नयी दिल्ली। एसबीआई म्यूचुअल फंड ने अमेरिकी शेयरों में निवेश करने वाली एक नया स्कीम शुरू की है। ये इसका पहला इंटरनेशनल फीडर फंड है। इसकी कुछ घरेलू योजनाएं जैसे एसबीआई फोकस्ड इक्विटी पहले से ही अपने पोर्टफोलियो का कुछ हिस्सा अंतरराष्ट्रीय शेयरों में निवेश करती हैं। इसकी नई स्कीम अमुंडी फंड्स - यूएस पायनियर फंड में निवेश करेगी, जो लक्समबर्ग (यूरोप) में स्थित है। एसबीआई म्यूचुअल फंड की तरफ से दी गयी जानकारी के अनुसार इस फंड ने यूरो में 16.27 फीसदी (सीएजीआर) का रिटर्न दिया है। इस फंड का साइज 2.5 अरब डॉलर का है। बता दें कि एसबीआई म्यूचुअल फंड स्कीम में पैसा लगा कर आप अमेरिकी शेयरों में निवेश कर सकते हैं, जिससे तगड़ी कमाई का मौका मिलेगा।
आमतौर पर भारतीय निवेशक अधिकांश निवेश भारतीय शेयरों में ही करते हैं। वैश्विक निवेश से भारतीय निवेशकों को अच्छा डाइवर्सिफाई बेनेफिट मिलेगा। जिस फंड की बात की जा रही है उसके पास आज की सबसे तेजी से बढ़ती टेक कंपनियां हैं। साथ ही ये एक सख्त एन्वायरमेंटल सोशल गवर्नेंस (ईएसजी) फिलोसॉफी को फॉलो करता है।
डॉलर के मुकाबले रुपये में गिरावट से अंतरराष्ट्रीय फंड्स का रिटर्न बढ़ता है। यानी डॉलर मजबूत होगा तो रिटर्न मे सुधार होगा। कुछ ऐसा ही इस फंड में भी होगा। एसबीआई म्यूचुअल फंड के अनुसार अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपये में औसतन सालाना 3.29 फीसदी की गिरावट आई है।
31 जनवरी तक के आंकड़ों के अनुसार फंड का पैसा जिन 5 कंपनियों में सबसे अधिक लगा हुआ है, उनमें माइक्रोसॉफ्ट, ऐप्पल, एल्फाबेट, अमेजन और वीसा शामिल हैं। इन नामों से अंदाजा लगाया जा सकता है कि मुनाफे की कितनी संभावना है। वहीं सेक्टरों में देखें तो फंड की सबसे अधिक (37.3 फीसदी) राशि टेक कंपनियों में निवेश की गयी है। इसके बाद कंज्यूमर डिस्क्रेश्नरी (15 फीसदी) का नंबर है।
इंटरनेशनल फंड या ओवरसीज फंड उसे कहते हैं जो विदेशी सिक्योरिटीज में निवेश करे। ये फंड इक्विटी या डेब्ट थीम पर आधारित हो सकते हैं। बाकी ये कमोडिटीज और रियल एस्टेट जैसे अन्य ऑप्शन में भी पैसा लगाते हैं। बात सेबी के नियमों की करें तो जो फंड विदेशों में इक्विटी या इक्विटी संबंधित ऑप्शनों में 80 प्रतिशत से अधिक पैसा लगाए वो ही इंटरनेशनल फंड माना जाता है।
यदि 1 साल में सबसे अधिक रिटर्न देने वाले इंटरनेशनल फंड की बात करें तो इस लिस्ट में पहला नबंर है मोतीलाल ओसवाल नैसडेक 100 एफओएफ (फंड ऑफ फंड्स) का। इस फंड ने पिछले एक साल में निवेशकों को 46 फीसदी फीसदी रिटर्न दिया है। इसके बाद डीएसपी वर्ल्ड गोल्ड ने 45 फीसदी, पीजीआईएम इंडिया ग्लोबल इक्विटी अपॉर्चुनिटीज ने 40 फीसदी, फ्रैंकलिन फीडर यूएस अपॉर्चुनिटीज ने 33 फीसदी, आईसीआईसीआई प्रू ब्लूचिप इक्विटी ने 25 फीसदी, निप्पॉन इंडिया यूएस इक्विटी अपॉर्चुनिटीज ने 22 फीसदी और एबीसीएसएल ग्लोबल इमर्जिंग अपॉर्चुनिटीज ने 21 फीसदी का शानदार रिटर्न दिया है। एक्सपर्ट राय देते हैं कि इंटरनेशनल फंड में निवेश से पहले उसका रिकॉर्ड जरूर देखें।
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