Uttarakhand Govt : मुख्य मंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व वाली उत्तराखंड सरकार ने राज्य आंदोलनकारियों के आश्रितों के संदर्भ में बेहद ही खास फैसला लिया है, तो फिर आइए जानते हैं इसके बारे में।

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अब उन राज्य आंदोलनकारियों के आश्रितों को भी पेंशन का फायदा मिलेगा। जो आंदोलनकारी पेंशन की स्वीकृत होने से पहले ही गुजर गए थे और उन राज्य आंदोलनकारी के आश्रित ( पति / पत्नी ) पेंशन का फायदा अभी तक नही ले पा रहे थे।

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शासन की तरफ से एक विज्ञप्ति जारी की गई है। सरकार की तरफ से जारी इस विज्ञप्ति में कहा गया है कि यह सरकार के संज्ञान में आया है कि राज्य आंदोलनकारियों ऐसे बहुत सारे प्रकरण हैं।

इस राज्य आंदोलनकारियों के प्रकरण में राज्य आंदोलनकारियों के गुजर जाने की पेंशन स्वीकृत होने से पूर्व यानी पेंशन स्वीकृति संबंधी शासनादेश जारी होने से पूर्व हो गयी थी। उन राज्य आंदोलनकारियों के परिवार के आश्रितों को सरकार की तरफ से जारी पेंशन योजना का अभी तक फायदा नहीं मिल पा रहा है।

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इस विपत्ति में कहा गया है कि सरकार की तरफ से यह फैसला लिया गया है कि ऐसे राज्य आंदोलनकारियों जिनके आश्रितों को अभी तक भी पेंशन का फायदा नहीं मिल रहा है। उन आश्रितों को अब हर महीने 4 हजार 500 रु की पेंशन का फायदा मिल सकेगा।

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गौरतलब है कि सरकार ने साल 2016 में चयनित राज्य आंदोलनकारियों को हर महीने 3 हजार 100 रु की पेंशन हर महीने देने का निर्णय लिया था।

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इसके संबंध में शासनादेश संख्या - 533 / बीस - 4 /2016 - 3 (1) / 2009 तारीख 1 जून 2016 जारी किया गया था। इसके बाद सरकार के द्वारा साल 2021 में इस राशि को बढ़ा दिया गया। सरकार ने इस राशि में बढ़ोतरी करके इस राशि को 4 हजार 500 रु प्रति महीने कर दी थी।

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