मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज बलरामपुर को 1488.89 करोड़ रुपए की विकास परियोजनाओं की सौगात दी है। मुख्यमंत्री ने इसकी जानकारी देते हुए कहा जनपद बलरामपुर में माँ पाटेश्वरी देवी राज्य विश्वविद्यालय का आज भूमिपूजन एवं शिलान्यास संपन्न हुआ।

Advertisement

इस अवसर पर जनपद बलरामपुर के लिए ₹1,488.89 करोड़ लागत की 466 विकास परियोजनाओं एवं जनपद श्रावस्ती के लिए ₹260.37 करोड़ लागत की 31 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण/शिलान्यास भी हुआ। क्षेत्र वासियों को हार्दिक बधाई!

Advertisement


इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि मां पाटेश्वरी देवी का दर्शन करने के लिए बड़ी संख्या में लोग यहां आते हैं। जब हम श्रावस्ती की बात करते हैं तो इसका नाम भगवान राम के पुत्र लव और कुश से होती है। उन्होंने इसे अपनी राजधानी बनाया था। कौन नहीं जानता है कि भगवान बुद्ध ने एक सन्यास जीवन के सबसे अधिक चतुर्मास इसीश्रावस्ती में व्यतीत किए थे।

दसवीं-ग्यारहवी सदी में विदेशी आक्रांताओं के छक्के छुड़ाने वाले महाराज सुहेलदेव भी इसी श्रावस्ती के राजा रूप में भारत की स्वाधीनता और स्वाभिमान को बनाए रखने के लिए विदेशी शत्रुओं को रौंदने का कार्य भी किया था। श्रावस्ती की इतनी गौरवशाली परंपरा है तो दूसरी मां पाटेश्वरी देवी की कृपा है तो अयोध्या में भाग राम विराजमान हुए हैं।

Advertisement

हम सब जानते हैं कि इस देश के भीतर 1949 में अयोध्या में भगवान राम लला की स्थापना की आंदोलन की शुरुआत इसी जनपद से हुई थी। आज पूरा देश उसके परिणाम से अवगत है। हम सब जानते हैं कि इस धरती से लिया गया कोई भी संकल्प अधूरा नहीं रहता, वह पूरा होकर रहता है।

इस धरती को नानाजी देशमुख ने अपनी साधना से पहचान दिलाई थी। अटल जी ने इसी जनपद से अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत की थी। उन्होंने देश को बेहतरीन शासन दिया। यह धरती प्रारंभ से ही पुरुषार्थ की धरती रही है। यह पहले से ही प्रकृति और परमात्मा की धरती रही है।