उत्तर प्रदेश की योगी सरकार प्रदेश के किसानों को हर संभव मदद पहुंचाने के लिए कई अहम कदम उठा रही है। प्रदेश में किसानों को सस्ते ब्याज पर लोन, मुफ्त सिंचाई से लेकर कई तरह की योजनाओं का लाभ मिल रहा है।

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लेकिन प्रदेश में कई किसान ऐसे हैं जिन्हें सिंचाई के लिए मुफ्त बिजली हासिल करने के लिए कई शर्तों को पूरा करना पड़ रहा है। जिसके चलते किसान इस योजना के लिए आवेदन करने से हिचक रहे हैं। लेकिन अब सरकार ऐसे किसानों के लिए खास योजना लेकर आई है।

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योगी सरकार की मुफ्त सिंचाई योजना का लाभ प्रदेश के 14.73 लाख ग्रामीण नलकूप और 5188 शहरी नलकूपों को दिया जा रहा है। ऐसे में प्रदेश के 14.78 लाख किसान इस योजना का लाभ उठा सकते हैं।

हालांकि सरकार की ओर से इस योजना का ऐलान किया गया था, लेकिन योजना के लिए आवेदन करने में आ रही दिक्कतों और तमाम शर्तों को पूरा करने में हो रही समस्या को देखते हुए योगी सरकार की ओर से शर्तों को सरल कर दिया गया ताकि किसान आसानी से इस योजना के लिए आवेदन कर सकें।

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दरअसल प्रदेश में सिंचाई के लिए मुफ्त बिजली के लिए महज 50 हजार किसानों ने ही आवेदन किया है। जबकि प्रदेश में 15 लाख से अधिक किसानों के पास निजी नलकूप है, जिसे चलाने के लिए उन्होंने बिजली कनेक्शन ले रखा है।

लिहाजा इन किसानों के लिए सरकार ने आवेदन की प्रक्रिया को सरल बना दिया है। लिहाजा जो भी किसान नलकूप चलाने के लिए मुफ्त बिजली योजना का लाभ लेना चाहते हैं वो 30 जून तक आवेदन कर सकते हैं।

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उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने मांग की है कि प्रदेश में फ्री बिजली योजना के लिए आवेदन करने वाले किसानों के लिए शर्तों को सरल बनाया जाए।

जिन किसानों का 31 मार्च 2023 तक बिजली का बकाया है उन्हें अनिवार्य रूप से मीटर लगवाना है। साथ ही 10 हॉर्स पावर तक का बिजली कनेक्शन उन्हें मिलेगा, जिसके लिए 1034 यूनिट मुफ्त बिजली मिलेगी। इससे अधिक बिजली खर्च होने पर किसानों को इसका भुगतान करना होगा। इसपर किसी तरह की छूट नहीं दी जाएगी।

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गौर करने वाली बात है कि यूपी में योगी सरकार ने इस वर्ष होली से पहले प्रदेश के 1.5 करोड़ से अधिक किसानों को मुफ्त बिजली की सौगात दी थी। इन किसानों को ट्यूबवेल चलाने के लिए मुफ्त बिजली मुहैया कराई जाएगी। योगी सरकार की ओर से मुफ्त सिंचाई योजना के लिए 1100 करोड़ रुपए के बजट की भी व्यवस्था की गई थी।