नई दिल्ली, जुलाई 17। मौजूदा मोदी सरकार अलग अलग श्रेणी के लोगों के लिए ढेर सारी योजनाएं लाई है। बल्कि यह कहा जा सकता है कि यह कई वर्गों के लिए योजनाएं पेश कर चुकी है। इसके पीछे का उद्देश अलग-अलग वर्ग के लोगों को फायदा पहुंचाना होता है ताकि वे आर्थिक रूप से मजबूत हों। इन वर्गों में किसान, मजदूर और महिलाएं आदि शामिल हैं। अब महिलाओं को यह एक और सुविधा देने जा रही है। सरकार के इस कदम से ग्रामिण इलाकों की महिलाओं को फायदा मिलेगा। सरकार ने ग्रामीण महिला महिलाओं के लिए ओवरड्राफ्ट की सुविधा पेश की है। आगे जानते हैं इस स्कीम की डिटेल।

Advertisement

पहले जानिए क्या है ओवरड्राफ्ट

ओवरड्राफ्ट किसी बैंक द्वारा प्रदान किया गया एक लोन होता है जो ग्राहक को बिल और अन्य खर्चों का भुगतान करने की सुविधा देता है। ये पैसा उन्हें तब मिलता है, जब उनके खाते में शून्य बैलेंस होता है। ये एक तरह का लोन है और बैंक इस पर चार्ज लेता है, जो पहले से तय होता है। बैंक अपर्याप्त खाता बैलेंस होने की स्थिति में ग्राहक को ये लोन प्रदान करता है।

Advertisement
5000 रु की ओवरड्राफ्ट सुविधा

अब केंद्र सरकार कुछ महिलाओं को मुफ्त में 5000 रु की ओवरड्राफ्ट देने जा रही है। बता दें कि इस ओवरड्राफ्ट सुविधा को पिछले साल दिसंबर में शुरू किया गया था। लेकिन अकसर ऐसी योजनाओं की जानकारी लोगों को नहीं हो पाती और वे इसका फायदा नहीं ले पाते। कुछ ऐसा ही इस योजना के मामले में हुआ है।

इस योजना के तहत मिल रही सुविधा

ओवरड्राफ्ट की सुविधा दीनदयाल अंत्योदय योजना-राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (डीएवाई-एनआरएलएम) के तहत सत्यापित महिला स्वयं सहायता समूह के सदस्यों दी जाएगी। ये वे ग्रुप होते हैं, जिनसे जुड़ी महिलाएं मिल कर कोई छोटा कारोबार करती हैं। उनकी छोटी-मोटी वित्तीय जरूरत को पूरा करने के लिए 5 हजार रु तक ओवरड्राफ्ट लिया जा सकता है। जो महिलाएं ऐसे ग्रुप से जुड़ी हुई हैं, उन्हें ये पैसा मिल सकता है।

कैसे मिलेगा पैसा

ध्यान रहे कि ये पैसा महिलाओं को निर्धारित समय के अंदर चुकाना होगा। इस पर बेहद कम ब्याज दर होती है। महिलाएं किसी भी बैंक से इस सुविधा का लाभ उठा सकती हैं। उन्हें बैंक जाकर बैंक कर्मियों से संपर्क करना होगा। ये पैसा सीधा खाते में आता है।

जनधन योजना के तहत ओवरड्राफ्ट

प्रधानमंत्री जनधन योजना (पीएमजेडीवाई) के तहत भी ग्राहकों को ओवरड्राफ्ट मिलता है। इस योजना के तहत 10000 रु तक का ओवरड्राफ्ट ले सकते हैं। केंद्र सरकार की ये योजना जनधन खाताधारकों को शॉर्ट टर्म लोन के रूप में 10,000 रु तक की धनराशि निकालने की सुविधा देती है। यह सीमा पहले 5,000 रु थी, लेकिन सरकार ने 2020 में इस राशि को दोगुना कर दिया। पीएमजेडीवाई खाते का मालिक जो ओवरड्राफ्ट सुविधा का लाभ उठाना चाहता है, उसे कम से कम पिछले छह महीने से ढंग से खाते का संचालन करना चाहिए। साथ ही, किसी परिवार का केवल एक सदस्य ही ओवरड्राफ्ट सुविधा का लाभ उठा सकता है। आमतौर पर इसके लिए महिला सदस्यों का पक्ष लिया जाता है। यानी महिलाओं को प्राथमिकता दी जाती है।