नयी दिल्ली। भारतीय शेयर बाजार नवंबर में नए रिकॉर्ड पर पहुंच गया, जिससे निवेशकों की काफी चिंताएं कम हुईं। शेयर बाजार में तेजी दिसंबर में भी जारी है। बीएसई सेंसेक्स 46,000 से ऊपर पहुंच गया, जबकि निफ्टी 50 भी 13500 के ऊपर है। इस दौरान विदेशी निवेशकों ने जम कर निवेश किया। विदेशी निवेशकों के साथ-साथ म्यूचुअल फंड्स ने भी कुछ शेयरों में हिस्सेदारी बढ़ाई। ऐसे ही 5 शेयर हैं, जिनमें विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) और फंड मैनेजरों ने पिछली चार तिमाहियों में लगातार हिस्सा बढ़ाया है। अच्छी बात ये है कि इन शेयरों ने 2020 मे अब तक काफी दमदार रिटर्न भी दिया है। आइए जानते हैं इन पाचों शेयरों की डिटेल।
ग्रेन्यूल्स इंडिया में म्यूचुअल फंड की 2019 की दिसंबर तिमाही में शून्य हिस्सेदारी थी, जो 2020 की सितंबर तिमाही तक 0.14 फीसदी हो गई। इस दौरान एफआईआई ने अपना हिस्सा 17.74 फीसदी से 26.31 फीसदी तक बढ़ा लिया। ये शेयर 1 जनवरी 2020 को 121.75 रु पर था, जबकि 11 दिसंबर को 387.80 रु पर बंद हुआ है। यानी 2020 में अब तक इस शेयर ने 218.5 फीसदी का धांसू रिटर्न दिया है। इतना रिटर्न एफडी, बचत योजना, बॉन्ड और यहां तक म्यूचुअल फंड में मिलना भी लगभग असंभव है।
इंडियामार्ट इंटरमेश में म्यूचुअल फंड की 2019 की दिसंबर तिमाही में 1.9 हिस्सेदारी थी, जो 2020 की सितंबर तिमाही तक 4.33 फीसदी हो गई। इस दौरान एफआईआई ने अपना हिस्सा 11.68 फीसदी से 21.67 फीसदी तक बढ़ा लिया। ये शेयर 1 जनवरी 2020 को 2060 रु पर था, जबकि 11 दिसंबर को 5356.50 रु पर बंद हुआ है। यानी इस साल में अब तक शेयर ने 160 फीसदी का रिटर्न दिया है।
बजाज इलेक्ट्रिकल्स में म्यूचुअल फंड की 2019 की दिसंबर तिमाही में 11.37 हिस्सेदारी थी, जो 2020 की सितंबर तिमाही तक 11.51 फीसदी हो गई। इस दौरान एफआईआई ने अपना हिस्सा 5.71 फीसदी से 9.53 फीसदी तक बढ़ा लिया। ये शेयर 1 जनवरी 2020 को 351.4 रु पर था, जबकि 11 दिसंबर को 351.4 रु पर बंद हुआ है। यानी इस साल में अब तक शेयर ने 71.11 फीसदी का रिटर्न दिया है।
भारत रसायन में म्यूचुअल फंड की 2019 की दिसंबर तिमाही में शून्य हिस्सेदारी थी, जो 2020 की सितंबर तिमाही तक 0.59 फीसदी हो गई। इस दौरान एफआईआई ने अपना हिस्सा 0.2 फीसदी से 0.3 फीसदी तक बढ़ा लिया। ये शेयर 1 जनवरी 2020 को 6277.6 रु पर था, जबकि 11 दिसंबर को 9491.25 रु पर बंद हुआ है। यानी इस साल में अब तक भारत रसायन के शेयर ने 51.2 फीसदी का रिटर्न दिया है।
रिलेक्सो फुटवियर में म्यूचुअल फंड की 2019 की दिसंबर तिमाही में 6.24 हिस्सेदारी थी, जो 2020 की सितंबर तिमाही तक 6.96 फीसदी हो गई। इस दौरान एफआईआई ने अपना हिस्सा 2.9 फीसदी से 3.39 फीसदी तक बढ़ा लिया। ये शेयर 1 जनवरी 2020 को 615.35 रु पर था, जबकि 11 दिसंबर को 738.55 रु पर बंद हुआ है। यानी इस साल में अब तक रिलेक्स फुटवियर के शेयर ने 20.2 फीसदी का रिटर्न दिया है।
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