EPFO; Provident Fund: प्राइवेट नौकरी करने वालों के लिए पीएफ यानी प्रोविडेंट फंड का पैसा बुढ़ापे के समय या भविष्य में किसी वित्तीय संकट या जरूरत के समय सहारा होता है। ऐसे में इसको लेकर लोगों में कई तरह के सवाल और चिंताएं भी होती हैं।
दरअसल, कर्मचारी भविष्य निधि (EPF) नौकरीपेशा लोगों के लिए सबसे सुरक्षित निवेश विकल्पों में से एक है। यह सावधि जमा (FD) और अन्य सुरक्षित निवेश योजनाओं की तुलना में बेहतर ब्याज़ दर प्रदान करता है। वर्तमान में इस पर 8.25% ब्याज़ मिल रहा है, जो इसे लंबी अवधि की रिटायरमेंट प्लानिंग के लिए एक शानदार विकल्प बनाता है।
ऐसे में नौकरी छोड़ने के बाद अक्सर लोग प्रोविडेंट फंड (PF) के पैसों को लेकर दुविधा में रहते हैं - क्या इसे निकाल लेना चाहिए या खाते में ही पड़े रहने देना चाहिए, ताकि ब्याज़ मिलता रहे? कई लोग नहीं जानते कि यह ब्याज़ कब तक मिलेगा और कहीं निश्चित समय के बाद खाता निष्क्रिय तो नहीं हो जाएगा। आइए जानते हैं इस बारे में कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) के क्या नियम हैं...
PF को लेकर क्या हैं EPFO के नियम?
EPFO के नियमों के अनुसार, यदि कोई सदस्य 58 वर्ष की आयु से पहले नौकरी छोड़ देता है, लेकिन अपना PF बैलेंस नहीं निकालता है, तो उसे 58 साल की उम्र तक ब्याज़ मिलता रहेगा। उदाहरण के लिए, अगर आपने 35 साल की उम्र में नौकरी छोड़ी है, तब भी अगले 23 साल तक आपके फंड पर ब्याज़ मिलता रहेगा।
यह एक आम गलतफहमी है कि नौकरी छोड़ते ही PF खाता निष्क्रिय (Inactive) हो जाता है। EPFO खाता तब तक सक्रिय (Active) मानता है और ब्याज़ देना जारी रखता है, जब तक सदस्य 58 वर्ष का नहीं हो जाता। इस दौरान ब्याज़ निरंतर मिलता रहता है और खाते का स्टेटस एक्टिव बना रहता है।
यदि आप 58 वर्ष की आयु में सेवानिवृत्त होते हैं और तुरंत PF का पैसा नहीं निकालते हैं, तो भी इसका लाभ जारी रहता है। EPFO के नियम के अनुसार, सेवानिवृत्ति के बाद भी अगले तीन साल तक, यानी कुल 61 साल की उम्र तक, आपके PF बैलेंस पर ब्याज़ मिलता रहेगा।
61 साल पूरे होने के बाद, EPFO आपके PF खाते को निष्क्रिय (इनएक्टिव) कर देता है। इसका अर्थ है कि इसके बाद शेष बची राशि पर ब्याज़ मिलना बंद हो जाएगा। हालांकि, इसमें जमा आपकी पूंजी पूरी तरह सुरक्षित रहती है और आप इसे कभी भी निकाल सकते हैं, लेकिन तब तक उस पर कोई ब्याज़ नहीं जुड़ेगा।
कई लोग नौकरी छोड़ते ही PF निकाल लेते हैं, जिससे वे ब्याज़ का बड़ा हिस्सा खो देते हैं। PF निकालकर FD में लगाने के बजाय, PF खाते में 8.25% का गारंटीड रिटर्न मिलना कहीं अधिक समझदारी है क्योंकि यह सुरक्षित और उच्च ब्याज़ वाला विकल्प है।
EPF को भारत सरकार की गारंटी प्राप्त है। इसकी ब्याज़ दरें स्थिर रहती हैं, यह टैक्स छूट प्रदान करता है और इसमें जमा पैसा पूरी तरह सुरक्षित होता है। यही कारण है कि सेवानिवृत्ति योजना के लिए यह सबसे भरोसेमंद और प्रभावी निवेश विकल्पों में से एक माना जाता है, जिससे दीर्घकालिक वित्तीय सुरक्षा मिलती है।
PF का पैसा निकालने आसान स्टेप्स
- सबसे पहले EPFO पोर्टल पर अपने UAN का उपयोग करके लॉगिन करें।
- अपनी KYC जानकारी अपडेट करें।
- 'ऑनलाइन सर्विसेज़' सेक्शन में जाकर 'क्लेम' (फॉर्म 31, 19, 10C) का चयन करें।
- अपने बैंक खाते को सत्यापित करें, निकासी का कारण चुनें और OTP दर्ज करके आवेदन जमा करें।
- आमतौर पर, 7 से 8 दिनों के भीतर पैसा आपके बैंक खाते में आ जाता है।
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