नई दिल्ली: कई बार ऐसा होता होगा जब आप खाना ऑनलाइन ऑडर करवाते होंगे। जी हां अगर आप भी ऑनलाइन कंपनियों से खाना ऑर्डर करते हैं तो ये खबर आपके लिए वाकई बड़ी महत्वपूर्ण है। ऑनलाइन फूड एग्रीगेटर्स स्विगी, जोमैटो जैसी कंपनियों से भोजन मंगाने वालों को अपनी जेब थोड़ी ज्यादा ढीली करनी पड़ सकती है। क्योंकि ऑनलाइन फूड एग्रीगेटर्स ने कई प्रोडक्ट्स पर रेस्टोरेंट्स के दाम के मुकाबले 5 रुपये से लेकर 50 रुपये या उससे अधिक बढ़ा दिए हैं।
फूड आइटम्स के ओरिजनल प्राइस बढ़ा रही कंपनियां
इस बात से भी अवगत करा दें कि ऑनलाइन फूड एग्रीगेटर्स अपने कोष की भरपाई करने के लिए देश भर के आउटलेट्स से खाद्य पदार्थों के ओरिजनल प्राइस बढ़ा रहे हैं। कोई आइटम आउटलेट के आधार पर 5 रुपये से लेकर 50 रुपये या उससे अधिक महंगा हो सकता है। हालांकि इन सब से बीच दिलचस्प बात ये है कि ज्यादातर मामलों में ग्राहकों को यह पता भी नहीं है कि वे इस आइटम का प्रीमियम भुगतान कर रहे हैं, जिसका उन्होंने ऑर्डर किया है। इतना ही नहीं अगर आप गूगल चेक करेंगे तो पाएंगे कि जोमैटो में दी गई कीमत और उस होटल के मेन्यू में दी गई कीमत में अंतर है। लेकिन इस बात पर भी आपने ध्यान दिया होगा कि जब ग्राहक वेबसाइट के ऑर्डर ऑनलाइन टैग पर क्लिक करता है, तो कीमतें अपने आप बढ़ जाती हैं।
डिलिवरी कंपनियों को मिलती है कमीशन
इस बात की भी आपको जानकारी देना चाहेंगे कि रेस्टोरेंट के मालिक डिलिवरी कंपनियों को कुछ कमीशन देते हैं। जिसकी वजह से दाम में 15-35 फीसदी के बीच अंतर बढ़ जाता है। जबकि ज्यादातर बड़े ब्रांड के रेस्टोरेंट्स ने एग्रीगेटरों को ऑनलाइन ग्राहकों के लिए अपने मेन्यू को बढ़ाने का अधिकार दिया है। लिहाजा एक बार रेस्टोरेंट्स के मालिक प्राइस बढ़ाने की मंजूरी मिलने पर स्विगी और जोमैटो जैसी कंपनियों को दाम बढ़ाना आसान हो जाता है।
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