नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने हवाई यात्रा को लेकर बड़ा खुलासा किया है. डीजीसीए के अनुसार हवाई यात्रा महंगी होने के बावजूद लोग हवाई यात्रा को सफर करने के लिए चुन रहे हैं. यह पता चला है कि घरेलू हवाई यात्रा की टिकट में 10 से 25 फीसदी की उछाल हुई है. लेकिन फिर भी पिछले महीने यानी जुलाई में 1.3 करोड़ लोगों ने घरेलू हवाई यात्रा को सफर के लिए चुुना है.

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देश में महंगाई के साथ हवाई यात्रा भी लगातार महंगी हो रही है. लेकिन इसके बावजूद लोग हवाई यात्रा से सफर करते रहते हैं. डीजीसीए (DGCA) के डेटा के मुताबिक पिछले महीने हवाई यात्रा करने वाली की संख्या 1.3 करोड़ रुपये थी. यह पिछले साल जुलाई के मुकाबले 7.3 फीसदी आधिक है.

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इसके अलावा इस साल यानी 2024 में अभी तक घरेलू यात्रियों की संख्या 9.2 करोड़ रही है. जनवरी से जुलाई, 2023 में यह आंकड़ा 8.8 करोड़ रहा था. इस बाद से ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि 2024 में हवाई यात्रा करने वालों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है.

इस बारे में मिली जानकारी के मुताबिक घरेलू रूट्स पर किराया 10 से 25 फीसदी महंगा हो चुका है. एयरलाइन्स ने फेस्टिव सीजन की शुरुआत से पहले ही अपनी टिकट में भारी बढ़ोतरी की है.

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वैसे तो इस तिमाही यानी जुलाई से अगस्त का महीना यात्रा के लिए सुस्त माना जाता है. लेकिन इसके बावजूद एयलाइन्स मे यात्रा करने वालों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है. इसके अलावा एयरलाइन्स नेअब तक उन्हीं रूट्स के लिए डिस्काउंट ऑफर निकाला है, जहां लोग कम जाना पसंद करते हैं.

एयरलाइन्स की महंगी टिकटों का कराण जेट फ्यूल प्राइस भी है. भारत में जेट फ्यूल प्राइस हमेशा से ही महंगे रहे हैं इसलिए यहां किराया भी ज्यादा रहता है. क्योंकि एयरलाइन्स को अपनी कमाई का एक बड़ा हिस्सा जेट फ्यूल पर ही खर्च करना पड़ता है.

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एयर इंडिया ग्रुप और इंडिगो में सीधी टक्कर

यह देखा गया है कि जब से टाटा ग्रुप ने एयर इंडिया (Air India) खरीदा है, तब से मार्केट में बड़े बदलाव हुए हैं. ऐसा कहा जा रहा है कि टाटा ग्रुप एयर इंडिया और विस्तारा (Vistara) को मिलाकर बड़ी एयरलाइन बनाने पर विचार कर रही हैं. अगर ऐसा होता है, तो यह देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगों को टक्कर दें सकता है. टाटा ग्रुप की एयर इंडिया और विस्तारा का घरेलू मार्केट में 91 फीसदी तक हिसेदारी हैं. इसके अलावा किंगफिशर, जेट एयरवेज और गो एयर जैसी एयरलाइन्स बंद हो जाने के बाद अब सभी एयरलाइन्स टिकट प्राइस में ज्यादा छूट देने से कतराती है.