नई दिल्ली। देश की सबसे बड़ी कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज के मालिक मुकेश अंबानी की नई योजना देश के किराना कारोबारियों को अपने से जोड़ने की है। इसका फायदा दोनों को होगा और दोनों को कमाई बढ़ेगी। रिलायंस इंडस्ट्रीज देश के करीब 3 करोड़ किराना कारोबारियों का डिजिटल बनाने की योजना पर काम कर रही है। इसके बाद ये किराना स्टोर डिजिटाइज्ड स्टोर बन जाएंगे। इन किराना स्टोर को जियो प्राइम पार्टनर पीओएस यानी प्वाइंट ऑफ सेल की सुविधा दी जाएगी।
ऐसे होगी दोनों को कमाई
जियो प्राइम पार्टनर पीओएस यानी प्वाइंट ऑफ सेल के माध्यम से किराना स्टोर में रखे सामान और लोगों को सीधे जोड़ा जा सकेगा। इसके बाद ग्राहक घर से ही किसी भी किराना स्टोर पर अपना आर्डर बुक करा सकेगा। इसकी मदद से छोटे किराना स्टोर का मार्जिन बढ़ेगा।
जियो होगी मददगार
रिलायंस की सहयोगी कंपनी जियो इस काम में मददगार साबित होगी। जियो प्राइम पार्टनर पीओएस यानी प्वाइंट ऑफ सेल को चलाने में मददगार होगी। इससे जहां जियो की कमाई बढ़ेगी, वहीं किराना कारोबारी ग्राहकों को अच्छी सेवा देकर अपनी बिक्री बढ़ा सकेंगे। आजकल ग्राहक हर काम ऑनलाइन करना चाहते हैं, ऐसे में यह किराना कारोबारियों के संभावना के नए द्वार खुलने जैसा कदम होगा।
1500 रुपये में इंटरनेट देने की घोषणा
रिलायंस इंडस्ट्रीज के अध्यक्ष मुकेश अंबानी ने 42वीं एजीएस में कहा कि अभी एमएसएमई को ऑटोमेशन से लेकर डाटा के इस्तेमाल, वीडियो कांफ्रेंसिंग जैसी चीजों के लिए हर महीने में कम से कम 15 से 20 हजार रुपये की लागत उठानी पड़ती है। अब जियो सभी को 1500 रुपये महीने पर उन्हें यह सुविधा देगी। इसका फायदा 20 से 50 लाख छोटे उद्यमियों को मिलेगा। ऐसा होने से यह छोटे कारोबारी अपनी लागत में काफी कमी ला सकेंगे। इसके अलावा वह सस्ते इंटरनेट की सुविधा से नई प्लानिंग कर सकेंगे।
यह भी पढ़ें : कश्मीर पर मोदी को मिला मुकेश अंबानी का साथ, हुई ये बड़ी घोषणा
More Articles
- भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें
- Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?
- ITR फाइल करने का आज आखिरी मौका: क्या आज के बाद लगेगा जुर्माना? जानें बचने का तरीका
- US Fed का फैसला आज रात: क्या भारतीय बाजार में आएगी बड़ी हलचल? जानें ट्रेडर्स के लिए खास रणनीति
- GST QRMP स्कीम: PMT-06 पेमेंट में 35% चालान चुनें या सेल्फ-असेसमेंट? ब्याज से बचने का पूरा गणित
- ITR फाइलिंग की डेडलाइन: 31 जुलाई से पहले निपटा लें ये जरूरी काम, वरना होगा नुकसान