नई दिल्ली, अप्रैल 26। कोरोना संकट के बीच एक बार फिर से शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। ऐसे में निवेश करने वालों को नुकसान होने की संभावना ज्यादा रहती है। क्योंकि कोई अनुमान नहीं लगा सकता कि मार्केट में कब क्या होगा। मगर ऐसे समय पर कुछ बढ़िया ऑप्शन फिर भी रहते हैं, जिनमें आप पैसा लगा कर अच्छी कमाई कर सकते हैं। यहां हम आपको कुछ ऐसे ही बढ़िया ऑप्शन की जानकारी देंगे।
आरबीआई ने फरवरी में कहा था कि ये खुदरा निवेशकों को अपने पास गिल्ट अकाउंट खोलकर सीधे सरकारी बॉन्ड में निवेश करने की अनुमति देगा। इस समय 10-वर्षीय बेंचमार्क बॉन्ड पर रिटर्न 6.03 प्रतिशत है। यदि आप पूरे 10 वर्षों के लिए इन बॉन्डों को अपने पास रखते हैं, तो आपको प्रति वर्ष 6.03 प्रतिशत रिटर्न मिलेगा। इस इंस्ट्रूमेंट पर भारत सरकार की गारंटी होती है। इसलिए आपका पैसा पूरी तरह सेफ रहेगा।
ये बॉन्ड पहली बार 1 जुलाई 2020 से बिक्री के लिए उपलब्ध किए गए। इन पर एनएससी से संबंधित फ्लोटिंग दर से ब्याज मिलता है। वर्तमान में यह रेट 7.15% है और इसे एनएससी दर के आधार पर हर छह महीने में संशोधित किया जाता है। इन बॉन्डों पर आपको इकट्ठे ब्याज का भुगतान नहीं किया जाता। इन बॉन्ड्स को आप एसबीआई, एचडीएफसी बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, एक्सिस बैंक और अन्य बैंकों की शाखाओं से खरीद सकते हैं। ये बॉन्ड भी सरकारी हैं, इसलिए सुरक्षित भी हैं।
सेबी के दिशानिर्देशों के अनुसार इन कॉरपोरेट बॉन्ड फंडों को एए- और उससे ऊपर की रेटिंग वाले कॉरपोरेट बॉन्ड में कम से कम 80% पैसा निवेश करना होता है। एएए रेटिंग बढ़िया होती है और इन फंड्स का निवेश ऐसे बॉन्ड में किए जाने से जोखिम वैसे भी कम हो जाएगा। साथ ही, ये कॉरपोरेट बॉन्ड फंड बॉन्ड फंड्स की तुलना में अधिक रिटर्न देते हैं। आपको यहां एफडी से भी बढ़िया रिटर्न मिलता है।
हालांकि इक्विटी मार्केट में अस्थिरता रहती है, मगर ब्लूचिप स्टॉक या मूल रूप से लार्ड कैप कंपनियों में सबसे कम जोखिम होता है। इक्विटी में लंबे समय में मुद्रास्फीति यानी महंगाई को मात देने की भी क्षमता है। भारत में निवेश के लिए सुझाए गए कुछ ब्लू चिप स्टॉक में रिलायंस, इंफोसिस, एचडीएफसी और भारती एयरटेल शामिल हैं। ये कंपनियां लंबे समय से मौजूद हैं और अपने-अपने सेक्टर की प्रमुख कंपनियां हैं। इसलिए ये सेफ भी हैं। वैसे तो बाजार में गिरावट के समय इनकी भी हालत खराब हो सकती है। मगर ये रिकवरी भी करने की क्षमता रखती हैं।
एक्सचेंज ट्रेडेड फंड्स या ईटीएफ वे म्यूचुअल फंड्स होते हैं जिनमें एक्सचेंजों पर ट्रेड होता है। ईटीएफ में आप बॉन्ड या इक्विटी कोई भी ऑप्शन चुन सकते हैं। ईटीएफ या एक्सचेंज ट्रेडेड फंड कई निवेशकों के पैसे को इकट्ठा करते हैं और विभिन्न प्रतिभूतियों (जैसे कि डेब्ट सिक्योरिटीज, शेयर आदि) में निवेश करते हैं। ये एक्सचेंजों में सूचीबद्ध होते हैं और इनमें कारोबार (ट्रेड) किया जाता है। इनमें से ज्यादातर ईटीएफ सेबी के पास रजिस्टर्ड होते हैं। निवेश के लिहाज से ईटीएफ एक अच्छा ऑप्शन हैं। इनसे निवेशकों को शेयर बाजार में अच्छा एक्सपोजर मिलता है।
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