बजट पेश होने के पहले ही सरकार के साथ-साथ लोगों ने भी कयास लगाना शुरु कर दिया है कि किस क्षेत्र में लाभ मिल सकता है और किसमें छूट मिल सकती है। आपको बता दें कि 2018 का आम बजट 1 फरवरी को पेश होने जा रहा है। जिससे यह उम्मीद लोग कर रहे हैं कि इस बजट में मिडिल क्लास के लोगों को एक तोहफा मिल सकता है। इसमें सबसे बड़ा तोहफा होगा टैक्स छूट की सीमा में बढ़ोत्तरी।
जैसा कि आप सब जानते हैं कि 2.5 लाख रुपए की आमदनी पर अभी तक कोई टैक्स नहीं लगता है। उम्मीद है कि इसे बढ़ाकर 3 लाख रुपए किया जा सकता है लेकिन वित्तमंत्री के लिए सबसे बड़ी तादाद 2.5 लाख से 5 लाख रुपए वाली आमदनी वाला ही ग्रुप है और इस ग्रुप को बजट से काफी उम्मीदें भी हैं।
2015-16 में 3.7 करोड़ लोगों ने रिटर्न फाइल की थी। इसमें से 1.95 करोड़ लोगों ने अपनी आमदनी 2.5 से 5 लाख रुपए बताई थी। ऐसे में छूट की सीमा में 50 हजार रुपए की बढ़ोत्तरी से जहां लाखों करदाताओं को फायदा होगा वहीं सरकारी खजाने को नुकसान होगा।
मिडिल क्लास को एक और चिंता है सेविंग्स पर मिलने वाले ब्याज में कमी। एफडी पर तो ब्याज कम मिल ही रहा है इसके अलावा स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स पर भी रिटर्न में लगातार कमी हो रही है। ऐसे में संभव है कि एफडी करने वालों को कोई राहत मिले। फिलहाल पांच साल के लिए एफडी करने पर टैक्स में छूट मिलती है जबकि ELSS जैसी स्कीम पर 3 साल के निवेश पर टैक्स में राहत मिलती है। बैंकिंग सेक्टर्स की बहुत दिनों से मांग रही है कि एफडी करने वालों को भी सामान राहत मिले।
टैक्स छूट की सीमा बढ़ाने के पीछे ये तर्क है कि लोगों के पास ज्यादा पैसे बचेंगे तो कंजप्शन में बढ़ोत्तरी होगी जिसका फायदा अर्थव्यवस्था को होगा। विकास दर बढ़ने से सरकार का राजस्व कलेक्शन अपने आप ही बढ़ जाएगा। अब वित्त मंत्री को ये फैसला लेना है कि अगर छूट की सीमा बढ़ाई गई तो क्या राजस्व में कमी को सरकारी खजाना झेलने को तैयार है?
More Articles
- भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें
- Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?
- ITR फाइल करने का आज आखिरी मौका: क्या आज के बाद लगेगा जुर्माना? जानें बचने का तरीका
- US Fed का फैसला आज रात: क्या भारतीय बाजार में आएगी बड़ी हलचल? जानें ट्रेडर्स के लिए खास रणनीति
- GST QRMP स्कीम: PMT-06 पेमेंट में 35% चालान चुनें या सेल्फ-असेसमेंट? ब्याज से बचने का पूरा गणित
- ITR फाइलिंग की डेडलाइन: 31 जुलाई से पहले निपटा लें ये जरूरी काम, वरना होगा नुकसान