहा है; हालांकि एक किसान को इन दोनों में से केवल एक ही लाभ मिलेगा। मामूली देरी के बाद 5 जुलाई से शुरू हुई इस प्रक्रिया में कैबिनेट ने हाल ही में कुछ बदलाव किए हैं, ताकि 2019 के उन पुराने लाभार्थियों को भी मदद मिल सके जिनका बकाया फिर से बढ़ गया था।
महाराष्ट्र कर्ज माफी: लाभार्थी सूची कैसे देखें और कब आएगा पैसा?
किसान अपना नाम प्राथमिक कृषि सहकारी समितियों (PACS) और संबंधित बैंक शाखाओं के नोटिस बोर्ड पर देख सकते हैं। जिला सहकारी बैंकों और कलेक्टरेट कार्यालयों द्वारा भी ऑनलाइन अपडेट दिए जा रहे हैं। आप राज्य के DBT पोर्टल पर जाकर आधार ऑथेंटिकेशन के जरिए अपना स्टेटस ट्रैक कर सकते हैं। वेरिफिकेशन के लिए आधार से लिंक मोबाइल नंबर, बैंक पासबुक, 7/12 उतारा और लोन स्टेटमेंट साथ रखें। लक्ष्य है कि 31 जुलाई तक जिला सहकारी बैंकों (DCCB) का भुगतान पूरा कर लिया जाए, जिसके बाद कमर्शियल बैंकों की प्रक्रिया शुरू होगी।
लिस्ट में नाम न होने पर क्या करें? शिकायत और अपील का तरीका
अगर लिस्ट में आपका नाम नहीं है या कोई जानकारी गलत दिख रही है, तो सबसे पहले अपनी बैंक शाखा के नोडल अधिकारी से मिलकर लिखित शिकायत दर्ज कराएं। इसके अलावा, सहकारिता विभाग के शिकायत पोर्टल या राज्य हेल्पलाइन नंबर 1800 120 8040 पर कॉल करके भी मदद ली जा सकती है। प्रशासन DCCB के बाद अगली किस्तों की तैयारी कर रहा है, इसलिए किसी भी तरह की देरी से बचने के लिए अपना आधार सीडिंग और KYC तुरंत अपडेट करवा लें।
बकाया राशि के लिए EMI कैलकुलेटर और अन्य शुल्क
जिन किसानों का कुछ कर्ज माफी के दायरे से बाहर है, वे बाकी बची राशि को रीस्ट्रक्चर करा सकते हैं या वन-टाइम सेटलमेंट (OTS) चुन सकते हैं। नीचे दिए गए EMI गाइड से आप समझ सकते हैं कि 7% सालाना ब्याज पर 12 महीने की किस्त कितनी होगी। ध्यान रहे कि बैंक प्रोसेसिंग फीस, कानूनी शुल्क, बीमा और बकाया ब्याज जैसे चार्ज भी लगा सकते हैं, इसलिए किसी भी समझौते से पहले इसकी पुष्टि जरूर कर लें।
| लोन की राशि | अनुमानित ब्याज दर | अवधि | अनुमानित मासिक EMI |
|---|---|---|---|
| ₹50,000 | 7% सालाना | 12 महीने | ₹4,325 |
| ₹1,00,000 | 7% सालाना | 12 महीने | ₹8,650 |
| ₹2,00,000 | 7% सालाना | 12 महीने | ₹17,300 |
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