नई दिल्ली। त्योहारी सीजन से पहले मोदी सरकार ने बड़ी खुशखबरी दी है। इस त्योहार में रंगीन एलईडी टीवी सस्ते होने का रास्ता साफ हो गया है। मोदी सरकार ने टीवी पैनल के आयात शुल्क को 5 फीसदी से घटाकर जीरो कर दिया है। यानी अब बिना आयात शुल्क के इनको देश में मंगाया जा सकेगा। टीवी की कीमत का करीब 60 से लेकर 70 फीसदी तक हिस्सा टीवी पैनल का ही होता है। ऐसे में आयात शुल्क खत्म होने से टीवी के रेट में काफी कमी आ सकती है।
नोटिफिकेशन हुआ जारी
वित्त मंत्रालय ने ओपन सेल एलईडी टीवी पैनल पर लगने वाले आयात शुल्क को खत्म कर दिया है। अभी एस उत्पाद पर 5 फीसदी आयात शुल्क लिया जा रहा था। वित्त मंत्रालय ने मंगलवार को इसका नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। इस नोटिफिकेशन में कहा गया है कि एलसीडी और एलईडी टीवी के लिए ओपन सेल (15.6 इंच या ज्यादा) पैनल पर आयात शुल्क को तत्काल प्रभाव से जीरो किया जाता है। इस नोटिफिकेशन में यह भी साफ कर दिया गया है कि एलसीडी और एलईडी टीवी पैनल्स की मैन्युफैक्चरिंग के लिए इस्तेमाल होने वाले सामानों पर पहले की तरह आयात शुल्क नहीं लगेगा।
क्या होगा फायदा
टीवी निर्माण में एलईडी पैनल सबसे जरूरी पार्ट है। यह टीवी उत्पादन लागत का करीब 65-70 फीसदी हिस्सा होता है। मोदी सरकार के इस फैसल अब टीवी सस्ते हो जाएंगे। वहीं इसके अलावा मेक इन इंडिया के तहत इनका भारत में उत्पादन भी बढ़ेगा। इसका सबसे कारण यह है कि टीवी के बाकी पुर्जे तो देश में बनते ही हैं, लेकिन एलईडी टीवी पैनल का उत्पादन भारत में नहीं हो रहा था। अब आयात शुल्क हटने से देश में एलईडी टीवी का उत्पादन बड़े पैमाने पर शुरू हो जाएगा। जिसके बाद एलईडी टीवी का भारी पैमाने पर निर्यात भी किया जा सकेगा।
यह भी पढ़ें : जियो फाइबर : लोन से भी मिलेगा कनेक्शन और फ्री टीवी
More Articles
- भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें
- Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?
- ITR फाइल करने का आज आखिरी मौका: क्या आज के बाद लगेगा जुर्माना? जानें बचने का तरीका
- US Fed का फैसला आज रात: क्या भारतीय बाजार में आएगी बड़ी हलचल? जानें ट्रेडर्स के लिए खास रणनीति
- GST QRMP स्कीम: PMT-06 पेमेंट में 35% चालान चुनें या सेल्फ-असेसमेंट? ब्याज से बचने का पूरा गणित
- ITR फाइलिंग की डेडलाइन: 31 जुलाई से पहले निपटा लें ये जरूरी काम, वरना होगा नुकसान