LIC को बिहार स्टेट टैक्स अधिकारियों से ब्याज और जुर्माना सहित 290 करोड़ रु से अधिक की राशि की जीएसटी राशिद प्राप्त हुई है। भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) ने 22 सितंबर को एक एक्सचेंज फाइलिंग में कहा कि कॉरपोरेशन जीएसटी अपीलेट ट्राइब्यूनल के समक्ष अपील दायर करेगा।

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टैक्स डिमांड 166 करोड़ 75 लाख रु से अधिक की है। इस पर ब्याज 107 करोड़ 5 लाख रु से अधिक बताया गया है और जुर्माने की बात करें तो फिर यह 16 करोड़ 67 लाख रु दिखाया गया है। इसका कुल योग 2,90,49,22,609 रुपये होता है।

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एक्सचेंज फाइलिंग में कहा गया है कि 21 सितंबर को एलआईसी को बिहार एडिशनल कमिश्नर स्टेट टैक्स, सेंट्रल डिवीजन पटना से बीजीएसटी और सीजीएसटी एक्ट 2017 की सेक्शन -73 (9) के तहत एक आदेश प्राप्त हुआ।

एलआईसी की तरफ से कहा गया है कि अथॉरिटी ने ब्याज और जुर्माने के साथ जीएसटी की डिमांड की है। निर्धारित समय सीमा के भीतर कॉरपोर्शन उक्त आदेश के खिलाफ जीएसटी अपीलेट ट्राइब्यूनल के समक्ष अपील दायर करेगा।

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क्या है ये मामला

कहा गया है कि अधिकारियों ने प्राप्त इनपुट टैक्स क्रेडिट के संबंध में परेशानी जताई है। विवाद का एक पहलू कॉरपोरेशन द्वारा पॉलिसी होल्डर्स से प्राप्त प्रीमियम पर केंद्रित है। जहां एक भाग नॉन जीएसटी लिएबल के रूप में वर्गीकृत किया गया प्रतीत होता है। वह विवाद का दूसरा एरिया एजेंटों को दिए जाने वाले कमीशन से जुड़े आईटीसी से संबंधित है।

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यह कमीशन न सिर्फ नॉन जीएसटी लेविएबल प्रीमियम से जुड़े हिस्से को शामिल करता है, बल्कि उन पॉलिसियों तक भी फैला हुआ है जो गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (जीएसटी) से छूट की श्रेणी में आती हैं।

एलआईसी का शेयर शुक्रवार 22 सितंबर 2023 को बीएसई पर 0.31 फीसदी की गिरावट के साथ 652.50 रु के स्तर पर बंद हुआ। एलआईसी के शेयर में पिछले 5 कारोबारी दिनों में 1.22 फीसदी की गिरावट देखने को मिली है।

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