नयी दिल्ली। बेरोजगार प्रवासी मजदूरों के लिए राहत की खबर है। भारतीय रेलवे प्रवासी मजदूरों को रोजगार के अवसर देने जा रहा है। भारतीय रेलवे केंद्र सरकार की गरीब कल्याण रोजगार योजना अभियान (जीकेआरवाईए) के तहत अगले 125 दिनों में 31 अक्टूबर तक प्रवासी श्रमिकों को 8-लाख मानव-दिन रोजगार का उपलब्ध करवाएगा। इस बात का ऐलान खुद रेलवे मंत्री पीयूष गोयल ने किया है। ये नई नौकरियां रेलवे के इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर में जनरेट की जाएंगी। इसके लिए रेलवे 1800 करोड़ रुपये का निवेश करेगा। रेल मंत्री ने कहा है कि राष्ट्र के लिए अपनी जिम्मेदारी को पूरा करते हुए रेलवे प्रधानमंत्री की गरीब कल्याण रोजगार योजना अभियान के तहत इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट में 8 लाख मानव दिन का रोजगार देगा। इन प्रोजेक्ट्स की लागत 1800 करोड़ रुपये है।

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मिशन मोड में लागू होगा रोजगार अभियान

रेल मंत्रालय ने गरीब कल्याण रोज़गार अभियान की प्रगति की समीक्षा की है जो 6 राज्यों के 116 जिलों में लागू किया जा रहा है। रेलवे जोन और रेल सार्वजनिक उपक्रमों (पीएसयू) ने भी गरीब कल्याण रोज़गार अभियान की प्रगति की समीक्षा पर हुई बैठक में हिस्सा लिया। जहां तक 125 दिनों के रोजगार अभियान की बात है तो इसे मिशन मोड में लागू किया जाएगा। इसमें 116 जिलों में विभिन्न श्रेणियों के कामों / गतिविधियों पर ध्यान दिया जाएगा। जिन राज्यों के ये 116 जिले हैं उनमें बिहार, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान, झारखंड और ओडिशा शामिल हैं।

रेलवे में रोजगार के अवसर से जुड़ी अहम जानकारी और मिलने वाले काम:

- रेलवे ने उन रेलवे कार्यों की भी पहचान नहीं की है जिन्हें मनरेगा के जरिए निष्पादित किया जा सकता है
- इसमें लेवल क्रॉसिंग के लिए अप्रोच सड़कों का निर्माण और रखरखाव शामिल होगा
- ट्रैक के किनारे गंदे जलमार्गों, खाइयों और नालों का डेवलपमेंट और सफाई
- रेलवे स्टेशनों तक पहुंचाने वाले मार्ग का निर्माण और रखरखाव
- मौजूदा रेलवे तटबंधों / कटिंगों की मरम्मत और उन्हें चौड़ा करना
- रेलवे भूमि की सीमा पर वृक्षारोपण
- मौजूदा तटबंधों / कटिंग / पुलों का संरक्षण कार्य

कुल 160 तरीकों के काम

लगभग 160 इन्फ्रास्ट्रक्चर से जुड़े कामों की पहचान की गई है। इस बीच जोनल रेलवे को भी मनरेगा के तहत प्रस्तावित कार्यों की मंजूरी के निर्देश दिए गए हैं। जोनल रेलवे दैनिक आधार पर कार्यों की निगरानी करेगा और अक्टूबर 2020 के अंत तक हर शुक्रवार को मंत्रालय को रिपोर्ट प्रस्तुत करेगा।