देश भर के विभिन्न बैंकों में 18 लाख खातों के खिलाफ केंद्र सरकार कार्रवाई की तैयारी में है। वित्तमंत्री अरुण जेटली ने इस बाबत जानकारी देते हुए बताया कि नोटबंदी के बाद ऐसे 18 लाख खातों का पता चला है, जिनमें जमा राशि खाताधारकों की आय के स्रोतों से मेल नहीं खाती है। जेटली ने साथ ही कहा कि ऐसे खातों पर सरकार की कड़ी नजर है और खाताधारकों को कानूनी नोटिस भेजा जाएगा।

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18 लाख खातों पर कार्रवाई करने की तैयारी में सरकार

देश भर के विभिन्न बैंकों में 18 लाख खातों के खिलाफ केंद्र सरकार कार्रवाई की तैयारी में है। वित्तमंत्री अरुण जेटली ने इस बाबत जानकारी देते हुए बताया कि नोटबंदी के बाद ऐसे 18 लाख खातों का पता चला है, जिनमें जमा राशि खाताधारकों की आय के स्रोतों से मेल नहीं खाती है। जेटली ने साथ ही कहा कि ऐसे खातों पर सरकार की कड़ी नजर है और खाताधारकों को कानूनी नोटिस भेजा जाएगा।

जानकारी नहीं देने वालों पर होगी कार्रवाई

जेटली ने सदस्यों के सवालों के जवाब में बताया कि नोटबंदी के बाद खातों में बड़ी धनराशि जमा कराने वालों पर सरकार की पैनी नजर है। इन लोगों से प्रारंभिक जानकारी मांगी गई थी और कई लोगों ने जानकारी दी भी है। जिन्होंने ब्योरा उपलब्ध नहीं कराया है, उनके बारे में जांच के बाद अगर यह पाया जाता है कि इनके खातों में जमा राशि उनके आय के स्रोतों से मेल नहीं खाती है तो उन्हें कानूनी नोटिस भेजे जाएंगे।

जन-धन खाते के दुरुपयोग पर होगी जांच

वित्तमंत्री ने लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान बताया कि नोटबंदी के बाद निष्क्रिय पड़े बैंक खातों या जनधन योजना के तहत खोले गए खातों के दुरुपयोग के संबंध में सरकार जांच कर रही है। इसके लिए विशेषज्ञों की भी मदद ली जा रही है।

सरकार की पैनी नजर

जेटली ने सदस्यों के सवालों के जवाब में बताया कि नोटबंदी के बाद खातों में बड़ी धनराशि जमा कराने वालों पर सरकार की पैनी नजर है। इन लोगों से प्रारंभिक जानकारी मांगी गई थी और कई लोगों ने जानकारी दी भी है। जिन्होंने ब्योरा उपलब्ध नहीं कराया है, उनके बारे में जांच के बाद अगर यह पाया जाता है कि इनके खातों में जमा राशि उनके आय के स्रोतों से मेल नहीं खाती है तो उन्हें कानूनी नोटिस भेजे जाएंगे।