नयी दिल्ली। आप जब भी कोई नया प्रोडक्ट खरीदते होंगे आपका 2 शब्दों से सामना होता होगा। ये 2 शब्द हैं गारंटी और वारंटी। जिन प्रोडक्ट्स पर आपको ये 2 शब्द न मिलें उन्हें आप नही खरीदते होंगे। आपको लगेगा कि इनके बिना आप नुकसान में रहेंगे। पर हकीकत ये है कि अक्सर लोग इन दोनों शब्दों के बीच का अंतर नहीं जानते हैं। ज्यादातर लोग ये नहीं जानते होंगे कि वारंटी और गारंटी पर क्या अलग-अलग फायदे होंगे। वैसे तो गारंटी और वारंटी दोनों ही बहुत काम की चीजें हैं, मगर जरूरी ये है कि आपकी सुविधा के हिसाब से क्या बेहतर है। गारंटी और वारंटी के तहत सामान रिपेयर या बदला जा सकता है। मगर कौन से शब्द का ताल्लुक किससे है? यहां आपको यही बताएंगे।
ज्यादातर लोग इतनी समझदारी तो दिखाते ही हैं कि गारंटी और वारंटी वाले प्रोडक्ट्स ही खरीदते हैं। इससे आपके प्रोडक्ट के ज्यादा चलने या खराब होने पर बदलना तय होता है। मगर इन दोनों चीजों के बीच की जानकारी आपके पास होनी जरूरी है ताकि कंफ्यूजन न रहे। दिवाली आने वाली है और लोग घरेलू उपकरण, बाइक, मोबाइल या अन्य डिवाइस खूब खरीद रहे हैं। अगर आप भी कोई प्रोडक्ट खरीदना चाहते हैं तो आज गारंटी और वारंटी के बीच का अंतर समझ लें।
गारंटी वारंटी से ज्यादा बेहतर चीज है। जब आप कोई नया उत्पाद खरीदते हैं तो कंपनी या दुकानदार आपको उस पर गारंटी देता है। गारंटी पीरियड के दौरान यदि आपके सामान में कुछ गड़बड़ी आए तो कंपनी आपको उस सामान की जगह नया सामान देगी। उदाहरण के लिए आप वाशिंग मशीन खरीदें और उसमें गारंटी पीरियड के दौरान कुछ खराबी आती है कंपनी आपको उस वाशिंग मशीन के बदले नई वाशिंग मशीन देगी। आपको गारंटी बिल या कोई मिली हुई रसीद बतौर प्रूफ मिलेगी, जिसे आपको संभाल कर रखना होता है।
जैसा कि हमने पहले बताया कि गारंटी वारंटी से बेहतर होती है, मगर इसका मतलब ये नहीं है कि वारंटी किसी काम की नहीं होती। वारंटी पीरियड में यदि आपके प्रोडक्ट कुछ भी खराबी आती है तो कंपनी या दुकानदार उसे रिपेयर करेगा। इसके लिए आपको अपनी जेब से कुछ भी अतिरिक्त पैसा खर्च करने की जरूरत नहीं होती। वारंटी पीरियड के प्रूफ के लिए भी आपको कंपनी से कोई न कोई प्रूफ (जैसे कि रसीद या बिल) जरूर मिलेगा। जब तक आपकी वारंटी अवधि रहेगी तब तक आप अपने प्रोडक्ट की तरफ से निश्चिंत रह सकते हैं।
अक्सर आप भी देखेंगे कि अधिकतर दुकानदार और कंपनियां अपने प्रोडक्ट्स पर गारंटी कम ही देती हैं। मगर वारंटी लगभग हर उत्पाद पर ही मिल जाती है। वो इसीलिए कि कंपनी प्रोडक्ट में खराबी आने पर नया प्रोडक्ट देने के बजाय उसे ठीक करने पर ज्यादा जोर देती है ताकि उसकी लागत कम रहे। फिर भी वारंटी कोई बुरा ऑप्शन नहीं है। अगर आप भविष्य में कोई भी उत्पाद खरीदें तो इन दोनों ही शब्दों की जानकारी को ध्यान में रखें।
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