देश में इस साल का सबसे बड़ा त्योहार आने वाला है. दिवाली आने बस कुछ ही दिनों का वक्त रह गया है. दिवाली से कुछ दिन पहले धनतेरस उत्सव का मनाया जाता है. इस दिन लोग अपनी जेब के अनुसार खरीदारी करते हैं. इस दिन सोना या चांदी जैसे धांतु खरीदना काफी शुभ माना जाता है. अगर आपको भी कंफ्यूजन है कि धनतेरस कब मनाया जाने वाला है, तो चलिए इस कंफ्यूजन को दूर करते हैं.

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हिंदू ग्रंथों के अनुसार हर साल कार्तिक मास की त्रयोदशी तिथि को धनतेरस उत्सव मनाया जाता है. लेकिन इस साल त्रयोदशी 29 और 30 अक्टूबर दोनों दिन पढ़ रही है. ऐसे में अब लोगों को कंफ्यूजन हो गई है कि धनेतरस उत्सव कब मनाया जाएं.

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29 या 30 कब मनाया जाएगा धनतेरस ?

इस बारे में मिली जानाकरी के मुताबिक इस साल धनतेरस मनाने का शुभ मुहूर्त 29 अक्टूबर सुबह 10 बजकर 31 मिनट में शुरू होगा, वहीं इसकी समाप्ति 30 अक्टूबर 2024 को होगी. ऐसे में धनतेरस दोनों दिन पड़ रहा है. लेकिन धनतेरस की मुख्य पूजा 29 अक्टूबर को की जा रही है.

इसलिए देश में धनतेरस उत्सव 29 अक्टूबर को मनाया जा रहा है.

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धनतरेस में कब होगा खरीदारी का शुभ मुहूर्त?

धनतरेस में लोग सिर्फ सोना या चांदी जैसे धातु की खरीदारी नहीं करते. लोग इस दिन अपने जेब के अनुसार खरीदारी करते हैं. धनतेरस के दिन शुभ मुहूर्त 1 घंटे 41 मिनट तक रहने वाला है. 29 अक्टूबर के दिन धनतेरस का शुभ मुहूर्त मंगलवार शाम 6 बजकर 31 मिनट शुरू होगा और रात 8 बजकर 13 मिनट में समाप्त हो जाएगा.

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धनतेरस के शुभ अवसर में कई लोग प्रदोष व्रत भी रखते हैं.

सोना खरीदने का क्या होगा शुभ मुहूर्त?

इस बारे में मिली जानकारी के मुताबिक लोग धनतेरस के शुभ अवसर पर सोने के अलावा चांदी, बर्तन, इलेक्ट्रॉनिक आइटम इत्यादि जैसे प्रोडेक्ट खरीदते हैं. इस दिन लोग अपने जेब के हिसाब से खरीदारी करते हैं. हिंदू ग्रंथों के अनुसार इस दिन सोना खरीदना काफी शुभ माना जाता है.

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आप 29 अक्टूबर यानी मंगलवार को सुबह 10 बजकर 31 मिनट से 30 अक्टूबर 6 बजकर 32 मिनट के बीच कभी भी सोने की खरीदारी कर सकते हैं.

धनतेरस में कब करें पूजा?

धनतेरस के शुभ अवसर पर देवी लक्ष्मी, भगवान कुबेर और भगवान धन्वंतरि की पूजा की जाती है. इस दिन हम भगवान से ये कमाना करते है कि हमारे तरीकी हो और भविष्य में कभी पैसों की कमी ना हो. इस दिन धनतेरस का उत्सव सुबह 10 बजकर 13 मिनट में शुरू हो जाएगा. ये उत्सव अगले दिन 30 अक्टूबर तक चलेगा.

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इस दिन पूजा करने का शुभ मुहूर्त शाम 6 बजकर 30 मिनट में शुरू होगा और रात 8 बजकर 12 मिनट तक चलेगा.