Business idea: डीजल और पेट्रोल की बढ़ती कीमते (Petrol Diesel Price) लोगों का बजट बिगाड़ रही हैं। आज के समय में सीएनजी (CNG Price) की कीमत भी महंगी हो रही है। यही कारण है कि, आज के सयम में लोगों का रुझान इलेक्ट्रिक व्हीकल (Electric Vehicle) की ओर ज्याद हो रहा है। ईवी से पॉल्यूशन भी नहीं होता है और इससे बचत भी होती है।
प्रदुषण फ्री और कम लागत होने की वजह से महानगरों से लेकर नहीं, कस्बों तक सड़को पर ई रिक्शा (E Rickshaw) दिख रहे हैं। भविष्य को ध्यान में रखते हुए, ईलेक्ट्रिक व्हीकल चार्जिंग स्टेशन (EV Charging Station) का बिजनेस एक बेहतर कमाई का जरिया हो सकता है।
1 लाख की पूंजी में हो जाएगा शुरू
अगर आपके पास सड़क पर जमीन हैं, तो महज 1 लाख रुपए में इलेक्ट्रिक व्हेकल चार्जिंग स्टेशन का बिजनेस शुरू किया जा सकता है। इसके लिए हमने हैदराबाद की इलेक्ट्रिक व्हीकल चार्जिंग मैनेजमेंट साफ्टवेयर की मदद से शुरू करना होता है चार्जिंग स्टेशन
वैसे तो इस बिजनेस को 1 लाख में शुरू किया जा सकता है, लेकिन ईवी चार्जरों की क्षमता पर बिजनेस शुरू करने की राशि निर्भर करती है। यदि आप ज्यादा क्षमता वाले चार्जर लगा कर बड़े पैमाने पर इस बिजनेस को शुरू करना चाहते हैं तो, आपका खर्च 40 लाख रुपए तक हो सकता है।
फास्ट चार्ज की कीमत होती है ज्यादा
ए.सी. स्लो चार्जर की कीमत ज्यादा नहीं होती है, लेकिन डी.सी फास्ट चार्जर की कीमत काफी ज्यादा होती है। एक डी.सी. चार्जर की कीमत उसकी क्षमता अनुसार 1 लाख से 15 लाख रुपये के बीच होती है। बात एसी चार्जर की करें तो ए.सी. चार्जर की कीमत 20,000 रुपये से 70,000 रुपये के बीच हो सकती है।
ए.सी. स्लो चार्जर की कीमत ज्यादा नहीं होती है, लेकिन डी.सी फास्ट चार्जर की कीमत काफी ज्यादा होती है। एक डी.सी. चार्जर की कीमत उसकी क्षमता अनुसार 1 लाख से 15 लाख रुपये के बीच होती है। बात एसी चार्जर की करें तो ए.सी. चार्जर की कीमत 20,000 रुपये से 70,000 रुपये के बीच हो सकती है।
कोई भी परमिट लेने की नहीं है जरूरत
चार्जिंग स्टेशन शुरू करने के लिए किसी भी प्रकार के परमिट की जरूरत नहीं होती है। आप बिना किसी परमीट के पब्लिक चार्जिंग स्टेशन शुरू कर सकते हैं। चार्जिंग स्टेशन का बिजनेस शुरू करने के लिए तकनीक, सुरक्षा, परफॉर्मेंस स्टैंडर्ड और कुछ प्रोटोकॉल का ध्यान जरूर रखना होगा। कुछ लोग मिलकर इसे कम्यूनिटी लेबर पर लगा सकते हैं। आप अपने ईवी के लिए अपने घर पर इसका इस्तेमाल कर सकते हैं।
मिलती है सब्सिडी
चार्जिंग स्टेशन दो प्रकार के ईवी चार्ज के लिए आएंगे। पहला प्रकार Battery Electric Vehicles (BEVs) है। इसमें किसी प्रकार का गैस इंजन नहीं होता। अधिकतर बीईवी में रैपिड और समान्य चार्जिंग सिस्टम होता है। दूसरे तरह के गाड़ियों की बात करें तो प्लग-इन हाइब्रिड इलेक्ट्रिक वाहन (Plug-in Hybrid Electric Vehicles (PHEVs) होंगे। इस तरह के वाहन में बड़ी बैटरी और इलेक्ट्रिक मोटर होती है। इसमें चार्जिंग आउटलेट के साथ साथ गैस टैंक होता है। इस तरह के रिचार्ज के लिए एल2 चार्जर का प्रयोग किया जाता है। सरकारें चार्जिंग स्टेशन शुरू करने के लिए सब्सिडी देती हैं।
More Articles
- अदाणी एंटरप्राइजेज ने एयरलाइन लॉन्च की अटकलों को किया खारिज, कहा- रिपोर्ट्स निराधार
- भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें
- Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?
- US Fed का फैसला आज रात: क्या भारतीय बाजार में आएगी बड़ी हलचल? जानें ट्रेडर्स के लिए खास रणनीति
- GST QRMP स्कीम: PMT-06 पेमेंट में 35% चालान चुनें या सेल्फ-असेसमेंट? ब्याज से बचने का पूरा गणित
- ITR फाइलिंग की डेडलाइन: 31 जुलाई से पहले निपटा लें ये जरूरी काम, वरना होगा नुकसान