नई दिल्ली, सितंबर 26। अगर कोई ऐसे ऑप्शन में निवेश करना चाहे, जहां जोखिम न हो, रिटर्न अच्छा मिले और पैसा सेफ रहे तो पोस्ट ऑफिस बेस्ट रहेगा। पोस्ट ऑफिस की कई स्कीमें हैं, जिनमें से एक स्कीम ऐसी है जिसमें आपका पैसा गारंटीड दोगुना होगा। ये है किसान विकास पत्र। किसान विकास पत्र (केवीपी) पोस्ट ऑफिस की एक सर्टिफिकेट स्कीम है। यदि आप 30 सितंबर 2021 तक ये सर्टिफिकेट खरीदते हैं, तो 10 साल और 4 महीने (124 महीने) की अवधि में आपके द्वारा निवेश की गयी एकमुश्त निवेश राशि दोगुनी हो जाएगी। उदाहरण के लिए यदि आप 5000 रु का निवेश करते हैं तो आपको मैच्योरिटी पर 10000 रु मिलेंगे।
जैसा कि हमने बताया कि किसान विकास पत्र आपका पैसा 124 महीनों में गारंटीड डबल करेगा। मगर इसका गणित क्या है? दरअसल इस समय केवीपी पर 6.9 फीसदी ब्याज दर ऑफर की जाती है। इतनी ब्याज दर से आपको निवेश पर कम्पाउंड का फायदा मिलता है, जिससे आपका पैसा 124 महीनों में दोगुना हो जाता है। बता दें कि 4 साल पहले केवीपी पर ब्याज दर 7.8 फीसदी थी। तब 110 महीनों में ही पैसा दोगुना हो जाता था।
अब आपको बताते हैं कि केवीपी में निवेश करके हर साल 1 लाख रु का मुनाफा कैसे कमाया जा सकता है। दरअसल यदि आप केवीपी में एक साथ 10 लाख रु का निवेश करें तो 124 महीनों बाद आपकी निवेश राशि 20 लाख रु हो जाएगी। यानी आपको 10 साल कुछ महनों में 10 लाख रु का ही फायदा होगा। इसका मतलब हुआ करीब-करीब 1 लाख रु प्रति वर्ष। ध्यान रहे कि निवेश का पैसा और मुनाफे की रकम आपको एक साथ मैच्योरिटी पर मिलेगी।
केवीपी आप ऐसे ही 10 लाख रु का निवेश एक साथ नहीं कर सकते। दरअसल मनी लॉन्ड्रिंग की संभावनाओं को रोकने के लिए, सरकार ने 2014 में 50000 रुपये से अधिक के निवेश के लिए पैन कार्ड को जरूरी बना दिया था। यदि आपको 10 लाख रु या इससे अधिक का निवेश करना हो तो आपको आय प्रमाण (सैलेरी स्लिप, बैंक डिटेल, आईटीआर दस्तावेज आदि) जमा करने होंगे। यह एक शून्य जोखिम वाला बचत ऑप्शन है, जहां आप एक निश्चित अवधि के लिए अपना पैसा सुरक्षित रूप से जमा कर सकते हैं।
केवीपी में निवेश के लिए खाताधारक की पहचान के प्रमाण के रूप में आधार जमा करना अनिवार्य है। हालांकि केवीपी में आपको आयकर अधिनियम 80सी के तहत टैक्स कटौती का फायदा नहीं मिलता है और रिटर्न पूरी तरह से टैक्सेबल होता है। हालांकि मैच्योरिटी पर विदड्रॉल पर टैक्स डिडक्शन एट सॉर्स (टीडीएस) नहीं लगता।
सिक्योर्ड लोन प्राप्त करने के लिए आप अपने केवीपी सर्टिफिकेट को गिरवी रख सकते हैं। ऐसे लोन के लिए ब्याज दर कम होती है। यदि केवीपी में भुगतान नकद किया जाए तो वे फौरन ही केवीपी प्रमाण पत्र जारी किए जाते हैं। चेक, डिमांड ड्राफ्ट या मनीआर्डर के लिए, आपको पोस्ट ऑफिस को राशि क्लियर होने तक इंतजार करना होगा।
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