अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने हर्ली डेविडसन मोटरसाइकलों पर उच्च आयात शुल्क को लेकर भारत की आलोचना की है। ट्रंप ने इसे अनुचित बताया है। हालांकि भारत ने महंगे ब्रैंड की विदेशी बाइकों पर आयात शुल्क घटाकर 50 कर दिया है, लेकिन अमेरिकी राष्ट्रपति इससे संतुष्ट नहीं दिख रहे हैं और उन्होंने बकायदा भारत को धमका भी दिया है।
समाचार पोर्टल कांग्रेस सदस्यों के साथ स्टील इंडस्ट्री पर विमर्श करे दौरान ट्रंप ने अमेरिका में भारतीय मोटरसाइकलों पर आयात शुल्क बढ़ाने की धमकी दी है। ट्रंप ने कहा कि आयात शुल्क को 75 फीसदी से घटाकर 50 फीसदी करने का भारत सरकार का हालिया फैसला पर्याप्त नहीं है। ट्रंप ने कहा कि इसे पारस्परिक होना चाहिए यानी जैसी अमेरिकी व्यवस्था है वैसा ही भारत को करना चाहिए। ट्रंप का इशारा मोटरसाइकलों के आयात पर 'जीरो टैक्स' की तरफ था।
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिका का फायदा उठाने वाले देशों पर एक नया "परस्पर अनुवर्ती कर या जवाबी कर" लगाने की धमकी दी है। उन्होंने आरोप लगाया कि ये देश अमेरिका के साथ अपने व्यापार संबंधों का दुरुपयोग करते हैं। ट्रंप ने इस संबंध में इसी हफ्ते और जानकारी देने का वादा किया। हालांकि, व्हाइट हाउस के सहयोगियों का कहना है कि तत्काल कार्रवाई की कोई उम्मीद नहीं है। ट्रंप ने व्हाइट हाउस में गवर्नरों और स्थानीय नेताओं के एक समूह के साथ बैठक में इस योजना का उल्लेख किया।
ट्रंप ने हर्ली डेविडसन के संदर्भ में भारत का उल्लेख करते हुए कहा कि वह नाम नहीं लेना चाहते थे लेकिन भारत में ऐसा हो रहा है। ट्रंप ने इस संदर्भ में पीएम मोदी से हुई बातचीत का भी हवाला दिया। ट्रंप ने कहा कि भारत से 'ग्रेट जेंटलमैन' (पीएम नरेंद्र मोदी) ने मुझे कॉल कर बताया था कि हमने मोटरसाइकल पर आयात शुल्क 75 फीसदी से घटाकर 50 फीसदी कर दिया है।
दरअसल ट्रंप और पीएम मोदी के बीच पिछले हफ्ते बातचीत हुई थी। ट्रंप ने कहा कि अगर हमारे पास हर्ली डेविडसन है तो आपको उसे भारतीय बाजार तक पहुंचाने में 50 से 75 फीसदी टैक्स देना होगा। ट्रंप ने भारत से आने वाली बाइक भी अमेरिका में बिकती हैं और इनपर कोई टैक्स नहीं लगता। ट्रंप ने इस संदर्भ में एक नया 'परस्पर अनुवर्ती कर या जवाबी कर' लगाने की धमकी दी है।
उन्होंने आरोप लगाया कि ये देश अमेरिका के साथ अपने व्यापार संबंधों का दुरुपयोग करते हैं। ट्रंप ने इस संबंध में इसी हफ्ते और जानकारी देने का वादा किया। हालांकि, वाइट हाउस के सहयोगियों का कहना है कि तत्काल कार्रवाई की कोई उम्मीद नहीं है। ट्रंप ने वाइट हाउस में गवर्नरों और स्थानीय नेताओं के एक समूह के साथ बैठक में इस योजना का उल्लेख किया।
ट्रंप पहले भी परस्पर अनुवर्ती कर लगाने का विचार व्यक्त कर चुके हैं, जिसमें सहयोगियों सहित उन देशों पर कर लगाने का वादा किया गया है, जो अमेरिका का फायदा उठाते हैं। ट्रंप ने कहा, "हम अन्य देशों को अमेरिका का फायदा उठाने देना जारी नहीं रख सकते हैं।" उन्होंने कहा कि हम लोगों का अपने देश में आना, अंधाधुंध लूटना तथा हम पर भारी शुल्क एवं कर लगाने देना जारी नहीं रख सकते। हम ऐसा होने की अनुमति नहीं दे सकते हैं। उन्होंने चीन, जापान, दक्षिण कोरिया और अन्य देशों के साथ व्यापार में "भारी मात्रा में धन" की हानि को लेकर भी सवाल उठाये।
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