Chhattisgarh News: छत्तीसगढ़ सरकार आम जनता को भगवान श्रीराम के दर्शन करवाने अयोध्या ले जाएगी। बुधवार की शाम को सीएम विष्णुदेव साय की कैबिनेट बैठक मंत्रालय महानदी भवन आयोजित हुई। इस बैठक में छत्तीसगढ़ के नए महाधिवक्ता प्रफुल्ल भारत को बनाने का निर्णय लिया गया है।मंत्रिपरिषद की बैठक में पीएम नरेन्द्र मोदी द्वारा छत्तीसगढ़वासियों को दी गई गारंटियों में से एक और गारंटी को पूरा करते हुए प्रदेश में रामलला दर्शन (अयोध्या धाम) योजना शुरू करने का महत्वपूर्ण फैसला लिया गया।

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ज्ञात हो कि अयोध्या में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा 22 जनवरी को होने जा रही है। छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा राज्य के वासियों को रामलला के दर्शन कराने के लिए अयोध्या ले जाने की घोषणा की गई थी। जिसके परिपालन में रामलला दर्शन योजना शुरू की जा रही है। इस योजना का क्रियान्वयन छत्तीसगढ़ पर्यटन मण्डल द्वारा और बजट पर्यटन विभाग द्वारा उपलब्ध कराया जाएगा।

पहले चरण में 55 वर्ष से ऊपर के यात्रियों को सुविधा

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रामलला दर्शन योजना के तहत हर साल छत्तीसगढ़ के लगभग 20 हजार यात्रियों को रामलला दर्शन के लिए यात्रा पर ले जाया जाएगा।छत्तीसगढ़ राज्य के मूल निवासी, 18 से 75 आयु वर्ग के जो जिला मेडिकल बोर्ड द्वारा स्वास्थ्य परीक्षण में सक्षम होंगे। दिव्यांगजनों के लिए यथा संभव उनके परिवार से कोई पहले चरण में 55 वर्ष से ऊपर के यात्रियों को यह सुविधा उपलब्ध होगी।

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इसके बाद शेष आयु वर्ग के लोगों को भी यह सुविधा दी जाएगी। इसके लिए हर जिले में कलेक्टर की अध्यक्षता में रामलला दर्शन समिति बनायी जाएगी। प्रत्येक समिति द्वारा अनुपातिक कोटा के अनुसार हितग्राहियों का चयन किया जाएगा। इस यात्रा की दूरी करीब 900 किलोमीटर होगी। इसके लिए भारतीय रेल्वे केटरिंग एवं टूरिज्म कार्पोरेशन (आईआरसीटीसी) के साथ छत्तीसगढ़ मण्डल की तरफ से एमओयू किया जाएगा।

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आईआरसीटीसी की तरफ से यात्रा के दौरान यात्रियों को सुरक्षा, स्वास्थ्य, भोजन, स्थलों के दर्शन, स्थानीय परिवहन और एस्कार्ट की व्यवस्था की जाएगी। हितग्राहियों को उनके निवास से निर्धारित रेल्वे स्टेशन तक लाने एवं वापस ले जाने की व्यवस्था संबंधित जिला कलेक्टर द्वारा की जाएगी। इसके लिए उन्हें बजट मुहैया करावाया जाएगा। हर जिले से यात्रियों के साथ एक सक्षम शासकीय अधिकारी या एक छोटा दल भेजा जाएगा।

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मिल सकेगा गंगा आरती का दर्शन का लाभ

वहीं यात्री दुर्ग-रायपुर, रायगढ़ एवं अंबिकापुर से रेल मार्ग से गन्तव्य स्थल के लिए रवाना होंगे। यात्रा का मूल रूप से अयोध्या धाम जाएगी,लेकिन इसके साथ ही वाराणसी में एक दिन का रात का विश्राम, काशी विश्वनाथ मंदिर एवं कॉरीडोर और गंगा आरती का दर्शन का लाभ भी यात्रियों को मिल सकेगा। मौजूदा समय में आईआरसीटीसी द्वारा प्रत्येक सप्ताह में एक ट्रेन उपलब्ध करायी जाएगी। भविष्य में ट्रेन की उपलब्धता मुताबिक यात्रियों की संख्या में वृद्धि की जा सकेगी।

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