Vodafone Idea Share Price : आर्थिक संकट से गुजर रही कंपनी वोडाफोन आइडिया के शेयरों में शुक्रवार (22 अगस्त) को जबरदस्त तेजी देखी गई। स्टॉक मार्केट में कमजोर कारोबारी सत्र के बीच वोडाफोन आइडिया के शेयरों में करी 9 फीसदी की उछाल आई और इसके साथ यह टेलीकॉम स्टॉक 7.17 रुपये के इंट्राडे हाई पर पहुंच गया।

Advertisement

आज स्टॉक अपने पिछले बंद भाव 6.56 रुपये के मुकाबले 6.68 रुपये पर खुला। खबर लिखे जाने तक दोपहर के 2:12 बजे वोडाफोन आइडिया के शेयर बीएसई पर 8.38 फीसदी की बढ़त के साथ 7.11 रुपये पर कारोबार कर रहा था।

Advertisement

पिछले एक हफ्ते में वोडाफोन आइडिया के शेयर 15 फीसदी से अधिक चढ़े हैं जबकि एक महीने में 2 फीसदी से अधिक टूटा है। पिछले एक साल में कंपनी के शेयर 55 फीसदी से अधिक गिरे हैं। कंपनी का मार्केट कैप 77,790.30 करोड़ रुपये है। स्टॉक का 52 सप्ताह का उच्च स्तर 16.55 रुपये और 52 सप्ताह का निचला स्तर 6.12 रुपये है।

Advertisement

इस वजह से स्टॉक में आया उछाल?

वोडाफोन आइडिया के शेयरों में यह बढ़त एक बड़ी खबर के बाद से आई है। दरअसल, दूरसंचार विभाग (DoT) ने वोडाफोन आइडिया (Vi) के लिए राहत उपायों पर अंतिम निर्णय लेने के लिए प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) को पत्र लिखा है। उसके बाद सरकार द्वारा समायोजित सकल राजस्व (एजीआर) बकाया माफ करने पर विचार किए जाने के कारण स्टॉक में जबरदस्त उछाल देखा गया है।

Advertisement

दूरसंचार कंपनी पर सरकार का 2,14,700 करोड़ रुपये का बकाया है। प्रधानमंत्री कार्यालय ने वोडाफोन आइडिया और भारती एयरटेल लिमिटेड के लिए एजीआर राहत प्रस्ताव की समीक्षा की है। अगर प्रस्ताव को मंजूरी मिल जाती है, तो वोडाफोन आइडिया का एजीआर बकाया 83,400 करोड़ रुपये से घटकर 28,000 करोड़ रुपये हो जाएगा।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, DoT ने कंपनी के लिए 'कई राहत विकल्प' प्रस्तावित किए हैं जिनें स्थगन अवधि में दो साल का विस्तार, AGR भुगतान पर जुर्माने और ब्याज में छूट और छोटी किश्तों का विकल्प शामिल है। कंपनी को 31 मार्च, 2026 से शुरू होने वाली वर्तमान स्थगन अवधि (Moratorium Period) के बाद अपनी AGR देनदारी छह समान किश्तों में चुकानी होगी।

Advertisement

Vi पर सरकार का लगभग 83,400 करोड़ रुपये का AGR बकाया

रिपोर्ट्स की मानें तो कथित तौर पर Vi पर सरकार का लगभग 83,400 करोड़ रुपये का AGR बकाया है, जिसका वार्षिक भुगतान लगभग 18,000 करोड़ रुपये अगले मार्च से शुरू होने वाला है। वोडाफोन ने हाल ही में कहा था कि भारी बकाया राशि को देखते हुए बैंक और ऋण देने को तैयार नहीं हैं। ऐसे में कंपनी बिना फाइनेंशियल मदद के एक साल से अधिक समय तक नहीं चल पाएगी।

Advertisement

कंपनी अप्रैल से ही अतिरिक्त सरकारी राहत की मांग कर रही है, जब सरकार ने एजीआर बकाया के लगभग 36,000 करोड़ रुपये को इक्विटी में बदल दिया था, जिससे कंपनी में उसकी हिस्सेदारी बढ़कर 49% हो गई थी। हालांकि, संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा है कि सरकार वोडाफोन आइडिया के और अधिक बकाया को इक्विटी में नहीं बदल सकती।

30 जून तक, वीआई के स्पेक्ट्रम (वित्त वर्ष 44 तक देय) और एजीआर बकाया (वित्त वर्ष 21 तक) के लिए डेफर पेमेंट लायबिलिटी की कुल राशि 1,99,140 करोड़ रुपये थी। वित्त वर्ष 2026 में देय AGR किश्तें 16,428 करोड़ रुपये है, जबकि जून 2026 तक देय स्पेक्ट्रम संबंधी किश्तें 2,641 करोड़ रुपये हैं। जून 2026 तक देय बैंक ऋण ब्याज को छोड़कर 1,715 करोड़ रुपये है जिसमें से 211 करोड़ रुपये को कॉन्ट्रैक्ट उल्लंघनों के कारण शॉर्ट टर्म उधार के रूप में क्लासिफाइड किया गया है।