नई दिल्ली, जनवरी 1। क्रिप्टोकरेंसी सर्विस प्रोवाइडर वज़ीरएक्स द्वारा जीएसटी की बड़े पैमाने पर टैक्स चोरी के बाद, जीएसटी इंटेलिजेंस महानिदेशालय (डीजीजीआई) ने देश में ऑपरेट कर रहे क्रिप्टोकरेंसी एक्सचेंजों के परिसरों में छापेमारी की है। क्रिप्टोकरेंसी सर्विस प्रोवाइडरों के लगभग आधा दर्जन ऑफिसों की तलाशी ली गई है और इस प्रोसेस में डीजीजीआई को बड़े पैमाने पर माल और सेवा कर (जीएसटी) चोरी का पता चला है। क्रिप्टो वॉलेट और एक्सचेंज ऐसे प्लेटफॉर्म हैं जहां मर्चेंट्स और उपभोक्ता बिटकॉइन, एथेरियम, रिपल आदि जैसी डिजिटल एसेट्स की लेनदेन कर सकते हैं।
इकोनॉमिक टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार सूत्रों के मुताबिक मुंबई सीजीएसटी और डीजीजीआई द्वारा क्रिप्टोकरेंसी एक्सचेंजों पर कार्रवाई के दौरान लगभग 70 करोड़ रुपये की कर चोरी का पता चला है। डीजीजीआई मैसर्स बिट्सीफर लैब्स एलएलपी के कॉइनस्विच कुबेर, मैसर्स नेब्लियो टेक्नोलॉजीज प्राइवेट लिमिटेड के कॉइनडीसीएक्स, मैसर्स ब्लॉक टेक्नोलॉजीज प्राइवेट लिमिटेड के बाययूकॉइन और मेसर्स यूनोकॉइन टेक्नोलॉजीज प्राइवेट लिमिटेड के यूनोकॉइन की जांच कर रहा है।
ये सभी प्लेटफॉर्म क्रिप्टो कॉइन की खरीद और बिक्री के लिए सुविधा दे रहे हैं। इन सेवाओं पर 18 प्रतिशत जीएसटी की दर से जीएसटी लगता है, जिससे ये सभी बचते रहे हैं। ये सर्विस प्रोवाइडर बिटकॉइन की लेन-देन में शामिल होने की सुविधा के लिए कमीशन ले रहे थे, लेकिन जीएसटी कर का भुगतान नहीं कर रहे थे। इन लेनदेन को डीजीजीआई द्वारा इंटरसेप्ट किया गया था। अब यह साबित हुआ कि जीएसटी का भुगतान नहीं हो रहा है।
इन प्लेटफॉर्म ने जीएसटी कानून के वैधानिक प्रावधानों का पालन न करने पर 30 करोड़ रुपये और 40 करोड़ रुपये जीएसटी, ब्याज और जुर्माने के रूप में चुकाए। जीएसटी कानूनों का उल्लंघन करने के लिए सीबीआईसी ने वज़ीरएक्स सहित क्रिप्टोकरेंसी सेवा प्रदाताओं से 70 करोड़ रुपये वसूल किए हैं। मुंबई जोन के जीएसटी मुंबई ईस्ट कमिश्नरेट ने क्रिप्टोकरेंसी एक्सचेंज वज़ीरएक्स की 40.5 करोड़ रुपये की जीएसटी चोरी का पता लगाया और जीएसटी चोरी, ब्याज और जुर्माना से संबंधित नकद में 49.20 करोड़ रुपये की वसूली की।
कॉइनडीसीएक्स द्वारा किए गए दावे के अनुसार उनका क्रिप्टो ऐप भारत में बिटकॉइन और अन्य क्रिप्टोकरेंसी को तुरंत खरीदने की अनुमति देता है और इसके 7.5 मिलियन से अधिक उपयोगकर्ता हैं। इसके जरिए 7 अरब रु की क्रिप्टो खरीदी गयी हैं और इस ऐप को एक करोड़ से अधिक बार डाउनलोड किया गया है।
जिस वेबसाइट के अनुसार कॉइनस्विच कुबेर ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म ने 5 अरब डॉलर से अधिक प्रोसेस किए हैं, भारत में दिल्ली-एनसीआर से बाहर स्थित इसी बाययूकॉइन के एक मिलियन से अधिक उपयोगकर्ता हैं और इसने 80 करोड़ डॉलर से अधिक का कारोबार किया है। यूनोकॉइन बिटकॉइन, ईथर, टीथर में ट्रेड के लिए एक प्लेटफॉर्म है। इसका ऑफिस बैंगलोर में है। इसने अपनी वेबसाइट के अनुसार 10 मिलियन से अधिक प्रोसेस किए हैं। आज सुबह क्रिप्टो मार्केट में गिरावट देखने को मिल रही थी। बिटकॉइन, जो कि मार्केट कैपिटल के लिहाज से सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी है, के अलावा एथेरियम, एक्सआरपी, कार्डानो और डॉगकॉइन में कमजोरी थी। टैक्स चोरी की खबर क्रिप्टो मार्केट के लिए निगेटिव हो सकती है।
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