LIC की पांचवीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) सोमवार, 27 जुलाई 2026 को मुंबई में होने वाली है। इस बैठक में पॉलिसीहोल्डर्स और निवेशकों की नजर मुख्य रूप से तीन बातों पर रहेगी। पहली, पार्टिसिपेटिंग बोनस को लेकर स्पष्टता। दूसरी, ऐप्स और पेमेंट सिस्टम में डिजिटल अपग्रेड। और तीसरी, ₹10 प्रति शेयर के फाइनल डिविडेंड पर मुहर, जो बोनस से पहले के ₹20 के बराबर है।

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LIC ने डिविडेंड के लिए 25 जून 2026 की रिकॉर्ड डेट तय की है। इससे पहले 29 मई 2026 को 1:1 बोनस शेयर की रिकॉर्ड डेट रखी गई थी। वित्त वर्ष 2024-25 के लिए फाइनल डिविडेंड 120 फीसदी रहा था। आमतौर पर AGM में ही पेमेंट की समयसीमा तय होती है, जिससे डीमैट खाते में पैसे आने और टैक्स कटौती (tax withholding) की स्थिति साफ हो जाती है। सरप्लस और पेमेंट के भविष्य के प्लान पर मिलने वाले संकेतों से बाजार की उम्मीदें तय होंगी।

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LIC AGM: डिविडेंड और बोनस से जुड़े संकेत

पार्टिसिपेटिंग पॉलिसीहोल्डर्स की नजर इस साल के 'सिंपल रिवर्जनरी बोनस' और 'फाइनल एडिशनल बोनस' पर टिकी है। LIC की सरप्लस डिस्ट्रीब्यूशन पॉलिसी और नए वैल्यूएशन के आधार पर ही ये बोनस तय किए जाते हैं। ऐतिहासिक रूप से देखें तो सालाना बोनस की घोषणा जून से सितंबर के बीच वैल्यूएशन के बाद होती है। अगर बोनस रेट बेहतर रहते हैं, तो एंडोमेंट और मनी-बैक प्लान पर रिटर्न बढ़ेगा, वहीं कम रेट का मतलब है कि रिटर्न उम्मीद से थोड़ा कम रह सकता है।

सालफाइनल डिविडेंडरिकॉर्ड डेटनोट
FY2025–26₹10 प्रति शेयर (100%); बोनस से पहले के ₹20 के बराबर25 जून, 2026AGM की मंजूरी के अधीन
FY2024–25120%25 जुलाई, 2025मंजूर और भुगतान किया गया

LIC AGM: नए प्लान और डिजिटल सर्विस पर फोकस

LIC अपने प्रोडक्ट्स को लगातार अपडेट कर रही है। इसी कड़ी में मई में 'जीवन साथी' के दो नए वेरिएंट लॉन्च किए गए। ग्राहकों के लिए 'MyLIC' ऐप और एजेंटों के लिए 'सुपर सेल्स साथी' को अप्रैल में लाइव किया गया था। अब उम्मीद है कि कंपनी व्हाट्सएप प्रीमियम बॉट और भारत कनेक्ट के जरिए ऑटोपे (Bharat BillPay) जैसी सुविधाओं पर नया अपडेट देगी। इन डिजिटल बदलावों से पॉलिसी लैप्स होने का खतरा कम होगा और लोन, क्लेम व प्रीमियम जमा करना काफी आसान हो जाएगा।

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मीटिंग में सर्विस क्वालिटी पर भी चर्चा होगी। वित्त वर्ष 2026 में LIC का इंडिविजुअल डेथ क्लेम सेटलमेंट रेशियो 99.44 फीसदी रहा और कंपनी ने कुल ₹24,885 करोड़ का भुगतान किया। मैनेजमेंट शिकायतों के निपटारे और सेल्स ट्रेंड्स पर नई जानकारी साझा कर सकता है। ULIP सेगमेंट में 63 फीसदी की जबरदस्त ग्रोथ देखी गई है, इसलिए ULIP निवेशकों को फंड पर नजर रखनी चाहिए, जबकि पारंपरिक पॉलिसीहोल्डर्स को इस साल के बोनस चार्ट का इंतजार है।