नई दिल्ली, अगस्त 21। कोविड-19 के फैलने और फिर इसे रोकने के लिए लगाए गए लॉकडाउन ने दुनिया भर में लोगों के जीवन पर बुरा असर डाला है। महामारी से जो दिक्कतें सामने आईं उनमें सबसे बड़ी दिक्कत है पैसों की। फाइनेंशियल अनिश्चितता इस समय सबसे बड़ी चिंता बन कर उभरी है। जिन लोगों को कोरोना काल में फाइनेंशियल झटका लगा वे अभी तक संभल नहीं पाए हैं। जबकि स्थिति अभी भी सामान्य नहीं हुई है। अगर कोरोना की तीसरी लहर आई तो फिर से लॉकडाउन की स्थिति बन सकती है। इसलिए पैसों के मामले में आपको तैयारी करके रखनी चाहिए और कुछ खास प्लानिंग करनी चाहिए। यहां हम आपको 5 ऐसे टिप्स देंगे, जिन्हें फॉलो करके आपकी फाइनेंशियल फिटनेस अच्छी हो सकती है।
इमरजेंसी स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त पैसा होना बुद्धिमानी है। इस बात से इनकार नहीं किया जा सकता है कि महामारी और लॉकडाउन ने पर्याप्त इमरजेंसी फंड की आवश्यकता का एहसास कराया ताकि वेतन में कटौती या व्यापार में नुकसान के कारण मुश्किल वक्त में घर चलाने में मदद हो सके। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि मेडिकल इमरजेंसी के खर्चों को पूरा करने के लिए लोगों के पास अलग से पैसा होना चाहिए।
इस वैश्विक महामारी के दौरान बढ़ा हुआ कर्ज लोगों के लिए चिंता का कारण है। फाइनेंशियल नुकसान के कारण लोगों को लोन चुकाने में दिक्कत आती है। ऐसा ही मौजूदा संकट के समय देखा गया है। दूसरी बात समय पर लोन न चुका पर कर्ज बढ़ जाता है। लिंक्डिन के एक सर्वे के अनुसार 35% कर्मचारितों को अपने लोन भुगतान में वृद्धि की उम्मीद है, 35% व्यक्तिगत खर्च में वृद्धि की उम्मीद कर रहे हैं और केवल 30% को ही आय में वृद्धि की उम्मीद है।
देर से भुगतान करना नुकसानदेह है क्योंकि इस पर अतिरिक्त शुल्क देना पड़ता है। इसलिए अतिरिक्त शुल्क से बचने के लिए समय पर भुगतान करें। ईएमआई के भुगतान के लिए आप ऑटो-पे प्रोसेस का लाभ उठा सकते हैं। यदि किसी के पास ईएमआई का भुगतान करने के लिए पर्याप्त धन नहीं है, तो वह लोन से जुड़ी शर्तों पर चर्चा करने और उसके भुगतान की तारीख बढ़ाने के लिए बैंक से संपर्क कर सकता है।
कैश फ्लो का बरकरार रहने बहुत जरूरी है। कैश फ्लो में होने वाली कोई भी दिक्कत आपके लिए चिंता का कारण बन सकती है। कैश फ्लो का मुद्दा उन लोगों के लिए जरूर बाधा बन जाता है, जिनकी वित्तीय देनदारियां अधिक हों। कोविड-19 को रोकने के लिए लगाए गए छोटे कारोबारियों के लिए कैश फ्लो की दिक्कत और भी बड़ी हो सकती है।
कोरोनावायरस पूरी तरह से खत्म नहीं हुआ है। इसलिए लोगों को अच्छे स्वास्थ्य और जीवन बीमा योजनाओं का चयन करना चाहिए। महामारी के दौरान मेडिकल इमरजेंसी की स्थिति से निपटने के लिए बीमा महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। बीमा की कमी के कारण आपके और आपके परिवार के सदस्यों को फाइनेंशियल मुसीबतों का सामना करना पड़ सकता है।
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