भारतीय रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) आगे चलकर ब्याज दरों में बढ़ोतरी कर सकती है। मॉर्गन स्टेनली की एक रिपोर्ट में यह अनुमान लगाया गया है। रिपोर्ट में हालांकि कहा गया है कि ब्याज दरों में वृद्धि तत्काल नहीं होगी, क्योंकि अर्थव्यवस्था की स्थिति में सुधार अपनी शुरुआती चरण में है।
वैश्विक वित्तीय सेवा क्षेत्र की कंपनी ने कहा कि मुद्रास्फीति के रुख से यह तय होगा कि केंद्रीय बैंक ब्याज दरों में कब बढ़ोतरी करता है। मॉर्गन स्टेनली के शोध नोट में कहा गया है कि एमपीसी के बयान और बैठक के ब्योरे को देखने के बाद पता चलता है कि एमपीसी का अगला कदम ब्याज दरों में वृद्धि का होगा। हालांकि, यह तुरंत नहीं होगा।
एमपीसी की बैठक के ब्योरे के अनुसार कई कारक मुद्रास्फीति के ऊपर की ओर जाने का दबाव बनाएंगे। इनमें राज्यों द्वारा आवास किराया भत्ते का क्रियान्वयन, बजट में की गई न्यूनतम समर्थन मूल्य में बढ़ोतरी की घोषणा, मुद्रास्फीति बढ़ने की संभावना, सीमा शुल्क में बढ़ोतरी और कच्चे तेल की कीमतों में वृद्धि शामिल है।
More Articles
- भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें
- Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?
- Gandhar Oil Refinery के शेयर में लगा अपर सर्किट! मुनाफा और रेवेन्यू ने किया कमाल, अब क्या होगा?
- US Fed का फैसला आज रात: क्या भारतीय बाजार में आएगी बड़ी हलचल? जानें ट्रेडर्स के लिए खास रणनीति
- GST QRMP स्कीम: PMT-06 पेमेंट में 35% चालान चुनें या सेल्फ-असेसमेंट? ब्याज से बचने का पूरा गणित
- ITR फाइलिंग की डेडलाइन: 31 जुलाई से पहले निपटा लें ये जरूरी काम, वरना होगा नुकसान