मातृत्व बीमा योजना विशेष रुप से मातृत्व से संबंधित व्यय को कवर करने वाली स्पेशल स्कीम हैं। हेल्थ से संबंधित कंपनियां और सामान्य कंपनियां एक मां को हेल्थ सेक्योरिटी और भविष्य को संवारने का मौका देती हैं। इन बीमा योजनाओं के माध्यम से मां फैमिली प्लानिंग कर सकती है और फायनेंशियल रुप से अपने पैरेंटहुड को बिना किसी टेंशन के इंज्वाय कर सकती है।
अधिकतम स्वास्थ्य कवर के साथ 10 लाख रुपए सिग्ना टीटीके योजना के द्वारा जन्म देने वाली माता को खर्च के लिए प्रदान किया जाता है। यहां तक कि पहले साल में होने वाला टीकाकरण भी इसी पॉलिसी में शामिल होता है। इस पॉलिसी के लिए वयस्क की उम्र 18 साल और जन्म लेने वाले बच्चे को लगभग 91 दिन का होना चाहिए। पॉलिसी की अवधि 1 या 2 साल हो सकती है।
नार्मल डिलेवरी के लिए 15 हजार का ऑफर और सिजेरियन डिलेवरी के लिए 25 हजार का ऑफर दिया जाता है। वेटिंग टाइम के अंतर्गत इस ऑफर की अवधि 48 महीने होती है। हालांकि, अतिरिक्त प्रीमियम भुगतान पर प्रतीक्षा अवधि को एक वर्ष तक घटाया जा सकता है। डिलेवरी के दौरान अस्पताल के जो खर्चे आते हैं उन्हें इसे पॉलिसी में शामिल नहीं किया जाता।
इस बीमा पॉलिसी में अधिकतम कवर के साथ 10 लाख रुपए और 3 साल की प्रतिक्षा अवधि शामिल होती है। इसके अंतर्गत अधिकतम 2 डिलेवरी कवर होती है। यह पॉलिसी बच्चे के जन्म से पहले और जन्म के बाद होने वाले खर्च के लिए कवर प्रदान करती है। अगर बच्चे को जन्मजात कोई बीमारी है तो वह भी इस पॉलिसी के अंतर्गत कवर होती है। डिलेवरी के बाद अगर मां को कोई कॉम्प्लीकेशन होता है तो उसका खर्च भी इस पॉलिसी के अंदर कवर होता है। मां के जो क्लीनिकल टेस्ट होंगे वो भी 1000 तक का इसमें कवरअप होगा। हालांकि कवर अप 27 महीने की प्रतीक्षा अवधि के बाद ही बढ़ाया जाता है।
आसान स्वास्थ्य नीति के अनन्य और प्रीमियम योजनाओं में मातृत्व और नए जन्म के व्यय कवर शामिल हैं। इस पॉलिसी के अंतर्गत 3-5 आश्वासित मूल्य पर नॉर्मल डिलेवरी के लिए 15 हजार रुपए और सिजेरियन के लिए 25 हजार रुपए कवर होते हैं। डिलेवरी के पहले और डिलेवरी के बाद के लिए 1500रुपए का कवर मिलेगा। 7.5 लाख रुपए के आश्वासित मूल्य के लिए सामान्य डिलेवरी के लिए 25 हजार और सिजेरियन के लिए 40 हजार का कवर खर्च के तौर पर मिलेगा। डिलेवरी के पहले और डिलेवरी के बाद के लिए 2500 रुपए का कवर मिलेगा। इस कवर के लिए प्रतिक्षा अवधि 4 साल है।
बीमा राशि वार्षिक आधार पर 3 लाख रुपए और 5 लाख रुपए है। इस बीमा योजना का हिस्सा बनने के लिए वयस्क की उम्र 18 साल से ज्यादा और न्यू बॉर्न बेबी की उम्र 1 साल होनी चाहिए। हॉस्पिटल में भर्ती होने के 30 दिन पहले और भर्ती होने के 60 दिन बाद तक का खर्च से इस बीमा योजना में शामिल होगा। एंबुलेंस कवर 1 हजार है। तो वहीं डिलेवरी के पहले और बाद के खर्चे के लिए 35 हजार से 50 हजार तक का कवर है। नवजात शिशु के लिए कवर 30 हजार से 50 हजार है।
इस पॉलिसी के अंतर्गत प्रतिक्षा अवधि 2 साल है। मैक्सिमम कवर 2 डिलीवरी के लिए दिया जाएगा। अपने सभी प्लान के अंतर्गत मैक्स बप्पा हार्टबीट परिवार फ्लोटर मां के साथ-साथ बच्चे को भी सारे सुरक्षा के कवर प्रदान करते हैं। इनके प्रमुख प्लान हैं गोल्ड, सिल्वर और प्लेटिनम। बच्चे को पहले साल वाला लगने वाला टीके के लिए खर्च भी इसी कवर में शामिल होगा।
More Articles
- भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें
- Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?
- US Fed का फैसला आज रात: क्या भारतीय बाजार में आएगी बड़ी हलचल? जानें ट्रेडर्स के लिए खास रणनीति
- GST QRMP स्कीम: PMT-06 पेमेंट में 35% चालान चुनें या सेल्फ-असेसमेंट? ब्याज से बचने का पूरा गणित
- ITR फाइलिंग की डेडलाइन: 31 जुलाई से पहले निपटा लें ये जरूरी काम, वरना होगा नुकसान
- चेन्नई रेल अपडेट: आज रात कई ट्रेनें रद्द, सफर से पहले चेक करें अपना रूट और टाइमिंग