दीपावली आने में अब कुछ ही दिन और रह गए हैं और अगर आप इस दीपावली या फिर धनतेरस के दिन सोना खरीदना चाहते हैं या सोने से जुड़ी किसी योजना में निवेश करना चाहते हैं तो आपको ये लेख जरूर पढ़ना चाहिए। इसमे पहली बार सोना खरीदना वाले निवेशकों के लिए बहतर टिप्स दिए गए हैं। यदि आप भारत में सोने में निवेश करना चाहते हैं तो बहुत से विकल्प उपलब्ध हैं। पहले यह देखें कि सोने में निवेश करने से पहले क्या करना चाहिए, सोने में निवेश क्यों करना चाहिए, कर देयता (टैक्स), विभिन्न निवेश विकल्प और सोने के बारे में आप जो कुछ जानना चाहते हैं, उन सभी बातों की जानकारी होनी चाहिए। यहां हम आपको बताएंगे कि सोने में निवेश कैसे करें और जो लोग पहली बार सोने में या फिर गोल्ड ईटीएफ में निवेश करना चाहते हैं उन्हें क्या करना चाहिए।
सोने में निवेश के लिए किन दस्तावेजों की आवश्यकता होती है? यदि आप 2 लाख रूपये से अधिक मूल्य का भौतिक सोना (सोने की कोई वस्तु जैसे गोल्ड बार, गोल्ड कॉइन, आभूषण आदि) खरीद रहे हैं तो पैन कार्ड की आवश्यकता होती है। तो ध्यान रहे कि आपके पास पैन कार्ड हो।
यदि आप गोल्ड ईटीएफ में निवेश कर रहे हैं तो आपको ब्रोकरेज फर्म के साथ एक अकाउंट खोलना पड़ता है तथा साथ ही साथ एक डीमैट अकाउंट भी खोलना पड़ता है। इस लेख में आगे हम आपको बताएँगे कि आपको ईटीएफ क्यों खरीदना चाहिए और गोल्ड कॉइन, गोल्ड बार और सोने के आभूषण क्यों नहीं खरीदने चाहिए।
फिज़िकल गोल्ड खरीदना बहुत आसान है। आपको सिर्फ इतना करना है कि जौहरी की दुकान में जाएं और पैन कार्ड दिखाकर आभूषण खरीद लें। अब यहाँ पर एक चेतावनी है - यदि आप निवेश करना चाहते हैं तो गोल्ड के आभूषण न खरीदें बल्कि गोल्ड कॉइन खरीदें। ऐसा इसलिए क्योंकि आभूषणों में बनाने की लागत जुडी हुई होती है जो गोल्ड को पुन: बेचने पर वापस नहीं मिलती। सबसे अच्छा विकल्प है कि आप गोल्ड ईटीएफ खरीदें क्योंकि इसकी चोरी की चिंता नहीं रहती, इन्हें रखना आसान होता है और इन्हें आसानी से बेचा जा सकता है। सबसे अच्छी बात यह है कि यह गोल्ड की कीमतों का पीछा करता है।
फिज़िकल गोल्ड को बेचते समय जौहरी अपना मार्जिन काटता है। गोल्ड ईटीएफ खरीदने के लिए आपको एक ब्रोकिंग और ट्रेडिंग अकाउंट खोलना होगा और अपने ब्रोकर से बात करनी होगी। कई गोल्ड ईटीएफ हैं, जैसे गोल्डमैन सचस गोल्ड ईटीएफ, जो सबसे बड़ा है, कोटक गोल्ड ईटीएफ, एसबीआई गोल्ड ईटीएफ आदि। सॉवेरियन गोल्ड बांड्स भी सूची में हैं और आप उन्हें वैसे ही खरीद सकते हैं जैसे आप अन्य शेयर्स खरीदते हैं।
फिज़िकल गोल्ड चोरी हो सकता है परन्तु गोल्ड ईटीएफ और सॉवेरियन गोल्ड बांड्स नहीं। गोल्ड के आभूषणों के साथ उन्हें बनाने का शुल्क भी जुड़ा होता है और गोल्ड ईटीएफ में व्यय अनुपात होता है परन्तु सॉवेरियन गोल्ड बांड्स में ऐसा कोई शुल्क नहीं होता। सॉवेरियन बांड्स को पुन: बेचने पर कोई कर नहीं लगता जबकि फिज़िकल गोल्ड पर सूचीकरण के बाद 20 प्रतिशत टैक्स लगता है।
सॉवेरियन गोल्ड बांड्स पर आपको 2.5 प्रतिशत की दर से अर्धवार्षिक ब्याज भी मिलता है। गोल्ड ईटीएफ और फिज़िकल गोल्ड पर यह यह नहीं मिलता। जैसा कि पहले बताया गया है गोल्ड ईटीएफ के अपने फायदे होते हैं परन्तु उतने नहीं जितने बांड्स के होते हैं। अत: आपको सॉवेरियन बांड्स खरीदने चाहिए।
अक्सर यह प्रश्न पूछा जाता है कि, मैं सोना क्यों खरीदूं? आइये हम आपको इस प्रश्न का उत्तर बताते हैं। माना कि आपने अपना सारा पैसा शेयर्स में लगा दिया, यह सोच के कि सोने में निवेश करना लाभदायक नहीं है। हम सभी जानते हैं कि शेयर्स में कुछ भी हो सकता है। 2008 में लेहमैन ब्रदर्स के संकट के बाद तीन सालों में लगभग तीन गुनी हो गयी थी और 2008 के बाद से यह लगभग साढ़े तीन गुना वापस आ गयी हैं। ऐसा इसलिए क्योंकि विश्व की अर्थव्यवस्था नष्ट हो गयी थी और निवेशकों ने सोने का आश्रय लिया। अत: विविधता के लिए आपको सोने में भी निवेश करना चाहिए। विश्लेषक मानते हैं कि सोने में लगभग 10 प्रतिशत निवेश करना चाहिए हालाँकि कई लोग इसे मृत निवेश मानते हैं।
यदि आप सोने में पहली बार निवेश कर रहे हैं तो आपको 22 कैरेट गोल्ड और 24 कैरेट गोल्ड में अंतर मालूम होना चाहिए। 24 कैरेट गोल्ड लगभग 100 प्रतिशत शुद्ध होता है परंतु इसे 99.9 प्रतिशत शुद्ध माना जाता है। सोने के आभूषण बनाने के लिए आप इतनी अधिक शुद्धता के सोने का उपयोग नहीं कर सकते क्योंकि सोना नाज़ुक होता है और आभूषण टूट जाता है। अत: सोने के साथ तांबा या अन्य कोई धातु मिलाई जाती है ताकि आभूषण टूटे नहीं। 22 कैरेट गोल्ड 91.6 प्रतिशत शुद्ध होता है।
यदि आपके गोल्ड की कीमत 30 लाख से अधिक है तो आपको प्रतिवर्ष संपत्ति कर देना पड़ता है। ध्यान रहे कि बहुत से लोगों को इस प्रावधान के बारे में पता नहीं है। गोल्ड का मूल्यांकन 31 मार्च 2017 को किया जाता है। यदि आपके पास 30 लाख से अधिक मूल्य का सोना है और उसका 1% कर आपने नहीं दिया है तो आपका सोना ज़ब्त हो सकता है।
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