नई दिल्ली, सितंबर 20। पेंशनभोगियों से जुड़ा एक बड़ा नियम 1 अक्टूबर से बदलने वाला है। नये नियम से पेंशनभोगियों को फायदा मिलेगा। दरअसल 1 अक्टूबर से पेंशनभोगी देश भर में मौजूद हेड पोस्ट ऑफिसों के जीवन प्रमाण सेंटर्स (जेपीसी) पर डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट (डीएलसी) जमा करा सकेंगे। 1 अक्टूबर 2021 से 30 नवंबर 2021 तक के लिए 80 वर्ष और उससे अधिक आयु के पेंशनभोगियों द्वारा डीएलसी जमा करने की सुविधा की शुरू की जाएगी। बाकी पेंशनभोगी 1 नवंबर 2021 से 30 नवंबर 2021 तक अपने डीएलसी जमा करना जारी रख सकते हैं।
1 अक्टूबर 2021 से पेंशनभोगियों द्वारा डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र जमा करने की एक्टिविटी को देखते हुए, कम्युनिकेशन मिनिस्ट्री के तहत डाक विभाग सभी जीवन प्रमाण केंद्र आईडी को एक्टिव कर रहा है जो इस समय इनेक्टिव हो सकते हैं। पोस्ट ऑफिसों को उन हेड पोस्ट ऑफिसों में जीवन प्रमाण केंद्र स्थापित करने के लिए सूचित किया गया है जहां इन्हें अभी तक स्थापित नहीं किया गया है। साथ ही इनमें जीवन प्रमाण आईडी बनाने और सुनिश्चित करने कि सभी जीवन प्रमाण केंद्र आईडी के साथ-साथ सामान्य सेवा केंद्र (सीएससी) एक्टिव हैं, के लिए 20 सितंबर 2021 तक का समय दिया गया है।
पिछले साल, कोविड-19 महामारी को देखते हुए और वरिष्ठ नागिरकों की आबादी के कोरोनावायरस की चपेट में आने को ध्यान में रखते हुए, जीवन प्रमाण पत्र जमा करने के लिए समय सीमा को बढ़ाने का निर्णय लिया गया था। 2020 में केंद्र सरकार के सभी पेंशनभोगियों को 1 नवंबर, 2020 से 31 दिसंबर 2020 तक जीवन प्रमाण पत्र जमा करने की अनुमति दी गई थी। हालांकि, 80 वर्ष और उससे अधिक आयु वर्ग के पेंशनभोगियों को 1 अक्टूबर, 2020 से 31 दिसंबर, 2020 तक जीवन प्रमाण पत्र जमा करने के लिए कहा गया था।
ऊपर बताई गयी विस्तारित अवधि के दौरान, पेंशन डिस्बर्सिंग अथॉरिटीज (पीडीए) द्वारा बिना रुके पेंशन का भुगतान जारी रखा गया। पेंशनभोगियों के लिए जीवन प्रमाण पत्र ऑनलाइन जमा करने के लिए, इस प्रोसेस में बैंक या डाकघर जाने की जरूरत नहीं होती।
जीवन प्रमाण पत्र ऑनलाइन जमा करने का काम घर से भी किया जा सकता है। आप आधार आधारित डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र (डीएलसी) 'जीवन प्रमाण' का विकल्प चुन सकते हैं। जीवन प्रमाण यूनीक आईडी है जो डीएलसी की प्रोसेस पूरी होने के बाद जनरेट होती है। जीवन प्रमाण पत्र ऑटोमैटेड रूप से प्रोसेस्ड किया जाता है और पेंशनभोगी के जीवित होने के प्रमाण के रूप में बैंक शाखा या डाकघर को भेजा जाता है।
पेंशन कोष नियामक एवं विकास प्राधिकरण (पीएफआरडीए) के मुताबिक इसकी पेंशन योजनाओं के तहत ग्राहकों की संख्या इस साल अगस्त में 24 प्रतिशत बढ़कर 4.53 करोड़ से अधिक हो गई। पीएफआरडीए दो पेंशन योजनाएं, राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (एनपीएस) और अटल पेंशन योजना (एपीआई) का संचालन करता है। एपीवाई के तहत ग्राहकों की संख्या 31 अगस्त, 2021 तक 33.20 प्रतिशत बढ़कर 304.51 लाख हो गई। एनपीएस के तहत विभिन्न योजनाओं में ग्राहकों की संख्या अगस्त 2021 के अंत तक बढ़कर 453.41 लाख हो गई, जो अगस्त 2020 में 365.47 लाख थी, जो साल-दर-साल 24.06 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाती है।
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