नई दिल्ली, जनवरी 4। डिजिटल पेमेंट के लिए इंटरनेट जरूरी है। बिना इंटरनेट के आप यूपीआई जैसी किसी भी सुविधा से पैसों की लेन-देन नहीं कर सकते। मगर अब भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने एक नयी सुविधा शुरू की है, जिसके तहत 200 रुपये तक का लेनदेन बिना इंटरनेट के या ऑफलाइन मोड में हो सकेगा। जी हां आरबीआई ने 200 रु तक के छोटे मूल्य के डिजिटल भुगतान की सुविधा के लिए फ्रेमवर्क' जारी किया है, जिसमें कुल 2,000 रुपये की सीमा होगी। इस फ्रेमवर्क में सितंबर 2020 से जून 2021 के दौरान देश के अलग-अलग हिस्सों में किए गए ऑफलाइन लेनदेन पर पायलट एक्सपेरिमेंट के तहत मिला फीडबैक शामिल है।
ऑफलाइन डिजिटल भुगतान का मतलब एक ऐसा लेनदेन होगा, जिसमें इंटरनेट या यहां तक कि टेलीकॉम कनेक्टिविटी की भी आवश्यकता नहीं होगी। इस नए फ्रेमवर्क के तहत इस तरह का भुगतान किसी भी चैनल या इंस्ट्रूमेंट (जैसे कार्ड, वॉलेट, मोबाइल डिवाइस आदि) का उपयोग करके फेस-टू-फेस किए जा सकते हैं। इस तरह के लेनदेन के लिए एडिश्नल फैक्टर ऑफ ऑथेंटिकेशन (एएफए) की आवश्यकता नहीं होगी।
ये लेनदेन ऑफ़लाइन होंगी, इसलिए ग्राहक को एक समय अंतराल के बाद अलर्ट (एसएमएस और/या ई-मेल के माध्यम से) प्राप्त होंगे। ट्रांजेक्शन पर 200 रुपये प्रति लेनदेन की लिमिट और सभी लेन-देन के लिए 2000 रु तक की ओवरऑल लिमिट (खाते में बैलेंस फिर से भरने तक) होगी। बैलेंस को वैसे केवल ऑनलाइन मोड में ही फिर से फिल किया जा सकता है।
ग्राहक की स्पेसिफिक सहमति मिलने के बाद ही भुगतान का ऑफ़लाइन मोड इनेबल किया जा सकता है। ग्राहकों को रिज़र्व बैंक (समय-समय पर संशोधित) द्वारा जारी ग्राहक लायिलिटी को सीमित करने वाले सर्कुलर के प्रावधानों के तहत सुरक्षा मिलेगी। ऑफ़लाइन लेनदेन से खराब या कमजोर इंटरनेट या दूरसंचार कनेक्टिविटी वाले क्षेत्रों में, विशेष रूप से अर्ध-शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल लेनदेन को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। नया फ्रेमवर्क तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है।
एक और सुविधा है, जिसके तहत बिना इंटरनेट के लेन-देन की जा सकती है। बिना इंटरनेट के डिजिटल लेन-देन के लिए फोन और एक प्री-रजिस्टर्ड बैंक खाता होना चाहिए। खाते में पैसे होने चाहिए। भारत में नवंबर 2012 में इस मामले में एक स्पेशल सर्विस शुरू की गयी थी। नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (एनपीसीआई) ने नॉन-स्मार्टफोन और सभी मोबाइल फोन यूजर्स के लिए *99# सर्विस पेश की थी।
मोबाइल के डायल पैड पर *99# टाइप करें। आपको 7 विकल्प मिलेंगे। इनमें 'सेंड मनी', 'रिसीव मनी', 'चेक बैलेंस', 'माई प्रोफाइल', 'पेंडिंग रिक्वेस्ट', 'ट्रांजेक्शन' और 'यूपीआई पिन' होंगे। इनमें नंबर 1 दबाकर 'सेंड मनी' विकल्प चुनें। फिर आप केवल अपने फोन नंबर, यूपीआई आईडी या अपने अकाउंट नंबर और आईएफएससी कोड का उपयोग करके पैसे भेज सकते हैं। पेमेंट के कई ऑप्शन में से आपको कोई एक चुनना होगा। फ़ोन नंबर चुनने पर वे मोबाइल नंबर दर्ज करें जिस पर आप पैसे भेजना चाहते हैं। यूपीआई आईडी विकल्प चुनने पर व्यक्ति की यूपीआई आईडी दर्ज करें। बैंक खाता विकल्प चुनने पर 11 अंकों का आईएफएससी कोड और लाभार्थी का बैंक खाता नंबर डालें। राशि दर्ज करें और फिर यूपीआई पिन नंबर दर्ज करें। फिर 'सेंड' करें। एक बार जब यह ट्रांसफर हो जाता है तो आपको एक आईडी के साथ अपने फोन पर लेनदेन स्टेटस का अपडेट प्राप्त होगा।
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