नयी दिल्ली। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार कोरोवायरस के कारण लगाए गए लॉकडाउन के चलते मई में आठ मुख्य इंफ्रास्ट्रक्चर उद्योगों के उत्पादन में 23.4 प्रतिशत की भारी गिरावट आई। वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय द्वारा मंगलवार को जारी किए गए आंकड़ों के अनुसार मई 2019 में इन 8 मुख्य क्षेत्रों के उत्पादन में 3.8 फीसदी की बढ़ोतरी हुई थी। उर्वरक को छोड़कर बाकी सभी सात क्षेत्रों, जिनमें कोयला, कच्चा तेल, प्राकृतिक गैस, रिफाइनरी उत्पाद, इस्पात, सीमेंट और बिजली शामिल हैं, में मई में नकारात्मक वृद्धि दर्ज की गई।
अप्रैल-मई में कैसा रहा प्रदर्शन
पिछले वित्त वर्ष में अप्रैल-मई में इन 8 मुख्य क्षेत्रों के उत्पादन में 4.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई थी, मगर वित्त वर्ष 2020-21 की समान अवधि में इन क्षेत्रों का उत्पादन 30 प्रतिशत घटा है। मंत्रालय की तरफ से बयान में कहा गया है कि अप्रैल और मई 2020 के दौरान कोरोना महामारी के कारण लॉकडाउन के मद्देनजर विभिन्न उद्योगों (कोयला, सीमेंट, स्टील, प्राकृतिक गैस, रिफाइनरी, क्रूड ऑयल आदि) के उत्पादन में काफी नुकसान हुआ है। औद्योगिक उत्पादन सूचकांक (आईआईपी) में इन आठ उद्योगों का योगदान 40.27 प्रतिशत रहता है।
आईआईपी में भारी गिरावट
आईआईपी के आंकड़े पिछले महीने अप्रैल के लिए सरकार की तरफ से जारी किए गए थे, जिनमें इसमें भारी गिरावट की बात सामने आई थी। लॉकडाउन के चलते भारत के आईआईपी में अप्रैल में कम से कम दो दशकों की सबसे बड़ी गिरावट दर्ज की गयी। औद्योगिक उत्पादन का सूचकांक अप्रैल में सालाना 55.5 फीसदी घट गया, जो 1996 के बाद से सबसे बड़ी गिरावट है। इसकी मार्च के संशोधित 18.3 फीसदी गिरावट के साथ तुलना की गई है। 25 मार्च से लॉकडाउन लागू होने के बाद अधिकांश औद्योगिक क्षेत्र ठप्प पड़े हैं। हालांकि कहा गया था कि बाद में जारी किए जाने वाले संशोधित होंगे जिनमें थोड़े सुधार की संभावना है।
More Articles
- भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें
- Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?
- ITR फाइल करने का आज आखिरी मौका: क्या आज के बाद लगेगा जुर्माना? जानें बचने का तरीका
- US Fed का फैसला आज रात: क्या भारतीय बाजार में आएगी बड़ी हलचल? जानें ट्रेडर्स के लिए खास रणनीति
- GST QRMP स्कीम: PMT-06 पेमेंट में 35% चालान चुनें या सेल्फ-असेसमेंट? ब्याज से बचने का पूरा गणित
- ITR फाइलिंग की डेडलाइन: 31 जुलाई से पहले निपटा लें ये जरूरी काम, वरना होगा नुकसान